{"_id":"6a2ae49d669e9dfb5506ead8","slug":"99-pilgrims-stopped-at-attari-border-2026-06-11","type":"story","status":"publish","title_hn":"Punjab: अटारी बॉर्डर पर रोके 99 श्रद्धालु, दस्तावेज पूरे होने पर कुछ को भेजा पाकिस्तान; पुलिस वेरिफिकेशन अधूरी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Punjab: अटारी बॉर्डर पर रोके 99 श्रद्धालु, दस्तावेज पूरे होने पर कुछ को भेजा पाकिस्तान; पुलिस वेरिफिकेशन अधूरी
संवाद न्यूज एजेंसी, अमृतसर
Published by: शाहिल शर्मा
Updated Thu, 11 Jun 2026 10:09 PM IST
विज्ञापन
सार
श्रद्धालुओं ने बाद में अपने दस्तावेज पूरे कर लिए उन्हें देर शाम पाकिस्तान रवाना कर दिया गया। दो श्रद्धालुओं को गुरुवार को भी आवश्यक दस्तावेज पूरे होने के बाद भेजा गया।
अटारी बॉर्डर
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
विस्तार
श्री गुरु अर्जन देव जी के शहीदी गुरुपर्व के अवसर पर पाकिस्तान स्थित ऐतिहासिक गुरुद्वारों में माथा टेकने के लिए बुधवार को अटारी-वाघा संयुक्त चेक पोस्ट के रास्ते सिख श्रद्धालुओं का जत्था पाकिस्तान रवाना हुआ। कुल 518 श्रद्धालुओं को पाकिस्तान जाने की अनुमति मिली जबकि दस्तावेजों में कमियों के कारण 99 श्रद्धालुओं को सीमा पर रोक दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच के दौरान 78 श्रद्धालुओं को रोका गया था। बाद में हरियाणा से कुछ और श्रद्धालुओं के पहुंचने पर यह संख्या बढ़कर 99 हो गई। इनमें से कई श्रद्धालुओं की पुलिस वेरिफिकेशन पूरी नहीं हुई थी जबकि कुछ अन्य के दस्तावेज अधूरे पाए गए। सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट के आधार पर भी कुछ श्रद्धालुओं को अनुमति नहीं दी गई।
अधिकारियों ने बताया कि जिन श्रद्धालुओं ने बाद में अपने दस्तावेज पूरे कर लिए उन्हें देर शाम पाकिस्तान रवाना कर दिया गया। दो श्रद्धालुओं को गुरुवार को भी आवश्यक दस्तावेज पूरे होने के बाद भेजा गया। शेष श्रद्धालुओं को फिलहाल रोक लिया गया है।
विज्ञापन
उधर हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने श्रद्धालुओं को रोके जाने के मामले की जांच के लिए टीम भेजने की घोषणा की थी लेकिन गुरुवार शाम तक टीम अटारी नहीं पहुंची। एसजीपीसी के अतिरिक्त प्रबंधक रजिंदर सिंह ने बताया कि रोके गए सभी श्रद्धालु हरियाणा से संबंधित हैं। अन्य सभी श्रद्धालुओं को बुधवार देर रात तक क्लीयर कर पाकिस्तान भेज दिया गया था।
उल्लेखनीय है कि शहीदी गुरुपर्व के अवसर पर 14 वर्षों के अंतराल के बाद एसजीपीसी ने यह जत्था पाकिस्तान भेजा है। जत्था गुरुद्वारा डेरा साहिब लाहौर सहित अन्य ऐतिहासिक गुरुद्वारों में दर्शन करेगा और 19 जून को भारत लौटेगा।
अधिकारियों के अनुसार, शुरुआती जांच के दौरान 78 श्रद्धालुओं को रोका गया था। बाद में हरियाणा से कुछ और श्रद्धालुओं के पहुंचने पर यह संख्या बढ़कर 99 हो गई। इनमें से कई श्रद्धालुओं की पुलिस वेरिफिकेशन पूरी नहीं हुई थी जबकि कुछ अन्य के दस्तावेज अधूरे पाए गए। सुरक्षा और खुफिया एजेंसियों की रिपोर्ट के आधार पर भी कुछ श्रद्धालुओं को अनुमति नहीं दी गई।
विज्ञापन
विज्ञापन
अधिकारियों ने बताया कि जिन श्रद्धालुओं ने बाद में अपने दस्तावेज पूरे कर लिए उन्हें देर शाम पाकिस्तान रवाना कर दिया गया। दो श्रद्धालुओं को गुरुवार को भी आवश्यक दस्तावेज पूरे होने के बाद भेजा गया। शेष श्रद्धालुओं को फिलहाल रोक लिया गया है।
उधर हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने श्रद्धालुओं को रोके जाने के मामले की जांच के लिए टीम भेजने की घोषणा की थी लेकिन गुरुवार शाम तक टीम अटारी नहीं पहुंची। एसजीपीसी के अतिरिक्त प्रबंधक रजिंदर सिंह ने बताया कि रोके गए सभी श्रद्धालु हरियाणा से संबंधित हैं। अन्य सभी श्रद्धालुओं को बुधवार देर रात तक क्लीयर कर पाकिस्तान भेज दिया गया था।
उल्लेखनीय है कि शहीदी गुरुपर्व के अवसर पर 14 वर्षों के अंतराल के बाद एसजीपीसी ने यह जत्था पाकिस्तान भेजा है। जत्था गुरुद्वारा डेरा साहिब लाहौर सहित अन्य ऐतिहासिक गुरुद्वारों में दर्शन करेगा और 19 जून को भारत लौटेगा।