सब्सक्राइब करें

कमेंट

कमेंट X

😊अति सुंदर 😎बहुत खूब 👌अति उत्तम भाव 👍बहुत बढ़िया.. 🤩लाजवाब 🤩बेहतरीन 🙌क्या खूब कहा 😔बहुत मार्मिक 😀वाह! वाह! क्या बात है! 🤗शानदार 👌गजब 🙏छा गये आप 👏तालियां ✌शाबाश 😍जबरदस्त
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   shivpuri-Villagers are troubled by the problem of waterlogging, youth protested by doing Vrikshasana

Shivpuri News: जलभराव की समस्या से ग्रामीण परेशान, युवाओं ने वृक्षासन कर जताया विरोध

न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी Published by: शिवपुरी ब्यूरो Updated Mon, 14 Jul 2025 09:40 PM IST
विज्ञापन
सार

शिवपुरी जिले के रामनगर गधाई गांव में जलभराव की समस्या से परेशान ग्रामीणों ने प्रशासन के खिलाफ वृक्षासन कर अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। जल निकासी की व्यवस्था न होने से गंदगी और बीमारियों का खतरा बढ़ गया है। ग्रामीणों ने समाधान के लिए पांच दिन का अल्टीमेटम दिया है। 

shivpuri-Villagers are troubled by the problem of waterlogging, youth protested by doing Vrikshasana
गांव के युवा प्रदर्शन करते हुए
विज्ञापन

विस्तार

शिवपुरी जिले के करैरा के रामनगर गधाई गांव में लंबे समय से जलभराव की समस्या से परेशान हैं। इन परेशान ग्रामीणों ने जिला प्रशासन का ध्यान आकर्षित करने के लिए अनोखा प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने बताया कि इस समय बारिश का मौसम आते ही गांव के हालात अधिक खराब हो गए हैं। गांव की मुख्य सड़कें एवं दुर्गा माता मंदिर के पास जलभराव के कारण लोगों को कीचड़ एवं गंदे पानी से होकर गुजरना पड़ता है। हल्की बारिश में भी सड़कें तालाब बन जाती है, जिससे महिलाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों को आवागमन में भारी परेशानी का सामना करना पड़ता है।

Trending Videos


ये भी पढ़ें- खौफनाक: दो करोड़ के लिए यूट्यूब देखकर रची साजिश, खुद को मरा साबित करने युवक को जिंदा जलाया, ऐसा था पूरा प्लान
विज्ञापन
विज्ञापन


ग्रामीणों का कहना है कि गंदा पानी एवं कीचड़ न केवल असुविधा पैदा करता है, बल्कि मच्छरों और बीमारियों का खतरा भी बढ़ाता है। गांव में जल निकासी की कोई उचित व्यवस्था नहीं है, जिसके कारण यह समस्या हर साल बारिश में खड़ी हो जाती है। इस परेशानी से तंग आकर रामनगर गधाई के युवाओं ने प्रशासन के खिलाफ अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने वृक्षासन (पेड़ की तरह खड़े होकर ध्यान मुद्रा) अपनाकर प्रशासन को उसकी निष्क्रियता का आईना दिखाया। युवाओं का कहना है कि जिस तरह एक वृक्ष अपनी जगह पर खड़ा होकर मूकदर्शक बनकर सब कुछ देखता रहता है, ठीक उसी तरह प्रशासन ग्रामीणों की समस्याओं को नजरअंदाज कर रहा है। इस अनोखे विरोध के माध्यम से उन्होंने प्रशासन को पांच दिन का अल्टीमेटम दिया है। युवाओं ने चेतावनी दी कि यदि इस अवधि में जलभराव की समस्या का समाधान नहीं हुआ, तो वे गांव के अन्य लोगों के साथ मिलकर बड़ा आंदोलन करेंगे।

ये भी पढ़ें-  प्रदेश में भारी बारिश का दौर जारी, अटल सागर डैम के 6 गेट खोले गए, एक महीने के अंदर ही 45% कोटा पूरा

कई बार शिकायत, लेकिन कोई सुनवाई नहीं
ग्रामीणों ने बताया कि इस समस्या के समाधान के लिए कई बार स्थानीय पंचायत, जनपद सीईओ और इंजीनियरों से शिकायत की, लेकिन उनकी सुनवाई नहीं हुई। ग्रामीणों ने सीएम हेल्पलाइन पर भी शिकायत दर्ज कराई, लेकिन वहां से भी कोई समाधान नहीं मिला। ग्रामीणों का कहना है कि इसके बाद उल्टा, शिकायतकर्ताओं पर दबाव बनाने की कोशिश की गई। गांव में न तो जल निकासी के लिए नालियां हैं और न ही सफाई की कोई व्यवस्था। गलियों में गंदगी और पानी का जमाव आम बात हो गई है, जिससे ग्रामीणों का रोजमर्रा का जीवन प्रभावित हो रहा है। बच्चों को स्कूल जाने में दिक्कत होती है, और महिलाओं को घरेलू कामकाज के लिए पानी से भरी सड़कों से गुजरना पड़ता है। ग्रामीणों की मांग है कि जल निकासी के लिए उचित नालियों का निर्माण किया जाए, सड़कों की मरम्मत हो, और गांव में नियमित सफाई की व्यवस्था की जाए।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

एप में पढ़ें

Followed