समयपुर बादली स्थित मुनक नहर में बृहस्पतिवार सुबह नहाने गए इंजीनियरिंग के दो छात्र डूब गए, जबकि उनका एक साथी बाल-बाल बचा। गोताखोर देर शाम तक डूबे छात्रों को तलाशने में जुटे थे। दमकल व एनडीआरएफ की टीमें नहर में सर्च ऑपरेशन चला रही हैं।
मुनक नहर में डूबे DTU के दो छात्रों के अब तक नहीं मिले शव, पिता को है इस बात पर शक
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पुलिस के अनुसार, डूबने वाले छात्र लक्ष्मी नगर, एसएफ ब्लॉक निवासी राजदीप (22) और वैशाली, गाजियाबाद निवासी शिखर (22) हैं, जबकि तीसरा छात्र राजनगर, गाजियाबाद निवासी राजेश है। तीनों शाहबाद दौलतपुर स्थित दिल्ली टेक्निकल यूनिवर्सिटी के अंतिम वर्ष के छात्र हैं। बृहस्पतिवार सुबह करीब साढ़े छह बजे पुलिस व दमकल विभाग को समयपुर बादली इलाके में स्थित मुनक नहर में दो युवकों के डूबने की सूचना मिली थी। पुलिस ने छात्र राजेश के बयान पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
राजेश ने पुलिस को बताया कि राजदीप, शिखर और वह डीटीयू में फाइनल ईयर में पढ़ते हैं। 14 मई को उनका आखिरी पेपर था। तीनों ने बुधवार को मुरथल जाने का प्रोग्राम बनाया। बुधवार रात करीब साढ़े दस बजे तीनों मुरथल पहुंच गए थे, जहां खाना खाने के बाद तड़के करीब साढ़े चार बजे वापस बवाना आ गए। वापस आने के दौरान तीनों मुनक नहर में नहाने के लिए रुक गए। अचानक राजदीप का पैर फिसल गया और पानी में गिर गया। शिखर उसे बचाने के लिए पानी में उतर गया, लेकिन दोनों ही डूब गए। राहगीरों की मदद से राजेश ने पुलिस व दमकल विभाग को घटना की जानकारी दी।
शिखर के पिता को शक, पांच घंटे मुरथल में क्या कर रहे थे तीनों
मुनक नहर में बृहस्पतिवार सुबह डूबने वाले इंजीनियरिंग के छात्र राजदीप और शिखर के दोस्त राजेश ने बताया कि तीनों को तैरना नहीं आता है। ऐसे हालात में वह शोर मचाकर दोस्तों को बचाने की गुहार लगाने के सिवा कुछ भी नहीं कर पाया। राजेश के मुताबिक, कॉलेज में जब तीनों मिले थे, तभी बेस्ट फ्रेंड बन गए। तीनों के बारे में परिवार वालों को जानकारी है। राजेश ने बताया कि तीनों पढ़ाई में अच्छे हैं और इंजीनियरिंग की डिग्री लेने के बाद मल्टीनेशनल कंपनी में नौकरी करना चाहते हैं।
उधर, शिखर के पिता कन्हैया सिंह ने बताया कि परिवार में शिखर के अलावा उसकी मां प्रेमवती, भाई अमन और बहन शिवांगी है। बुधवार रात शिवांगी की भाई से फोन पर बात हुई थी। शिखर ने बताया था कि उसका राजदीप और राजेश के साथ मुरथल जाकर परांठे खाने का प्रोग्राम बना है। वह शुक्रवार को घर आ जाएगा। कन्हैया सिंह ने बताया कि सुबह छह बजे उसके संस्थान से किसी ने फोन कर घटना के बारे में बताया। उसके बाद परिवार वाले घटनास्थल पर पहुंच गए। कन्हैया सिंह ने बताया कि उसे जो भी समय बताया गया है, इससे उन्हें कुछ शक हो रहा है कि आखिर पांच घंटे तक तीनों मुरथल में क्या कर रहे थे।