जब हम किसी को पसंद करते हैं और जल्द ही उसके साथ एक नई राह पर चलने के सपने संजोने लगते हैं तो हम पहले से ही अपने पार्टनर और उस रिश्ते से कई सारी उम्मीदें करने लगते हैं जो कि आगे चलकर कई बार रिश्तों के विनाश की वजह भी बनती हैं। आपको प्रेम में पड़ने से पहले हमेशा अपने दिल और दिमाग को खाली रखना होगा क्योंकि अपनी कहानी आपको खुद से लिखना है। यदि आपके दिमाग में पहले से ही कोई कहानी है तब तो आप अपनी प्रेम कहानी का स्वतंत्र लेखन कर ही नहीं सकते, जो कि आगे चलकर आप दोनों के लिए समस्या खड़ी कर सकता है। आइए जानते हैं वे महत्वपूर्ण बातें जिनका प्यार में पड़ने से पहले रखना होता है ध्यान।
प्यार में पड़ने से पहले दिमाग में बैठा लें ये चार बातें, वरना पछताएंगे
प्रेम की अति अभिव्यक्ति
प्रेम जाहिर करना या अपने पार्टनर के मन के भाव जानना किस को अच्छा नहीं लगता लेकिन प्रेम की अति अभिव्यक्ति आपके लिए समस्या खड़ी कर सकती है। अति अभिव्यक्ति आपके पार्टनर को चिढ़ने पर मजबूर कर सकती है और यदि आप उनसे उम्मीद रखते हैं तो बार-बार आपका भी दिल टूटता है। सबके अपने काम और व्यस्तताएं होती हैं इसलिए यह उम्मीद न करें कि आपकी हर बात मानी जाएगी या दिनभर आपसे प्यार भरी बातें की जाएगी, यह संभव नहीं है।
प्रेम में देना पड़ता है मौका
अक्सर जब रिश्ते की शुरुआत होती है तो कई बार ऐसी बातें हो जाती हैं जो आप एकदूसरे से नहीं कहना चाहते हैं। चूंकि आप एक-दूसरे को नहीं जानते हैं इसलिए विवाद भी हो सकते हैं। उन पर ओवररिएक्ट न करें। प्यार में पड़ने से पहले ही समझ जाएं कि इस रिश्ते को आगे चलकर कई सारे मौके देना होंगे। बाकी तो समय के साथ जब आप दोनों के बीच आपसी समझ बढ़ेगी तो चीजें बदलने लगेगी, प्यार गहरा होगा।
न बनें फिल्मों वाले प्रेमी
अपने रिश्ते को जितना हो सके वास्तविकताओं के आधार पर आगे बढ़ाएं। फिल्मों वाले प्रेमी- प्रेमिका बनने या सामने वाले से बनने की उम्मीद करेंगे तो रिश्ता बहुत अजीब हो जाएगा, थोड़े ही दिन में वो बोझ बन जाएगा। फिल्मों जैसे दृश्यों को कॉपी करने की बजाय आपका लक्ष्य अपनी नई यादें बनाने का होना चाहिए। यदि प्रेम में पड़ने से पहले ही फिल्मों में जीने लगेंगे तब तो प्रेम की नैया मंझदार में रह जाएगी।
दिमाग में न रखें कोई किरदार
आपका पार्टनर जैसा है, उसे वैसा ही स्वीकारें। टी.वी धारावाहिक, फिल्म व किताब आदि के किरदारों को आदर्श मानते हुए अपने साथी के वैसा ही होने की उम्मीद न पालें। पहले से अपने प्रेमी को लेकर दिमाग में कोई धारणा न बनाएं। विश्वास रखिए आपकी अपनी कहानी होगी जो कि काल्पनिक कहानियों और किरदारों से कई गुना सच्ची और खूबसूरत होगी इसलिए उसमें छेड़छाड़ करने का प्रयत्न न करें।