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अभय देओल ने 11 साल पुरानी अपनी फिल्म देव डी को किया याद, अनुराग कश्यप के साथ किया था काम

Sun, 21 Jun 2020 11:21 AM IST
anand anand एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: anand anand Updated Sun, 21 Jun 2020 11:21 AM IST
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Abhay Deol Recalls his film Dev D with Anurag Kashyap Talks About his Chauvinist And Misogynist Character
देव डी में अभय देओल - फोटो : सोशल मीडिया

बॉलीवुड की कुछ ऐसी फिल्में रही हैं जो हमेशा अपनी विषय, कहानी और निर्देशन की वजह से खूब सुर्खियां बटोरती हैं। उनमें एक साल 2009 में आई फिल्म देव डी थी। देव डी का निर्देशन अनुराग कश्यप ने किया था। इस फिल्म में अभिनेता अभय देओल, कल्कि केकलां और माही गिल मुख्य भूमिका में थीं। यह फिल्म जब सिनेमाघरों में रिलीज हुई तो इसने खूब सुर्खियां बटोरी थीं। अब फिल्म के 11 साल बाद अभय देओल देव डी के किरदार को लेकर खुलासा किया है।

Abhay Deol Recalls his film Dev D with Anurag Kashyap Talks About his Chauvinist And Misogynist Character
अभय देओल - फोटो : सोशल मीडिया

अभय देओल सोशल मीडिया पर काफी सक्रिय रहते हैं। उन्होंने अपने आधिकारिक इंस्टाग्राम अकाउंट पर फिल्म देव डी का पोस्टर साझा किया है। पोस्टर के साथ उन्होंने इस फिल्म के किरदारों के बारे में भी बताया है। अभय देओल ने अपने पोस्ट में लिखा, 'देव डी 2009 में रिलीज हुई थी। अनुराग कश्यप से पहले मैंने इस फिल्म के बारे में कई लोगों से बात की थी। जब मैं लोगों को इस फिल्म की कहानी को सुनाता था, तो वह इसे काफी आर्ट फिल्म बताते थे। मैं सौभाग्यशाली था कि मुझे अनुराग कश्यप मिले'।

Abhay Deol Recalls his film Dev D with Anurag Kashyap Talks About his Chauvinist And Misogynist Character
अभय देओल - फोटो : सोशल मीडिया

अभय देओल ने पोस्ट में आगे लिखा, 'मैंने जब किताब पढ़ी और अपने किरदार के बारे में जाना कि वह कितना अराजकवादी, मिथ्यावादी, हकदार और अभिमानी था। फिर भी वह दशकों से रोमांटिक था! वहीं महिला किरदार मजबूत और ईमानदार थे, अपने पति से प्यार करें, चाहे कुछ भी हो। मैं इस फिल्म के इस नजरिए को बदलना चाहता था। मैं उन महिला किरदारों को अच्छी और समर्पित महिला की छवि देना चाहता था। मैं उन्हें फिल्म में एक आजाद महिला दिखाना चाहता था जो सिर्फ आदमी के प्यार तक ही सीमित नहीं थी। जो कि आज तक बाकी कहानियों में दिखाया गया है। यही कारण है कि पारो देव के अवगुणों को दूर करती है और उसे एक अलग जगह पर रखती है।'

 

 

 

 

 

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“Dev.D” released in 2009. I spent a year narrating the idea to several people before I got Anurag on board to direct it. I remember people’s reaction upon hearing my narration, it was always, “it’s too much of an art-film”. Lucky for me Anurag got it. I had read the book and I could see that the character was a chauvinist, a misogynist, entitled, and arrogant. Yet he had been romanticized for decades! The women on the other hand were strong and had integrity, but there was still that expectation for them to love their man no matter what. I wanted to change that. I wanted to empower them, shed the image of the “good, devoted, woman”. It was time to make them independent, not defined by the man they love, or by men in general. Which is why Paro calls out Dev’s faults and puts him in his place. In my version Dev gets shot by the police (he becomes a drug dealer) outside Paro’s house and dies just like in the book. Chanda does not fall in love with him, and neither is she ashamed of being an East European high class escort (again, in my version 😊). She’s the strongest character of the 3, and isn’t afraid of being judged. She does empathize with Dev, seeing how broken he is, and I went with the “prostitute with the heart of gold” theme from the book. Anurag felt a happy ending would make the film more accepted by the audience, and his twist was to have Dev & Chanda fall in love. My vision was too dark! I went with the flow, and even brought my buddies @twilightplayers to feature in it. The rest is history. #makingwhatbollywouldnt

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Abhay Deol Recalls his film Dev D with Anurag Kashyap Talks About his Chauvinist And Misogynist Character
अभय देओल - फोटो : सोशल मीडिया

अभय ने लिखा है कि उनकी कहानी में फिल्म का मुख्य किरदार देव एक ड्रग डीलर बन जाता है और पारो के घर के सामने पुलिस के हाथों मारा जाता है। उन्होंने लिखा, 'चंदा भी कभी देव से प्यार नहीं करती और ना ही उसे इस बात का अफसोस होता है कि वह पूर्वी यूरोप की एक हाई क्लास वेश्या है। चंदा का किरदार इन तीनों किरदारों में सबसे मजबूत था। उसे देव के साथ हमदर्दी थी। वह जानना चाहती थी कि देव की हालत आखिर ऐसी कैसे हो गई। मेरी कहानी में चंदा को एक सोने के समान दिल वाली वेश्या के रूप में दिखाया जाना था।'

 

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Abhay Deol Recalls his film Dev D with Anurag Kashyap Talks About his Chauvinist And Misogynist Character
अभय देओल, ऋतिक रोशन, फरहान अख्तर - फोटो : सोशल मीडिया

'देव डी' की कहानी अभय के हिसाब से कुछ और थी लेकिन जैसे ही इस कहानी में अनुराग कश्यप की बतौर निर्देशक एंट्री हुई तो पूरी कहानी बदल गई। अभय ने लिखा, 'अनुराग ने जब यह कहानी सुनी तो उन्होंने इस फिल्म के अंत को बदल दिया। उन्होंने सोचा कि फिल्म में अगर खुशी-खुशी अंत हो तो उसे दर्शक ज्यादा पसंद करेंगे। और उनका सबसे बड़ा बदलाव तो यही था कि देव और चंदा एक दूसरे से प्यार करने लगते हैं। मेरी कहानी बहुत अलग थी लेकिन बाद में जो हुआ वह इतिहास है।' अभय देओल के बारे में अनुराग कश्यप भी सोशल मीडिया पर काफी कुछ लिख चुके हैं। अनुराग ने लिखा है कि देव डी की शूटिंग के समय अभय देओल यूनिट के साथ सस्ते होटल में रुकने की बजाय फाइव स्टोर होटल में रहा करते थे और भी तमाम बातें अनुराग इस बारे में लिख चुके हैं।

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