बॉलीवुड के बेहतरीन अभिनेताओं में गिने जाने वाले नवाजुद्दीन सिद्दीकी पिछले दिनों रिलीज अपनी फिल्म 'सैंधव' को लेकर चर्चा में चल रहे हैं। अभिनेता ने इस फिल्म से अपना तेलुगु डेब्यू किया था। हालांकि, यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कुछ खास कमाल नहीं दिखा सकी। अब हाल ही में, नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने खुलासा किया है कि फिल्मों में किसी भी किरदार को निभाने के लिए उसकी गहराई में जाना जरूरी है। तभी किसी किरदार के साथ न्याय किया जा सकता है।
Nawazuddin Siddiqui: 'किसी भूमिका को निभाने के लिए उसकी गहराई में उतरना जरूरी', नवाज ने बताया सफलता का मंत्र
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हाल ही में, एक इंटरव्यू में नवाजुद्दीन ने अपने करियर को लेकर कहा कि इंडस्ट्री में हर कलाकार चाहता है कि उसे बड़ा ब्रेक मिले और फिल्मों में लीड रोल प्ले करने का मौका मिले। हर कलाकार फिल्मों में बड़ी भूमिका निभाने की ख्वाहिश रखता है और मुझे लगता है कि इसमें कुछ भी गलत नहीं है। छोटे रोल करके आपको ज्यादा ग्रोथ नहीं मिलती है।
अपनी बात को समझाते हुए अभिनेता ने ऑस्कर नामांकित क्रिस्टोफर नोलन की फिल्म ओपेनहाइमर का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि इस फिल्म में इतने बड़े कलाकारों ने छोटी भूमिकाएं कीं, फिर भी वे अपने हिस्से को निभाकर नजरों में आ गए, क्योंकि उन्हें अपनी कला दिखाने का अवसर मिला, लेकिन बॉलीवुड फिल्मों में ऐसा नहीं होता।
बता दें कि नवाजुद्दीन ने खुलासा किया कि अपनी तमिल डेब्यू 'पेट्टा' में वह अपना सौ प्रतिशत नहीं दे पाए। इसमें साउथ के सुपरस्टार रजनीकांत लीड रोल में थे। यह फिल्म 2019 में रिलीज हुई थी। नवाज को अफसोस हो रहा है कि फिल्म की शूटिंग के वक्त उन्होंने अपने डायलाॅग्स के अर्थ को अच्छी तरह नहीं समझा और सिर्फ उनका लिप-सिंक ही किया। इस बारे मे नवाज ने हाल ही में कहा,‘जब मैं रजनी सर के साथ 'पेट्टा' कर रहा था, तब शूटिंग खत्म होने के बाद मुझे अपराधबोध हुआ और लगा कि मैं उस काम के लिए पैसे ले रहा था, जिसके बारे में मुझे खुद कुछ ज्यादा नहीं पता था। मैं सिर्फ डायलाॅग के हिसाब लिप—सिंक कर रहा था। कई सारी चीजें मुझे वहां समझ नहीं आ रही थीं।’
नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने फिल्म 'हड्डी' में एक ट्रांसजेंडर का किरदार निभाया था। अपनी भूमिका पर विचार करते हुए अभिनेता ने केवल अभिनय के बजाय चरित्र की आंतरिक दुनिया के सार को पकड़ने के महत्व पर जोर दिया। नवाजुद्दीन ने भूमिका को प्रामाणिक रूप से चित्रित करने, स्क्रीन पर प्रस्तुत करने के महत्व पर प्रकाश डाला।
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