युवा अभिनेता सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद बॉलीवुड में नेपोटिज्म (भाई- भतीजावाद) को लेकर एक बड़ी बहस शुरू हो गई है। इस मुद्दे पर फिल्म इंडस्ट्री भी दो फाड़ नजर आ रही है। कई लोग इसका समर्थन कर रहे हैं तो वहीं कई इसके खिलाफ भी हैं। सोशल मीडिया पर लोग स्टार्स किड्स और कुछ निर्माता-निर्देशकों को टारगेट कर रहे हैं। इस बीच अभिनेत्री जरीन खान ने अपना दर्द साझा करते हुए पूछा है कि अपनी काबिलियत समझाने के लिए इंसान को क्यों मरना पड़ता है?
सुशांत सिंह राजपूत की मौत के बाद जरीन खान ने पूछा, 'अपनी काबिलियत समझाने के लिए क्यों मरना पड़ता है?'
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जरीन खान ने इंस्टाग्राम पर एक पोस्ट साझा किया है। इसके जरिए उन्होंने कई सवाल पूछे हैं। जरीन ने लिखा है, 'इस समय मेरे दिमाग में ढेर सारे सवाल हैं। दुनिया को अपनी काबिलियत समझाने के लिए इंसान को क्यों मरना पड़ता है? क्यों जीवित रहने पर उनकी सराहना नहीं की जाती, जितना मरने के बाद की जाती है?'
जरीन ने आगे पूछा है, 'क्यों लोगों को किसी के जीवन की परवाह नहीं होती है, वहीं मरने के बाद उस पर सबके विचार और राय आनी शुरू हो जाती है? क्यों एक जीनियस या उच्च बुद्धि वाले व्यक्ति की पहचान मानसिक रूप से बीमार या अस्थिर होने के रूप में की जा रही है?'
जरीन खान ने अपने पोस्ट में आगे लिखा, 'क्यों सोशल मीडिया आपकी खुशी और आपके दुख की पहचान करने वाला टूल बन गया है? क्यों दुनिया इतनी क्रूर हो गई है कि किसी व्यक्ति की मौत पैसा बनाने या टीआरपी बटोरने का व्यवसाय बन गई है? क्यों, क्यों, क्यों, आखिर क्यों?'
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बता दें सुशांत सिंह राजपूत की मौत के इन दिनों काफी बवाल मचा हुआ है। सोशल मीडिया पर लोग लगातार सुशांत को न्याय दिलाने के लिए मुहिम चला रहे हैं। वहीं कंगना रनौत, रवीना टंडन और सोनू निगम सहित कई बड़े सितारे फिल्म इंडस्ट्री में फैले नेपोटिज्म के खिलाफ आवाज उठा चुके हैं।
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