Shefali Jariwala: अभिनेत्री और मॉडल शेफाली जरीवाला का शुक्रवार को 42 साल की उम्र में निधन हो गया। मुंबई स्थित कूपर हॉस्पिटल में डॉक्टरों ने शव का परीक्षण किया, हालांकि इसकी रिपोर्ट अभी तक सार्वजनिक नहीं की गई है। मौत के बाद की शुरुआती रिपोर्ट्स में कार्डियक अरेस्ट को प्रमुख कारण बताया गया, हालांकि अमर उजाला इसकी पुष्टि नहीं करता है।
Shefali Jariwala Death: एंटी-एजिंग दवाओं ने ले ली शेफाली की जान? क्या हैं इनके दुष्प्रभाव, डॉक्टर से जानिए
- शेफाली जरीवाला का शुक्रवार को 42 साल की उम्र में निधन हो गया। शुरुआती रिपोर्ट्स में कार्डियक अरेस्ट को प्रमुख कारण बताया गया।
- अब सवाल उठता है कि एंटी-एजिंग दवाएं क्या इतनी खतरनाक हैं? क्या ये जानलेवा हो सकती हैं?
एंटी-एजिंग दवाएं और इसका प्रभाव
इन सवालों का जवाब जानने से पहले ये जान लीजिए कि आखिर एंटी-एजिंग दवाएं हैं क्या? और ये किस तरह से काम करती हैं?
एंटी-एजिंग उपचार का मुख्य लक्ष्य उम्र बढ़ने के साथ चेहरे-त्वचा पर दिखाई देने वाले लक्षणों जैसे झुर्रियों, ढीली त्वचा और उम्र के धब्बों को कम करना या इसे डिले करना होता है। जवां बने रहने की चाहत वालों में ये उपाय काफी ट्रेंडिंग रहा है। ये हमारे शरीर में कोलेजन उत्पादन को बढ़ाने, चेहरे की मांसपेशियों को टाइट रखने या फिलर्स के साथ त्वचा का जवां बनाए रखने में मदद करते हैं।
उपचार के ये तरीके शरीर के प्राकृतिक हार्मोनल चक्र को प्रभावित करने वाले हो सकते हैं, जिसका शरीर पर कई प्रकार से नकारात्मक असर हो सकता है।
किस तरह से काम करती हैं ये दवाएं?
मेडिकल रिपोर्ट्स बताते हैं, एंटी-एजिंग उत्पादों में आमतौर पर रेटिनॉल और पेप्टाइड्स जैसे एक्टिव कंपाउंड्स होते हैं, जो झुर्रियों को कम करने और त्वचा की बनावट में सुधार जैसे लाभों के लिए जाने जाते हैं। हालांकि कई रिपोर्ट्स बताते हैं कि रेटिनॉल से साइड इफेक्ट भी हो सकते हैं, जिसमें सूखापन, लालिमा और सूरज के प्रति संवेदनशीलता में वृद्धि हो सकती है।
इसके अलावा कुछ अन्य कंपाउंड्स शरीर में हार्मोनल चक्र को भी बाधित कर सकते हैं जिसका स्वास्थ्य पर कई प्रकार से गंभीर और दीर्घकालिक असर हो सकता है।
क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ?
स्वास्थ्य विशेषज्ञ लंबे समय से कहते रहे हैं कि एंटी-एजिंग उत्पाद हमेशा प्राकृतिक स्रोतों से ही लेने चाहिए। दवाओं और इंजेक्शन के रूप में इसके कई साइड इफेक्ट्स भी हो सकते हैं।
अमर उजाला से बातचीत में वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ अरविंद सिंह कहते हैं, वैसे तो एंटी-एजिंग उत्पादों के हार्ट पर दुष्प्रभाव होने के मामले दुलर्भ हैं, आमतौर पर ऐसा नहीं देखा गया है। हालांकि अगर आप हार्मोनल थेरेपी ले रहे हैं तो इसके दुष्प्रभावों में हृदय की सेहत पर असर जरूर हो सकता हैं।
कुछ स्थितियों में एंटी-एजिंग दवाएं शरीर के प्राकृतिक सिस्टम को प्रभावित कर सकती हैं, इसमें आपकी त्वचा तो जवां रहती है पर अंगों की तो उम्र बढ़ती ही रहती है। ऐसे में अगर आप शरीर की अन्य समस्याओं को अनदेखा करते हैं तो इसके दुष्प्रभाव हो सकते हैं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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