फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Rajasthan ›   Jaipur News ›   jaipur neeraj murder case sanganer court petition balram property dispute investigation

Neeraj Murder Case: हत्या से पहले कोर्ट पहुंची थी नीरज, बलराम पर मकान कब्जाने के आरोप; याचिका से मिला सुराग

Wed, 22 Jul 2026 10:13 PM IST
आशुतोष प्रताप सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, जयपुर Published by: आशुतोष प्रताप सिंह Updated Wed, 22 Jul 2026 10:13 PM IST
सार

जयपुर के चर्चित नीरज हत्याकांड में जांच के दौरान नया पहलू सामने आया है। परिवार के अधिवक्ता का दावा है कि मृतका नीरज शर्मा ने हत्या से पहले सांगानेर कोर्ट में याचिका दायर कर बलराम पर प्रताड़ना और कल्याण नगर स्थित मकान पर अवैध कब्जा करने के आरोप लगाए थे।

विज्ञापन
jaipur neeraj murder case sanganer court petition balram property dispute investigation
नीरज हत्याकांड में नया खुलासा - फोटो : अमर उजाला

विस्तार

जयपुर के चर्चित नीरज हत्याकांड की जांच के बीच एक नया पहलू सामने आया है। परिवार की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता का दावा है कि मृतका नीरज शर्मा ने अपनी हत्या से पहले सांगानेर न्यायालय में याचिका दायर कर बलराम पर लगातार प्रताड़ित करने और कल्याण नगर स्थित मकान पर अवैध कब्जा करने के गंभीर आरोप लगाए थे। परिवार का कहना है कि यह याचिका पूरे मामले की जांच में अहम कड़ी साबित हो सकती है और इससे हत्या के पीछे की पृष्ठभूमि समझने में मदद मिलेगी।

विज्ञापन


हत्या से पहले अदालत में लगाई थी गुहार

परिवार की ओर से पैरवी कर रहे अधिवक्ता सीपी शर्मा ने बताया कि नीरज शर्मा ने अपनी हत्या से पहले सांगानेर न्यायालय में याचिका दायर की थी। याचिका में उन्होंने आरोप लगाया था कि बलराम उन्हें लगातार प्रताड़ित करता था और जयपुर के कल्याण नगर स्थित उनके मकान पर कब्जा कर वहीं रहने लगा था। अधिवक्ता के अनुसार, याचिका में यह भी उल्लेख किया गया था कि बलराम आयुषी के साथ उसी मकान में रह रहा था। परिवार का कहना है कि यह दस्तावेज परिवार के भीतर लंबे समय से चल रहे विवाद और तनाव का महत्वपूर्ण प्रमाण हो सकता है।

विज्ञापन

प्रताड़ना और संपत्ति विवाद का किया था जिक्र

अधिवक्ता सीपी शर्मा का दावा है कि न्यायालय में दायर याचिका में केवल संपत्ति विवाद ही नहीं, बल्कि लगातार हो रही कथित प्रताड़ना का भी विस्तार से उल्लेख किया गया था। उनके अनुसार, नीरज शर्मा ने अदालत से राहत और सुरक्षा की मांग भी की थी। अधिवक्ता का कहना है कि यदि उस समय शिकायत पर प्रभावी कार्रवाई होती, तो शायद घटनाक्रम अलग हो सकता था।

विज्ञापन
विज्ञापन


ये भी पढ़ें: Jaipur Murder Case: एक कॉल ने खोला नीरज की मौत का राज, नहीं तो सड़क हादसा बनकर रह जाती ‘मर्डर मिस्ट्री’
 

कल्याण नगर का मकान बना विवाद की जड़

परिवार का कहना है कि संपत्ति को लेकर विवाद लंबे समय से चल रहा था और कल्याण नगर स्थित मकान इस पूरे विवाद का प्रमुख केंद्र था। अधिवक्ता के अनुसार, पुलिस को न्यायालय में दायर इस याचिका और उससे जुड़े सभी तथ्यों की गहन जांच करनी चाहिए, क्योंकि इससे पूरे घटनाक्रम की पृष्ठभूमि स्पष्ट हो सकती है।

पुलिस से विस्तृत जांच की मांग

परिवार की ओर से मांग की गई है कि बलराम की गिरफ्तारी के बाद पुलिस याचिका में दर्ज आरोपों, कथित प्रताड़ना और संपत्ति विवाद से जुड़े सभी पहलुओं पर विस्तृत पूछताछ करे, ताकि हत्या के पीछे की परिस्थितियों और कथित षड्यंत्र की पूरी तस्वीर सामने आ सके।

आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं

हालांकि, इस मामले में लगाए गए आरोप परिवार के अधिवक्ता सीपी शर्मा के दावों और कथित न्यायालयीन याचिका पर आधारित हैं। इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है और संबंधित पक्ष की प्रतिक्रिया भी सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आई है।
पुलिस मामले की जांच कर रही है। इस प्रकरण में अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही स्पष्ट हो सकेंगे।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed