हिंदी सिनेमा में कभी नंबर वन हीरोइन रहीं माधुरी दीक्षित की मां स्नेहलता दीक्षित का अंतिम संस्कार यहां रविवार दोपहर बाद कड़ी सुरक्षा के बीच कर दिया गया। उनके अंतिम दर्शन के लिए भी आमलोगों के घर पर जाने की मनाही रही और अंतिम संस्कार के समय भी क्रियास्थल तक वही लोग जा पाए जिनके नाम सुरक्षाकर्मचारियों को पहले से ही दिए गए थे। माधुरी दीक्षित के तमाम प्रशंसक इसके चलते उनकी मां के अंतिम संस्कार में चाहकर भी शामिल नहीं हो सके।
Snehlata Dixit Death: कड़ी सुरक्षा में माधुरी की मां का अंतिम संस्कार, अपरिचितों को रोकने को तैनात रहे बाउंसर
माधुरी दीक्षित की मां स्नेहलता दीक्षित का निधन रविवार की सुबह 91 साल की उम्र में होने की खबर जैसे ही सबसे पहले ‘अमर उजाला डॉट कॉम’ पर प्रकाशित हुई, माधुरी के घर पर पहुंचने वालों का वहां मजमा इकट्ठा होने लगा। निधन की सूचना मुंबई पुलिस को मिली और ये भी सूचना मिली की माधुरी और उनकी मां को इस मौके पर देखने के लिए घर और अंतिम संस्कार स्थल पर भीड़ जमा हो सकती है लिहाजा अंतिम संस्कार के समय मुंबई पुलिस और बाउंसर्स का तगड़ा इंतजाम रहा ताकि कोई अपरिचित शख्स शमशान भूमि के अंदर प्रवेश ना कर सके।
माधुरी दीक्षित की मां स्नेहलता दीक्षित का अंतिम संस्कार वर्ली के जिस श्मशान भूमि में किया गया। वहां दोपहर एक बजे से ही मुंबई पुलिस ने डेरा डाल दिया। श्मशान भूमि में आने जाने वाले हर शख्स पर पुलिस की नजर थी और हर आने जाने वाले से बाकायदा पूछताछ करने के बाद ही अंदर आने दिया जाता रहा था। बताया गया कि ये सुरक्षा घेरा किसी वीआईपी के यहां आने की संभावना के मद्देनर बनाया गया है। पुलिस के अलावा इस दौरान तैनात निजी सुरक्षा एजेंसी के बाउंसर्स ने यहां पहुंचने वाले के साथ काफी अभद्र व्यवहार किया।
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