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तरणतारन ब्लास्ट : एनआईए को पूरक आरोपपत्र की प्रमाणित प्रति देने का आदेश
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मोहाली। विशेष राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) अदालत मोहाली ने वर्ष 2019 के तरणतारन ब्लास्ट मामले में एक महत्वपूर्ण आदेश दिया है। अदालत ने एनआईए के आवेदन को स्वीकार किया है। इसके तहत पहली पूरक आरोपपत्र की प्रमाणित प्रति उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। यह मामला 4 सितंबर 2019 को तरणतारन जिले के गांव पंडोरी गोला में हुए विस्फोट से संबंधित है। इस घटना में दो लोगों की मौत हुई थी। एक अन्य व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हुआ था। एनआईए ने 11 मार्च 2020 को इस मामले में मुख्य आरोपपत्र दाखिल किया था। जांच के दौरान, एनआईए ने 27 मार्च 2023 को आरोपी बिक्रमजीत सिंह उर्फ बिक्कर पंझवार के खिलाफ पहली पूरक आरोप पत्र पेश किया था। एनआईए की ओर से उप पुलिस अधीक्षक/मुख्य जांच अधिकारी सौरभ भारद्वाज ने अदालत में आवेदन दायर किया था।
एनआईए ने अदालत से अनुरोध किया था कि पूरक आरोपपत्र की प्रमाणित प्रतियां उपलब्ध कराई जाएं। इसमें गवाहों की सूची, उनके बयान और संबंधित दस्तावेज भी शामिल हैं। ये प्रतियां आरोपी अमृतपाल सिंह से संबंधित विचाराधीन मुकदमे में रिकॉर्ड पर प्रस्तुत की जानी हैं। अमृतपाल सिंह घटना के समय नाबालिग था। उसका मामला किशोर न्याय बोर्ड के माध्यम से अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, तरणतारन की अदालत में विचाराधीन है। विशेष एनआईए न्यायाधीश दिनेश कुमार वाधवा ने आवेदन पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया।
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एनआईए ने अदालत से अनुरोध किया था कि पूरक आरोपपत्र की प्रमाणित प्रतियां उपलब्ध कराई जाएं। इसमें गवाहों की सूची, उनके बयान और संबंधित दस्तावेज भी शामिल हैं। ये प्रतियां आरोपी अमृतपाल सिंह से संबंधित विचाराधीन मुकदमे में रिकॉर्ड पर प्रस्तुत की जानी हैं। अमृतपाल सिंह घटना के समय नाबालिग था। उसका मामला किशोर न्याय बोर्ड के माध्यम से अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश, तरणतारन की अदालत में विचाराधीन है। विशेष एनआईए न्यायाधीश दिनेश कुमार वाधवा ने आवेदन पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया।
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