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Female Foeticide: 'जयेशभाई जोरदार' से भी उठा 'कन्या भ्रूण हत्या' का मुद्दा, आखिरी फिल्म देखकर तो डर जाएंगे आप

Wed, 20 Apr 2022 10:40 AM IST
पलक शुक्ला एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला
एंटरटेनमेंट डेस्क, अमर उजाला Published by: पलक शुक्ला Updated Wed, 20 Apr 2022 10:40 AM IST
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Before ranveer singh film Jayeshbhai Jordaar ranveer singh watch these films based on Female foeticide on ott
कन्या भ्रूण हत्या पर बनी फिल्में - फोटो : social media

फिल्मों का वास्तविकता से गहरा संबंध होता है। सिनेमा समाज का आइना होती हैं और इन्हें देखकर समाज में परिवर्तन भी आता है। हिंदी सिनेमा में महिलाओं को दिखाने का नजरिया दुनिया भर के फिल्म प्रशंसकों के बीच बहस और चर्चा का विषय बना रहता है। अब हमारी फिल्मों में महिलाओं को सशक्त दिखाया जाता है लेकिन अभी भी कहीं-कहीं हमारे देश में कुछ ऐसी प्रथाएं हैं, जो हमारी बच्चियों को जन्म तक नहीं लेने देती। इसी मुद्दे को उठाते हुए अब बॉलीवुड एक नई कहानी सबके सामने प्रस्तुत कर रहा है। बॉलीवुड अभिनेता रणवीर सिंह आजकल अपनी फिल्म 'जयेशभाई जोरदार' को लेकर काफी चर्चाओं में हैं। आज यानी 19 अप्रैल को उनकी इस फिल्म का ट्रेलर रिलीज किया गया है। यह फिल्म भारत में 'कन्या भूर्ण हत्या' के एक गंभीर मुद्दे को उठा रही है। 

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जयेशभाई जोरदार - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, मुंबई

दमदार अभिनय के लिए पहचाने जाने वाले रणवीर सिंह की यह फिल्म लोगों में जागरुकता लाने का काम करने वाली है। हमारा देश कई मायनों में आगे बढ़ गया है लेकिन कहीं न कहीं अभी भी इसकी सोच में विस्तार आना बहुत जरूरी है। आज हम आपको इस आर्टिकल में इसी मुद्दे पर बनी फिल्मों और सीरियलों के बारे में विस्तार से बताएंगे। आइए जानते हैं 'जयेशभाई जोरदार' से पहले कौन-कौन सी फिल्में और सीरियल इस मुद्दे को उठा चुके हैं। 

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मातृभूमि - फोटो : social media

फिल्म का नाम-  मातृभूमि
निर्देशक- मनीष झा
साल 2003 में रिलीज हुई फिल्म 'मातृभूमि' कन्या भ्रूण हत्या के खिलाफ भारतीय सिनेमा की यह पहली बुलंद आवाज थी। इसकी कहानी एक कल्कि नाम की खूबसूरत महिला के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपने पिता के साथ एक गांव में रहती है। वह, जिस गांव में रहती है वहां कन्या भ्रूण हत्या और कन्या  हत्या की प्रथा प्रचलित है। लड़कियों की कमी के कारण क्लकि की शादी गांव के पांच पुरुषों से हो जाती है, जो रिश्ते में इसके भाई लगते हैं। इस शादी के बदले भारी रकम दी जाती है और कल्कि को शादी करने के लिए मजबूर किया जाता है। फिल्म में कन्या भ्रूण हत्या और महिला उतपीड़न के मुद्दे को बहुत ही अच्छे ढ़ंग से दिखाया गया है।

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मी एंड माय सिस्टर - फोटो : social media

फिल्म का नाम-  मी एंड माय सिस्टर 
निर्देशक- राजेश भुयान
'मी एंड माय सिस्टर' की कहानी असम में सेट की गई है। यह फिल्म घरेलू हिंसा और कन्या भ्रूण हत्या के मुद्दे पर आधारित है। फिल्म में बढ़िया ढंग से दर्शाया गया है कि कैसे एक मॉर्डन महिला अपने जीवन में दिन-प्रतिदिन अपने पति के हाथों मानसिक और शारीरिक यातना झेलती है।

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इट्स ए गर्ल - फोटो : social media

फिल्म का नाम-  इट्स ए गर्ल 
निर्देशक-  इवान ग्रे डेविस 
फिल्म मुख्य रूप से भारत और चीन में कन्या भ्रूण हत्या के मुद्दे को दिखाती है। फिल्म में मुख्य सवाल यह है कि महिलाओं के खिलाफ अपराध क्यों हो रहे हैं और लड़कियों की सुरक्षा के लिए इतना कम काम क्यों किया जा रहा है। यह फिल्म उन महिलाओं की कहानी बताती है जो तेजाब फेंकना, छेड़खानी, डेटिंग दुर्व्यवहार आदि जैसी भयानक परीक्षाओं से गुजरती हैं। इस फिल्म में दिखाया जाता है कि कैसे पूरी दुनिया में महिला के साथ बुरा व्यवहार किया जा रहा है और उसके अधिकारों की रक्षा के लिए कुछ भी नहीं किया जा रहा है।

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