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MP: श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केंद्र सिद्धपीठ गुप्तेश्वर महादेव मंदिर, सावन में होता है यहां विशेष श्रृंगार
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जबलपुर
Published by: शबाहत हुसैन
Updated Sat, 02 Aug 2025 10:22 AM IST
सार
Sawan: गुप्तेश्वर महादेव मंदिर में सावन के दौरान प्रतिदिन शिवलिंग का विशेष श्रृंगार किया जाता है। भगवान शिव को भोलेनाथ कहा जाता है क्योंकि वे शीघ्र प्रसन्न होने वाले देवता हैं। भक्तों की मान्यता है कि सावन मास में की गई पूजा से भगवान शिव सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।
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गुप्तेश्वर महादेव
- फोटो : अमर उजाला
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त्रेता युग से जुड़ी आस्था का प्रतीक स्वयंभू सिद्धपीठ गुप्तेश्वर महादेव आज भी श्रद्धालुओं के लिए आस्था का केंद्र बना हुआ है। सावन मास में यहां भक्तों की भारी भीड़ उमड़ती है और मंदिर परिसर मेले जैसा दृश्य प्रस्तुत करता है। भक्तों की कतारें शिवलिंग के दर्शन के लिए लंबी लगी रहती हैं।
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गुप्तेश्वर महादेव
- फोटो : अमर उजाला
मंदिर के पुजारी आचार्य अंकित द्विवेदी ने बताया कि भगवान श्रीराम जब वनवास काल में प्रयागराज से होते हुए जबलपुर पहुंचे, तो यह स्थान ऋषि जाबालि की तपोभूमि था। ऋषि जाबालि के आग्रह पर भगवान श्रीराम ने यहां पहाड़ी के अंदर बालू से शिवलिंग की स्थापना की, जिसे आज गुप्तेश्वर महादेव के नाम से जाना जाता है।
आचार्य द्विवेदी के अनुसार, लंका पर विजय प्राप्त कर रावण वध के पश्चात भगवान श्रीराम को ब्रह्महत्या के दोष से मुक्त होने के लिए ऋषियों ने शिवलिंग की स्थापना कर पूजा करने की सलाह दी थी। भगवान श्रीराम को जाबालि ऋषि द्वारा स्थापित गुप्तेश्वर महादेव का स्मरण हुआ। मान्यता है कि जैसे उन्होंने रामेश्वरम में बालू से ज्योतिर्लिंग की स्थापना की थी, वैसे ही गुप्तेश्वर महादेव को भी उसी परंपरा में रामेश्वर ज्योतिर्लिंग का उपलिंग माना जाता है।
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भक्तगण
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सावन में होता है विशेष श्रृंगार
सावन मास में शिव पूजा का विशेष महत्व होता है। पौराणिक मान्यता है कि समुद्र मंथन से निकले विष को भगवान शिव ने ग्रहण किया था। विष के प्रभाव को शांत करने के लिए इंद्र देव ने वर्षा की थी। यह समय सावन मास का था, इसलिए इस मास को शिवभक्ति के लिए सर्वोत्तम माना जाता है।
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गुप्तेश्वर महादेव
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गुप्तेश्वर महादेव मंदिर में सावन के दौरान प्रतिदिन शिवलिंग का विशेष श्रृंगार किया जाता है। भगवान शिव को भोलेनाथ कहा जाता है क्योंकि वे शीघ्र प्रसन्न होने वाले देवता हैं। भक्तों की मान्यता है कि सावन मास में की गई पूजा से भगवान शिव सभी मनोकामनाएं पूर्ण करते हैं।
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