बॉलीवुड एक्टर रणदीप हुड्डा इन दिनों विवादों में घिरे हुए हैं और मसला है एक गलत टिप्पणी करने का। उन्होंने बहुजन समाज पार्टी की नेता और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती पर आपत्तिजनक मजाक किया था। ये पुराना वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल वायरल हुआ और एक्टर की गिरफ्तारी की मांग उठने लगी। अभी ये मामला शांत भी नहीं हुआ कि सोशल मीडिया पर एक्ट्रेस रवीना टंडन का चार साल पुराना ट्वीट वायरल हो रहा है। वायरल हो रहे इस ट्वीट में एक्ट्रेस ने भी उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती को लेकर लिखा है। इस ट्वीट पर लोग अपनी प्रतिक्रिया दे रहे हैं।
विवाद: रणदीप ही नहीं, रवीना टंडन ने भी उड़ाया था मायावती का मजाक, पाकिस्तान से जुड़ा पुराना ट्वीट हो रहा वायरल
रवीना टंडन ने इस ट्वीट में लिखा था, 'मुझे ये पसंद आया। इंडिया-पाकिस्तान क्रिकेट मैच, जीते तो हिना रब्बानी हमारी, हारे तो मायावती तुम्हारी।' इसके साथ ही उन्होंने हंसने वाला इमोजी भी बनाया। एक्ट्रेस का ट्वीट अब सोशल मीडिया पर आग की तरह फैलते हुए वायरल हो रहा है। आपत्तिजनक टिप्पणी को लेकर रणदीप हुड्डा का मामला पहले से ही गरम है और दूसरी तरफ रवीना टंडन का ये ट्वीट उन्हें भी विवादों के घेरे में ला सकता है।

क्या था मामला
दरअसल, रणदीप हुड्डा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ, जिसमें वे एक कार्यक्रम के दौरान स्टेज पर मौजूद दिख रहे हैं और ऑडियंस को संबोधित कर रहे हैं। इसी दौरान वो जोक सुनाते हैं, वो कहते हैं कि 'मायावती 2 बच्चों के साथ जा रही होती हैं। इस दौरान एक व्यक्ति ने उनसे पूछा कि ये बच्चे जुड़वा हैं? तो मायावती ने कहा कि नहीं एक चार साल का है दूसरा आठ साल का है। इसके बाद उस आदमी ने कहा- मुझे विश्वास नहीं होता कि कोई आदमी वहां दो बार भी जा सकता है।'
इस वीडियो को देखने के बाद ही रणदीप हुड्डा को लोगों ने आड़े हाथ ले लिया और उन पर मायावती से माफी मांगने के लिए कहने लगे। सोशल मीडिया पर उनकी गिरफ्तारी की मांग भी की गई और लोगों ने उनके जोक को सेक्सिस्ट और जातिवादी बताया।
सिर्फ यही नहीं रणदीप हुड्डा को यूनाइटेड नेशन ने जंगली जानवरों की प्रवासी प्रजातियों के संरक्षण सम्मेलन (सीएमएस) के एम्बेसडर के पद से हटा दिया। अन्य सेलेब्स ने भी रणदीप हुड्डा के इस भद्दे मजाक की आलोचना की। एक्ट्रेस ऋचा चड्ढा ने ट्वीट करते हुए लिखा था, 'यह एक घिनौना 'मजाक' है। यह मूर्खतापूर्ण, बेस्वाद और कामुक है। हां, यह जातिवादी भी है। इसके अलावा, कृपया इसकी वजह भी बताएं कि आप केवल महिलाओं से अपने पुरुष सहयोगियों के लिए माफी मांगने के लिए क्यों कहते हैं, जबकि आप सेक्सिज्म पर बात करते हैं। मेरी सांस रोककर नहीं।'