खेलने के दौरान फिसलकर नाले में गिरे आठ साल के मासूम दिशांत का 24 घंटे बाद भी कोई पता नहीं चल पाया है। वहीं, प्रशासन के निर्देश पर गोताखोरों व दमकल विभाग की टीम बच्चे को खोजने में जुटी हुई है। दिशांत गाडौली खुर्द गांव का रहने वाला था और खेलने के दौरान वह रविवार को फिसलकर नाले में गिर गया था। अतिरिक्त उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा समेत अन्य अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर हालात का जायजा लिया।
कहां गया मासूम दिशांत: 24 घंटे बाद भी कोई पता नहीं, तलाश में गोताखोर और दमकल टीम जुटी, देखें तस्वीरें
रविवार शाम करीब चार बजे गांव में ही खेलने के दौरान पैर फिसलने से बच्चा बादशाहपुर ड्रेन में गिर गया था। रविवार को सुबह से ही रुक-रुककर बारिश भी हो रही थी। यही वजह है कि बच्चा नाले में गिरने के बाद तेज बहाव की चपेट में आ गया। सूचना मिलने के बाद दमकल व पुलिस विभाग के गोताखोरों ने बच्चे की तलाश शुरू की। इसी बीच सोमवार को करनाल से भी गोताखोरों की एक टीम बुलाई गई लेकिन बच्चे का कोई पता नहीं चल पाया था।
वहीं, प्रशासनिक लापरवाही के चलते नाराज परिजनों व ग्रामीणों ने सोमवार को भी गुरुग्राम-पटौदी रोड को जाम कर दिया। नाराज लोगों ने प्रशासन से जवाबदेही सुनिश्चित करने की मांग की। लोगों ने कहा कि गडौली खुर्द गांव के सामने नाले के दोनों तरफ जाली लगाने की पिछले काफी समय से मांग की जा रही है लेकिन प्रशासन ने इस पर ध्यान नहीं दिया। रविवार शाम को नाले में पानी का बहाव काफी तेज था, जिसमें गिरने के बाद बच्चा तेजी से बह गया जबकि जानकारी मिलते ही कुछ देर में ही उसके पिता व अन्य परिजन मौके पर पहुंच गए थे।
सूचना मिलने के बाद जल्दी ही दमकल विभाग व प्रशासन की टीम मौके पर पहुंच गई थी लेकिन दिन भर खोजी अभियान चलाने के बाद भी बच्चे का पता नहीं चला। बाद में प्रशासन ने करीब ढाई किलोमीटर की दूरी पर जाल भी लगा दिया है लेकिन बच्चे का कोई अता-पता नहीं है।
ग्रामीणों ने साफ तौर पर कहा है कि जब तक बच्चा मिल नहीं जाता, गुरुग्राम-पटौदी मार्ग जाम रहेगा। जाम खुलवाने के लिए अतिरिक्त उपायुक्त विश्राम कुमार मीणा सहित कई अधिकारी पहुंचे, लेकिन लोग नहीं माने।