सिनेमा की दुनिया में जब किसी फिल्म को बनाने की बात होती है या उस पर चर्चा होती है तो सबसे पहले फिल्म के स्टार कास्ट पर काम किया जाता है, जिसमें मुख्य तौर पर हीरोइन और हीरो का चयन होता है। अक्सर फिल्म की कहानी लिखते हुए हीरो और हीरोइन के किरदार पर खास ध्यान दिया जाता है। फिल्म में दोनों के लिए मुख्य तौर पर सीन्स लिखे जाते हैं। कहा जाता है कि हीरो और हीरोइन का साथ और साझेदारी फिल्म की कहानी का आधार होते हैं, लेकिन समय के साथ यह नजरिया बदला है। पहले पुरुष प्रधान फिल्मों पर ज्यादा ध्यान दिया जाता था, लेकिन अब महिला प्रधान फिल्में भी बनाई जाती हैं। ठीक उसी तरह इंडस्ट्री में कुछ फिल्में ऐसी भी हैं, जिन्हें बिना हीरोइन के बनाया गया है। उन फिल्मों को फैंस ने न सिर्फ पसंद किया, बल्कि फिल्मों ने बॉक्स ऑफिस पर भी अच्छी कमाई की। चलिए आज हम आपको बताते हैं उन फिल्मों के बारे में जिन्होंने बिना हीरोइन के भी दर्शकों को कहानी से बांधे रखा।
Bollywood: बिना हीरोइन के फिल्माई गईं ये बॉलीवुड फिल्में, दमदार कहानी के दम पर बॉक्स ऑफिस पर की ताबड़तोड़ कमाई
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फरारी की सवारी
सबसे पहले बात करते हैं फिल्म 'फरारी की सवारी' की। यह फिल्म शर्मन जोशी, बोमन ईरानी और ऋत्विक साहोरे के इर्द-गिर्द घूमती है। इस फिल्म में कोई हीरोइन नहीं है। फिल्म की कहानी एक पिता और उसके बेटे के बीच भावनात्मक प्यार पर आधारित थी। साल 2012 में आई इस फिल्म ने फैंस को प्रभावित किया। 10 करोड़ के बजट में बनी फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 44 करोड़ कमाए और सुपर हिट साबित हुई।
आमिर
इस लिस्ट में अगली फिल्म है 'आमिर'। राजकुमार गुप्ता की एक्शन थ्रिलर फिल्म 'आमिर' बिना किसी हीरोइन के फिल्माई गई थी। फिल्म में राजीव खंडेलवाल ने मुख्य भूमिका निभाई थी, जो एक मुस्लिम डॉक्टर के किरदार में नजर आए थे। फिल्म की कहानी आतंकवाद के विषय पर आधारित थी। राजीव जब मुंबई लौटते हैं तो वह एक रहस्य में कॉलर द्वारा आतंकवादी साजिश का शिकार होने लगते हैं। इस फिल्म की कहानी फैंस को खूब पसंद आई थी।
ए वेडनेसडे
फिल्म 'ए वेडनेसडे' भी इस लिस्ट में शामिल है। फिल्म में अनुपम खेर और नसीरुद्दीन शाह ने मुख्य भूमिका निभाई है, जिन्होंने अपनी दमदार अदाकारी से फैंस का दिल जीता। इस फिल्म में भी कोई हीरोइन नहीं थी। साल 2008 में आई सस्पेंस थ्रिलर फिल्म 2006 में मुंबई ट्रेन में हुए बम ब्लास्ट पर आधारित थी। फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर अच्छा प्रदर्शन किया। अनुपम और नसीरुद्दीन की दमदार अदाकारी के कारण फिल्म में किसी अभिनेत्री की जरूरत महसूस नहीं हुई। साल 2013 में हॉलीवुड में भी इसकी रीमेक फिल्म बनाई गई।
धमाल
अब बात करते हैं फिल्म 'धमाल' की। नाम की तरह ही इस फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर धमाल मचा दिया था। फिल्म में पांच हीरो मुख्य भूमिका में थे, लेकिन एक भी हीरोइन फिल्म में नहीं थी। फिल्म में दर्शकों के लिए ठहाकों का भरपूर डोज था, जिस कारण उन्हें एक्ट्रेस की कमी महसूस नहीं हुई। पांच हीरो और उनके किरदारों के बीच जुगलबंदी ने दर्शकों को फिल्म से बांधे रखा। साल 2007 में आई फिल्म 'धमाल' 10 करोड़ के बजट में बनी थी, जिसने बॉक्स ऑफिस पर 50 करोड़ से ज्यादा की कमाई की और हिट साबित हुई।