सनी देओल अभिनीत 'गदर 2' और शाहरुख खान अभिनीत 'जवान' जैसी लार्जर-दैन-लाइफ फिल्मों को दर्शकों से बहुत प्यार और सराहना मिल रही है। हालांकि, अभी भी इंडस्ट्री के लोगों का एक वर्ग ऐसा है जो इस चलन से ज्यादा प्रभावित नहीं दिख रहा। विवेक अग्निहोत्री की फिल्म 'द वैक्सीन वॉर' के ट्रेलर लॉन्च पर नाना पाटेकर ने बताया कि अब अलग-अलग तरह की फिल्मों के बीच कोई रेखा नहीं रह गई है।
Nana Patekar: नाना पाटेकर ने गदर 2-जवान पर साधा निशाना? द वैक्सीन वॉर के ट्रेलर लॉन्च पर अभिनेता ने कही यह बात
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उन्होंने एक उदाहरण दिया कि कैसे वह अपने बेटे को अभिनेता बनाएंगे और उसे दर्शकों पर थोप देंगे, भले ही वह अपने काम में अच्छा नहीं है। एक्टर के मुताबिक, पांंच-10 फिल्मों के बाद लोगों को उनकी गलतियां कम नजर आने लगेंगी और वे उन्हें स्वीकार करना सीख जाएंगे। इन दिनों फिल्मों के साथ बिल्कुल यही हो रहा है।
नाना ने यह भी कहा कि जब 'द वैक्सीन वॉर' जैसी फिल्म आती है, तब दर्शकों को एहसास होता है कि जो फिल्में वे देख रहे हैं उनमें और इस फिल्म में अंतर है। एक अच्छी और बुरी फिल्म के बीच का अंतर। हालांकि, नाना ने अपने बयान में किसी फिल्म का नाम नहीं लिया, लेकिन माना जा रहा है कि उनका इशारा 'गदर 2' या 'जवान' की तरफ हो सकता है। दोनों ही फिल्में बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्डतोड़ कमाई कर रही हैं।
इससे पहले, नसीरुद्दीन शाह ने भी सनी देओल अभिनीत फिल्म की आलोचना की थी। नसीरुद्दीन ने इस बात पर भी चिंता व्यक्त की कि द कश्मीर फाइल्स जैसी फिल्में बड़े पैमाने पर लोकप्रिय हो रही हैं और सुधीर मिश्रा, अनुभव सिन्हा और हंसल मेहता द्वारा बनाई गई फिल्में जो अपने समय की सच्चाई को चित्रित करने की कोशिश कर रहे हैं, उन पर किसी का ध्यान नहीं जा रहा है। 'द वैक्सीन वॉर' की बात करें तो इसमें अनुपम खेर, नाना पाटेकर, सप्तमी गौड़ा और पल्लवी जोशी भी मुख्य भूमिकाओं में हैं। यह 28 सितंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।
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