कोरोना वायरस ने पूरी दुनिया को अपनी चपेट में ले रखा है। जब तक इस वायरस की वैक्सीन या सटीक दवाईयों का इलाज नहीं मिल जाता। तब तक हमें इस वायरस के साथ ही जीना होगा। कोविड 19 से बचने के लिए हमारे जीने के तरीकों में बहुत अंतर आएगा। रोजमर्रा की जिंदगी में बहुत सारे बदलाव देखने को मिलेगें। फिर वो चाहे ऑफिस से जुड़े हो या शॉपिंग से। इसी कड़ी में एक नई बात और जुड़ गई है। दरअसल, अभी तक हम कपड़ों के स्टोर या दुकानों पर जाकर कपड़ों का ट्रायल लेते थे, वो बीते दिनों की बात हो जाएगी।
क्या कोरोना की वजह से खत्म हो जाएगा कपड़ों के स्टोर पर ट्रायल रूम?
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दरअसल, गोवा के एक मशहूर बुटिक स्टोर ने अपने इंस्टाग्राम पर ग्राहकों के लिए एक एडवाइजरी जारी की है। जिसमें लिखा है ग्राहकों को स्टोर पर आने के लिए मास्क लगाना और हाथों को सैनेटाइज करना जरूरी होगा। इसके साथ ही ये भी लिखा है कि अगर वो किसी सामान को ट्राई करते हैं लेकिन खरीदते नही हैं तो उन सामान को हमें क्वारंटीन करना होगा। इस एडवाइजरी से लगता है कि लॉकडाउन के बाद मार्केट के पूरी तरह से खुलने पर ट्रायल रूम बीते कल की बात हो जाएगी।
इस बारे में मशहूर ब्रांड ब्लैकबेरी ने भी कहा है कि ट्रायल रूम को खत्म किया जाना चाहिए। वहीं फैशन डिजाइनर मनीष मल्हो्त्रा ने कहा कि वो ऑनलाइन सलाह पर भरोसा कर रहे हैं। हालांकि ट्रायल रूम्स के बिना कपडों के स्टोर की कल्पना भी नहीं की जा सकती। क्योंकि हर दिन हजारो लोग मॉल और शॉपिंग कॉम्पलेक्स में कपड़ों को ट्राई कर सही साइज और कलर का कपड़ा अपने लिए चुनते हैं। ऐसे में बिना ट्रायल रूम के कपड़ों को बेचना एक बड़ी चुनौती हो सकती है।
लेकिन कपड़ों को सैनेटाइज करने के साथ ही उन्हें कीटाणुनाशक बनाना, खासतौर पर तब जब कोई ग्राहक उसे ट्राई करना चाह रहा हो। इन तरीकों से ग्राहक को कोरोना वायरस से बचने के लिए सुरक्षित महसूस कराया जा सकता है। हालांकि एक बार लॉकडाउन खुलने के बाद जब तक कि कोरोना वायरस पूरी तरह से खत्म नहीं हो जाता है तब तक दुकानों और स्टोर को इस तरह के बदलाव करने होंगे। बहुत सारे कपड़ों को नापने से बेहतर होगा कि एक सही स्टैंडर्ड चार्ट को स्टोर पर रखा जाए। जिससे कि लोग अपने सही साइज को उस चार्ट में देखकर अंदाजा लगा सकें।
भले ही इस तरह के वायरस के आ जाने से ऑनलाइन शॉपिंग का चलन बढ़ेगा और स्टोर सुरक्षित और कान्टेक्टलेस डिलीवरी घर तक करें लेकिन फिर भी स्टोर पर जाकर कपड़ों को देखकर और छूकर खरीदारी करने का शौक कभी खत्म नहीं होगा। इसीलिए कोरोना वायरस के साथ रहने के लिए शॉपिंग में बहुत सारे बदलाव के लिए हर किसी को तैयार रहने की जरूरत होगी।