{"_id":"62cd332213dd9e2bb3648233","slug":"sawan-putrada-ekadashi-2022-date-shubh-muhurat-vrat-and-puja-vidhi-in-hindi","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Sawan Putrada Ekadashi 2022: कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि","category":{"title":"Religion","title_hn":"धर्म","slug":"religion"}}
Sawan Putrada Ekadashi 2022: कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
धर्म डेस्क, अमर उजला, नई दिल्ली
Published by: आशिकी पटेल
Updated Tue, 12 Jul 2022 02:09 PM IST
विज्ञापन
कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
- फोटो : अमर उजाला
Sawan Putrada Ekadashi 2022: हिंदू पंचांग के अनुसार, साल में दो बार पुत्रदा एकादशी आती है। पहली पुत्रदा एकादशी का व्रत पौष माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को रखा जाता है। वहीं दूसरी पुत्रदा एकादशी का व्रत सावन माह के शुक्ल पक्ष की एकादशी तिथि को रखा जाता है। सावन माह में पड़ने वाली एकादशी का बहुत महत्व होता है। इस बार ये व्रत 8 अगस्त 2022 को रखा जाएगा। इस व्रत में श्री हरि विष्णु की पूजा आराधना की जाती है। मान्यता है कि श्रावण पुत्रदा एकादशी व्रत करने से वाजपेयी यज्ञ के बराबर पुण्यफल की प्राप्ति होती है। कहा जाता है कि जिन लोगों की संतान नहीं है उन लोगों के लिए ये व्रत शुभफलदायी है। इस दिन व्रत रखने और पूजा करने से भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त होती। इसके अलावा यदि संतान को किसी प्रकार का कष्ट है तो इस व्रत रखने से सारे कष्ट दूर होते हैं। संतान दीर्घायु होती है। तो चलिए जानते हैं सावन माह की पुत्रदा एकादशी की तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि के बारे में...
Trending Videos
कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
- फोटो : अमर उजाला
सावन पुत्रदा एकादशी तिथि और मुहूर्त
- श्रावण मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी की शुरुआत 7 अगस्त 2022 दिन रविवार रात 11 बजकर 50 मिनट से होगी।
- एकादशी तिथि का समापन 8 अगस्त 2022 दिन सोमवार को रात 9:00 बजे होगा।
- उदया तिथि के अनुसार, इस बार सावन पुत्रदा एकादशी व्रत 8 अगस्त 2022 को रखा जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
- फोटो : अमर उजाला
सावन पुत्रदा एकादशी व्रत और पूजा विधि
यदि आप सावन पुत्रदा एकादशी व्रत रखने जा रहे हैं तो दशमी को भोजन के बाद अच्छी तरह से दातून कर लें ताकि अन्न का अंश मुंह में न रहे।
कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
- फोटो : अमर उजाला
इसके बाद एकादशी के दिन सुबह उठकर व्रत का संकल्प कर शुद्ध जल से स्नान करना चाहिए। फिर धूप, दीप, नैवेद्य आदि सोलह सामग्री से भगवान श्रीकृष्ण का पूजन, रात को दीपदान करना चाहिए।
विज्ञापन
कब है सावन पुत्रदा एकादशी? जानें तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि
- फोटो : iStock
साथ ही एकादशी की सारी रात भगवान विष्णु का भजन-कीर्तन करना चाहिए और श्री हरि विष्णु से अनजाने में हुई भूल या पाप के लिए क्षमा मांगनी चाहिए। अगली सुबह स्नान करके पुनः भगवान विष्णु की पूजा करनी चाहिए। ब्राह्मण को भोजन कराना चाहिए।

कमेंट
कमेंट X