ऐसा कम ही होता है कि किसी एक दिन मुकाबले के लिए उतरने वाली दो फिल्मों का ट्रेलर एक ही दिन रिलीज हो। दोनों फिल्मों के निर्देशक अपनी फिल्म के लीड कलाकार जी भरकर तारीफें करें। ये दोनों लीड कलाकार फिल्म को लेकर अपनी राम कहानी सुनाते हुए भावुक हो जाएं। दोनों की आंखें नम हो आएं। दोनों का गला भर आए। दोनों फिल्मों की हीरोइनें इस लाइमलाइट में कहीं खोई सी नजर आएं और दोनों फिल्मों की कहानियां किसी न किसी प्रसिद्ध शख्सीयत की दुखांत कहानियां हों। ये संयोग है अगले महीने की तीन तारीख को रिलीज होने जा रही फिल्मों ‘पृथ्वीराज’ और ‘मेजर’ का। दोनों शौर्य, पराक्रम और बलिदान की कहानियां हैं। दोनों में प्रेम एक प्रसंग के रूप में आता है और दोनों फिल्मों की हीरोइनें बड़े परदे के लिए नई जैसी ही हैं।
Prithviraj Vs Major: पृथ्वीराज और मेजर के मुकाबले के 5 सीधे मोर्चे, एक ही दिन रोए दोनों फिल्मों के लीड कलाकार
दिग्गज निर्माताओं का मुकाबला
फिल्म ‘पृथ्वीराज’ हिंदी सिनेमा की दिग्गज फिल्म निर्माण कंपनी यशराज फिल्म्स की पहली ऐतिहासिक फिल्म है। इस फिल्म को यशराज फिल्म्स की स्थापना के 50 साल पूरे होने के जश्न के तौर पर रिलीज किया जा रहा है। फिल्म के निर्माता आदित्य चोपड़ा के इस फिल्म को लेकर बड़े अरमान रहे हैं और निर्देशक चंद्र प्रकाश द्विवेदी खुद बता चुके हैं कि कैसे आदित्य चोपड़ा ने उनके इस सपने को पूरा करने में मुक्तहस्त से मदद की। वहीं, फिल्म 'मेजर' के निर्माता तेलुगू अभिनेता महेश बाबू है। उनकी अपनी फिल्म निर्माण कंपनी जी महेश बाबू एंटरटेनमेंट ने इसमें पैसा लगाया है। महेश बाबू भी कहते हैं कि इस कहानी पर उन्हें पहले दिन से विश्वास था और इस सोमवार को जब उन्होंने ये फिल्म देखी तो उनका गला रुंध गया।
कहानियों के नायकों की कहानी
फिल्म ‘पृथ्वीराज’ की कहानी जब पहली बार इस फिल्म में टाइटल रोल निभा रहे अक्षय कुमार ने सुनी तो वह स्तब्ध रह गए थे। अक्षय कहते हैं कि ये ऐसी कहानी है जिसे हर स्कूल में दिखाया जाना चाहिए। इतिहास का ये पन्ना इतना गौरवमयी है कि इसकी कहानी हर भारतीय को पता होनी चाहिए। ऐसा ही कुछ मानना अभिनेता अदिवि शेष सनी चंद्रा का भी अपनी फिल्म 'मेजर' को लेकर है। दरअसल फिल्म 'मेजर' उन्हीं का सपना है। उन्होंने तो फिल्म की कहानी लिखी भी खुद ही है। वह दिखते भी फिल्म के नायक संदीप उन्नीकृष्णन जैसे हैं।
निर्देशकों का अपना अपना सपना
फिल्म ‘पृथ्वीराज’ को बनाने का सपना इसके निर्देशक चंद्र प्रकाश द्विवेदी बरसों से पाले रहे हैं। मौका इसे बनाने का उनके पास चार साल पहले ही आया। फिल्म के निर्माता आदित्य चोपड़ा ने उनकी कहानी पर भरोसा किया। फिल्म की कहानी को तथ्यों पर आधारित रखने के लिए बताते हैं कि आदित्य चोपड़ा ने अपने स्टूडियो की पूरी एक मंजिल को शोधशाला बना दिया था। फिल्म 'मेजर' में इसके निर्देशक शशि किरण टिक्का की एंट्री फिल्म के नायक और कहानी चुने जाने के बाद हुई। शहीद संदीप उन्नीकृष्णन की इस कहानी पर उन्होंने अपने अभिनेता और लेखक अदिवि सेष के साथ लंबा काम किया। दोनों ने मिलकर संदीप के पिता और मां से कई मुलाकातों कीं और इस सपने को बड़े परदे पर पहुंचाया।
अनजानी नायिकाएं, बड़े अरमान
फिल्म 'मेजर' की नायिका सई मांजरेकर हैं। निर्देशक शशि किरन टिक्का उनकी मेहनत की तारीफें करते नहीं थकते। बताते हैं कि फिल्म की तेलुगू और हिंदी दोनों की शूटिंग में सई ने अपने संवाद खुद बोले। और, सई की मानें तो इसके लिए उन्हें अपने 'महेश पापा' से खूब सारे टिप्स भी मिले। सई का अरमान एक दिन अपनी ही बायोपिक में खुद काम करने का है। वहीं, विश्वसुंदरी मानुषी छिल्लर फिल्म ‘पृथ्वीराज’ के लिए कई साल से मेहनत करती रही हैं। संयोगिता के किरदार में उन्हें फिल्म के निर्देश चंद्र प्रकाश द्विदेदी ने देखा और मानुषी ने उनकी कसौटी पर खरा उतरने के लिए दिन रात एक कर दिया। मानुषी का अरमान हिंदी सिनेमा की चोटी की अभिनेत्री बनने का है।