हिंदी सिनेमा के जोशीले अभिनेता रणवीर सिंह को अभिनय में उनके एक खास हुनर के लिए जाना जाता है। उनकी सबसे बड़ी खास बात यह है कि वह फिल्म की शुरुआत में जितनी ऊर्जा दिखाते हैं उतनी ही ऊर्जा उनके अभिनय में अंत तक बनी रहती है। उनकी यही खासियत उन्हें हिंदी सिनेमा के बाकी अभिनेताओं से अलग करती है। गिनती में बहुत ही कम फिल्में करने के बावजूद रणवीर की गिनती हिंदी फिल्म इंडस्ट्री के सबसे महंगे कलाकारों में होती है। इसका एक कारण यह भी है कि उन्होंने अपने मात्र 10 साल के फिल्मी करियर में ही अपने अभिनय के दम पर चार फिल्मफेयर अवॉर्ड जीत चुके हैं। साथ जीत चुके हैं हिंदी सिनेमा की नंबर वन अभिनेत्री दीपिका पादुकोण का दिल। उनके 35वें जन्मदिन पर आइए आज हम आपको उनके कुछ बेहतरीन किरदारों के बारे में बताते हैं।
रणवीर सिंह के इन 10 किरदारों पर डोल गया दीपिका का दिल, दर्शकों ने भी बना दिया सुपरस्टार
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किरदार : बिट्टू शर्मा
फिल्म : बैंड बाजा बारात (2010)
यशराज फिल्म्स के बैनर तले बनी इस फिल्म से ही रणवीर सिंह ने फिल्मी दुनिया में कदम रखा है। शुरुआत करना उनके लिए इतना आसान नहीं था। इस किरदार के लिए उन्हें एक तरह से मानो अग्निपरीक्षा से गुजरना पड़ा हो। बिट्टू शर्मा के किरदार के लिए रणवीर ने ऑडिशन दिया और वह यशराज फिल्म्स की कास्टिंग की मुखिया शानू शर्मा को पसंद आया। फिर उनका यह ऑडिशन आदित्य चोपड़ा तक पहुंचा। उन्हें भी रणवीर पसंद आए। इसके बावजूद इस फिल्म के निर्देशक मनीष शर्मा ने अपने तरीके से दो हफ्ते तक रणवीर सिंह के ऑडिशन लिए। तब जाकर रणवीर बिट्टू शर्मा बने। इस फिल्म में उनके साथ अनुष्का शर्मा मुख्य भूमिका में नजर आईं। हालांकि, फिल्म की रिलीज के समय ये अफवाहें भी उड़ी कि इस फिल्म का निर्माण खुद रणवीर सिंह के पिता ने परदे के पीछे रहकर किया है।
किरदार : वरुण श्रीवास्तव
फिल्म : लुटेरा (2013)
रणवीर सिंह की इस पीरियड रोमांटिक ड्रामा फिल्म को समीक्षकों से तो शानदार प्रतिक्रिया मिली लेकिन दर्शकों की कमी रही। शुरुआत में जब निर्देशक विक्रमादित्य मोटवानी ने रणवीर को इस फिल्म की पटकथा सुनाई तो उन्हें लगा नहीं कि वह इस किरदार को कर पाएंगे। इसलिए उन्होंने मना कर दिया। लेकिन, जब विक्रमादित्य ने उन्हें सबकुछ अच्छे से समझा दिया तो रणवीर तुरंत इस किरदार को निभाने के लिए तैयार हो गए। बीती 5 जुलाई को ही इस फिल्म ने अपने सात साल पूरे किए हैं। रणवीर सिंह के अलावा इस फिल्म में सोनाक्षी सिन्हा और विक्रांत मैसी मुख्य भूमिकाओं में नजर आए।
किरदार : राम राजाड़ी
फिल्म : गोलियों की रासलीला राम-लीला (2013)
संजय लीला भंसाली के निर्देशन में बनी यह फिल्म तो अपने नाम की वजह से ही विवादों में आकर हिट हो गई थी। फिल्म में रणवीर एक राजस्थानी लड़के राम राजाड़ी के किरदार में नजर आए हैं। राम जाने अनजाने में दूसरे कबीले की लड़की है लीला सनेड़ा से प्यार कर बैठता है। लेकिन, इन दोनों ही कबीलों को राम और लीला का यह प्रेम रास नहीं आता। आगे की कहानी बहुत मार्मिक है। यही वह फिल्म है जहां से रणवीर सिंह दीपिका पादुकोण के साथ फिल्म के अलावा असल जिंदगी में अभी रासलीला रचाने लगे थे। फिल्म में शानदार अभिनय के लिए रणवीर को सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के फिल्म फेयर पुरस्कार के लिए नामित किया गया था। यह फिल्म भंसाली ने पहले सुशांत सिंह राजपूत को ही ऑफर की थी, लेकिन बाद में इसमें रणवीर सिंह की एंट्री हो गई।
किरदार : बिक्रम बोस
फिल्म : गुंडे (2014)
रणवीर सिंह लगातार अच्छी फिल्मों में शानदार अदाकारी करके अपना नाम ऊंचा करने में लगे हुए थे। इस फिल्म में वह अर्जुन कपूर, प्रियंका चोपड़ा, इरफान खान, सौरव शुक्ला और पंकज त्रिपाठी जैसे कलाकारों के साथ नजर आए। इस फिल्म की कहानी बिक्रम और बाला नाम के दो मुंह बोले भाइयों की कहानी है। ये कोयले की खदानों में बड़े होते हैं और यहीं पर अपना कारोबार जमा लेते हैं। वह अपने सामने बड़े- बड़े तुर्रम खान को भी नहीं टिकने देते। 'लुटेरा' और 'गोलियों की रासलीला राम- लीला' के बाद यह तीसरी फिल्म थी जिसमें अंत में रणवीर के किरदार की मौत हो जाती है।