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Brown Vs White Rice: ब्राउन या व्हाइट राइस, डायबिटीज के मरीजों के लिए कौन से चावल है बेहतर?

Fri, 13 Jun 2025 10:06 AM IST
शिखर बरनवाल हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: शिखर बरनवाल Updated Fri, 13 Jun 2025 10:06 AM IST
सार

डायबिटीज के मरीजों को अक्सर बहुत सोच-समझ कर अपना भोजन चुनना होता है। इसी कड़ी में बहुत से लोगों के मन में सवाल होता है कि भूरे चावल और सफेद चावल में से उनके लिए कौन सा बेहतर होता है। आइए इस लेख में इसी के बारे में जानते हैं।

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Which rice is better for diabetes patients Brown rice or white rice know in hindi
व्हाइट राइस - फोटो : freepik.com

Brown rice Vs White Rice: डायबिटीज (मधुमेह) एक ऐसी समस्या है, जिसमें खानपान का चुनाव बेहद महत्वपूर्ण हो जाता है। जरा सी चूक भी ब्लड शुगर लेवल को बढ़ा सकती है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं बढ़ जाती हैं। भारतीय भोजन में चावल एक मुख्य आहार है, और यही वजह है कि डायबिटीज के मरीजों के मन में अक्सर यह सवाल आता है कि, उनके लिए ब्राउन राइस और व्हाइट राइस में से कौन सा बेहतर है?



यह एक आम सवाल है, क्योंकि दोनों ही चावल की अलग-अलग विशेषताएं होती हैं। डायबिटीज के मरीजों के लिए भोजन के ग्लाइसेमिक इंडेक्स और फाइबर की मात्रा पर विशेष ध्यान दिया जाता है। ऐसे में सही चावल का चुनाव न केवल ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद करता है, बल्कि आपको पोषक तत्व भी प्रदान करता है। दोनों के पोषक तत्वों और ग्लाइसेमिक इंडेक्स (डीआई) में अंतर के आधार पर, आइए जानें कि डायबिटीज के लिए कौन सा चावल अधिक उपयुक्त है और इसे डाइट में कैसे शामिल करें।

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ब्राउन राइस - फोटो : freepik.com

क्या होता है ब्राउन राइस?
सबसे पहले तो ये जानते हैं कि ब्राउन राइस होता क्या है? दरअसल, जब धान से उसका पीली परत वाला छिलका हटाया जाता है, तो हमें ब्राउन राइस मिलता है। इस प्रक्रिया में चावल का बाहरी छिलका (हस्क) तो हट जाता है, लेकिन इसकी भूसी (ब्रान) और बीज का अंदरूनी हिस्सा बरकरार रहते हैं। यही भूसी और जर्म परतें चावल को उसका विशिष्ट भूरा रंग देती हैं और उसे पोषक तत्वों से भरपूर बनाती हैं। इसे ही ब्राउन राइस कहते हैं।

इसके विपरीत, जब सफेद चावल बनाया जाता है, तो इसी भूसी और जर्म परत को एक अतिरिक्त प्रक्रिया, जिसे पॉलिशिंग कहते हैं, के जरिए हटा दिया जाता है। चावल को अच्छे से पॉलिश किया जाता है ताकि वह सफेद और आकर्षक दिखे।


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ब्राउन राइस - फोटो : freepik.com

ब्राउन राइस
ब्राउन राइस एक होल ग्रेन है, जिसमें चोकर और भूसी की परत नहीं हटाई जाती है। यह फाइबर, मैग्नीशियम, विटामिन बी और एंटीऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है। इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (जीआई) 50-55 के बीच होता है, जो सफेद चावल की तुलना में कम है। कम जीआई का मतलब है कि यह शुगर लेवल को धीरे-धीरे बढ़ाता है, जो डायबिटीज के मरीजों के लिए फायदेमंद होता है। इसमें फाइबर की मात्रा अधिक होने की वजह से यह पाचन को बेहतर बनाता है, भूख को नियंत्रित करता है और कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। डायबिटीज के मरीजों के लिए ब्राउन राइस वजन प्रबंधन और हृदय स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी है।


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व्हाइट राइस - फोटो : freepik.com

सफेद चावल
सफेद चावल को प्रोसेसिंग के दौरान पॉलिश किया जाता है, जिससे उसका चोकर और भूसी हट जाते हैं। इस प्रक्रिया में फाइबर, विटामिन्स और खनिज कम हो जाते हैं। इसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स 70-89 के बीच होता है, जो रक्त शर्करा को तेजी से बढ़ाता है। डायबिटीज के मरीजों के लिए यह नुकसानदायक हो सकता है, क्योंकि यह इंसुलिन के लेवल को प्रभावित करता है। हालांकि, सफेद चावल आसानी से पच जाता है और हल्का होता है, फिर भी यह पोषण के मामले में ब्राउन राइस से पीछे है।

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चावल - फोटो : Adobe stock
कौन सा चावल चुनें?
विशेषज्ञों के अनुसार, डायबिटीज के मरीजों के लिए ब्राउन राइस बेहतर विकल्प है, क्योंकि इसका कम जीआई और उच्च फाइबर शुगर लेवल को नियंत्रित रखता है। हालांकि, यदि सफेद चावल खाना ही हो, तो इसे कम मात्रा में और सब्जियों, प्रोटीन (जैसे दाल, चना) के साथ खाएं।

नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।

 
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