Raksha Bandhan Puja Thali Samagri List: इस वर्ष रक्षाबंधन 9 अगस्त 2025 को है। राखी के पर्व पर बहन भाई की कलाई पर राखी बांधती हैं और उनकी लंबी आयु की कामना के साथ पूजा करती है। ऐसे में रक्षाबंधन के मौके पर एक पूजा की थाली और सभी जरूरी सामग्री का होना भी जरूरी है ताकि उस दिन कोई सामान छूट न जाए और पूजा अधूरी न रह जाए। रक्षाबंधन के लिए बहन पहले से राखी और मिठाई तो खरीद लाती हैं लेकिन कुछ सामग्री भूल भी जाती हैं। कई बार तो ऐसा होता है कि राखी बांधने से पहले भाई को दुकान जाकर राखी का जरूरी बचा सामान लाने भेजना पड़ जाता है। ऐसे में पहले से ही रक्षाबंधन की सभी पूजा सामग्री घर ले आएं। इसके लिए राखी की थाली सजाने के लिए जरूरी सामग्री की लिस्ट तैयार कर लें और उसी के मुताबिक खरीदारी करके रखें। 10 ऐसी चीजें हैं जो राखी की पूजा थाली में जरूर शामिल की जानी चाहिए। यहां रक्षाबंधन पूजा थाली में शामिल की जाने वाली जरूरी सामग्री (Samagri List) की लिस्ट दी जा रही है।
Raksha Bandhan 2025: रक्षाबंधन की पूजा थाली अधूरी है अगर ये 10 चीजें नहीं रखीं, देखें पूरी लिस्ट
Raksha Bandhan 2025 Puja Thali राखी की थाली सजाने के लिए जरूरी सामग्री की लिस्ट तैयार कर लें और उसी के मुताबिक खरीदारी करके रखें। 10 ऐसी चीजें हैं जो राखी की पूजा थाली में जरूर शामिल की जानी चाहिए। यहां रक्षाबंधन पूजा थाली में शामिल की जाने वाली जरूरी सामग्री की लिस्ट दी जा रही है।
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राखी
रक्षाबंधन में सबसे जरूरी चीज होती है राखी यानी रक्षासूत्र जिसे बहन भाई की कलाई पर बांधती है। सुंदर और शुभ राखी जो भाई की कलाई पर बांधी जानी है, उसे रक्षाबंधन की पूजा की थाली में सजा लें।
दीया
पूजा की थाली बिना दीपक के अधूरी है। रक्षाबंधन पर बहन भाई की आरती उतारती हैं, ताकि उसकी लौ की गर्माहट भाई के जीवन में हमेशा गर्मजोशी भर दे। आरती के लिए पूजा की थाली में तेल या घी का दीपक पहले से रखें। इसे पूजा थाली में जलाना शुभ होता है।
रोली या कुमकुम
अक्षत
बहनें भाई के मस्तक पर हल्दी-कुमकुम या रोली से तिलक करती हैं और उसके बाद राखी बांधती हैं। राखी पर भाई को तिलक लगाना न भूलें, इसके लिए जरूरी है कि पूजा की थाली में पहले से रोली या कुमकुम सजा लें। यह शुभता का प्रतीक होता है।
हिंदू धर्म में पूजा पाठ के दौरान साफ चावल यानी अक्षत का होना जरूरी होता है। भाई के मस्तक पर तिलक लगाने के बाद अक्षत लगाया जाता है। ऐसे में पूजा की थाली में अक्षत यानी चावल के चार-छह दाने जरूर शामिल करें।
मिठाई
राखी बांधने के बाद भाई का मुंह मीठा कराना परंपरा का हिस्सा है। इसलिए पूजा की थाली में मिठाई को जरूर रखें। आप लड्डू या भाई की कोई भी पसंदीदा मिठाई को शामिल कर सकते हैं।
पुष्प
पूजा की थाली पुष्प यानी फूलों के बिना अधूरी लगती है। यह भाई के जीवन में फूलों सी महक लाने का प्रतीक है। फूल सजावट और सुंदरता बढ़ाने का काम भी करते हैं। पूजा में उपयोग होने वाले ताजे फूल थाली में रखें।
पानी का कलश या छोटी कटोरी
पूजा की थाली में पानी का कलश भरकर रखें। यह जल भाई का मूंह मीठा कराने के बाद पानी पिलाने के काम आता है। साथ में एक छोटी कटोरी भी थाली में रखें। इसका उपयोग तिलक के समय किया जाता है।
नारियल
अगर संभव हो तो नारियल को पूजा की थाली में रखें। नारियल को रक्षा और समृद्धि का प्रतीक माना जाता है। अधिकतर सभी शुभ कार्यों में नारियल को शामिल किया जाता है। ऐसे में राखी की पूजा थाली में भी नारियल रख सकती हैं।