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सीधी: सांसों के लिए तड़पता रहा मासूम, न अस्पताल में मास्क मिला न एम्बुलेंस में ऑक्सीजन, व्यवस्था पर उठे सवाल
Fri, 11 Sep 2026 02:00 PM IST
सीधी ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीधी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, सीधी
Published by: सीधी ब्यूरो
Updated Fri, 11 Sep 2026 02:00 PM IST
सार
चुरहट अस्पताल से रीवा रैफर किए गए 6 साल के बैगा बच्चे की रास्ते में मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि न तो अस्पताल में ऑक्सीजन मास्क मिला और ना ही एंबुलेंस में पर्याप्त व्यवस्था थी। हादसे के बाद अब स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
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सिस्टम ने छीनी मासूम की जिंदगी
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
जिले में सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र चुरहट की स्वास्थ्य व्यवस्थाओं पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। कैमोर पहाड़ क्षेत्र से इलाज के लिए लाए गए 6 वर्षीय आदिवासी बैगा बालक की रीवा ले जाते समय मौत हो गई। परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में ऑक्सीजन उपलब्ध होने के बावजूद ऑक्सीजन मास्क उपलब्ध नहीं था और बाद में 108 एंबुलेंस में भी पर्याप्त ऑक्सीजन व्यवस्था नहीं मिली।
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जानकारी के अनुसार रोहित बैगा की गुरुवार दोपहर अचानक तबीयत बिगड़ गई थी। उसे सांस लेने में तकलीफ होने पर उसकी मां मुन्नी बैगा उसे चुरहट सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंची। प्राथमिक उपचार के बाद बच्चे की हालत गंभीर देखते हुए चिकित्सकों ने उसे संजय गांधी अस्पताल रीवा रैफर कर दिया।
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परिजनों के अनुसार प्रक्रिया पूरी होने में करीब 40 मिनट से अधिक का समय लगा। इसी दौरान बच्चे को ऑक्सीजन देने के लिए अस्पताल में मास्क तलाशा गया लेकिन मास्क उपलब्ध नहीं हो सका। ड्यूटी नर्स द्वारा प्रयास किए जाने के बावजूद व्यवस्था नहीं हो पाई। आरोप है कि इसके बाद मशीन से सीधे ऑक्सीजन सप्लाई देने का प्रयास किया गया।
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बाद में जब 108 एंबुलेंस पहुंची तो परिजनों के मुताबिक उसमें भी पर्याप्त व्यवस्था नहीं थी। बताया गया कि 108 वाहन को सीधी से चुरहट पहुंचने में करीब डेढ़ घंटे का समय लगा। गंभीर हालत में बच्चे को चुरहट से रीवा ले जाया गया लेकिन शुक्रवार सुबह करीब 8 बजे रीवा पहुंचने से पहले ही उसकी मौत हो गई।
मृतक की मां मुन्नी बैगा ने हादसे के बाद व्यवस्था पर गंभीर आरोप लगाए हैं। वहीं इस घटना ने जिले में संचालित 108 एंबुलेंस सेवा की व्यवस्थाओं पर भी गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पूरे मामले में सीएमएचओ डॉ. अशोक खरे ने बताया कि एंबुलेंस व्यवस्था काफी दिनों से खराब है। इस संबंध में कई बार पत्र लिखे जा चुके हैं लेकिन अभी तक सुधार नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि अब वरिष्ठ कार्यालय में शिकायत दर्ज कराई जाएगी और इस तरह की घटना में जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।
