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झुंझुनूं में गजब का विकास: खंभे हटाए बिना ही बना दी सड़क; लोगों ने पूछा- हादसे का इंतजार कर रहा प्रशासन?
Sun, 05 Jul 2026 10:37 AM IST
झुंझुनू ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, झुंझुनू
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, झुंझुनू
Published by: झुंझुनू ब्यूरो
Updated Sun, 05 Jul 2026 10:37 AM IST
सार
झुंझुनूं शहर के वार्ड-60 में सड़क निर्माण के बाद भी बीच सड़क पर बिजली के खंभे खड़े हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि खंभे हटाने के बजाय उनके चारों ओर सड़क बना दी गई। इससे वाहन चालकों को परेशानी हो रही है और हादसे का खतरा बढ़ गया है। लोगों ने प्रशासन से तत्काल समाधान की मांग की है।
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झुंझुनू में नई बनाई सड़क के बीच से नहीं हटाए गए विद्युत के पोल
- फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
झुंझुनूं शहर के चूरू बाइपास स्थित वार्ड नंबर 60 में सड़क निर्माण का एक मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। बीरबल बाजार के सामने करीब 10 फीट चौड़ी गली में नई सड़क तो बना दी गई, लेकिन उसके बीचों-बीच खड़े बिजली के खंभों को हटाया नहीं गया। नतीजतन, लोगों को सुविधा मिलने के बजाय अब सड़क पर आवागमन के दौरान नई परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण के दौरान वर्षों पुराने बिजली के खंभों को दूसरी जगह स्थानांतरित करने के बजाय उनके चारों ओर सड़क बना दी गई। अब सड़क के बीच खड़े ये खंभे न केवल निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर रहे हैं, बल्कि लोगों की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन गए हैं।
दोपहिया चालकों और बुजुर्गों के लिए बढ़ी परेशानी
क्षेत्रवासियों के अनुसार, गली पहले से ही काफी संकरी है। ऐसे में सड़क के बीच खड़े बिजली के खंभों के कारण दोपहिया वाहन निकालना मुश्किल हो गया है। बुजुर्गों और पैदल चलने वालों को भी हर समय सावधानी बरतनी पड़ती है। रात के समय स्थिति और अधिक जोखिमपूर्ण हो जाती है, क्योंकि मामूली चूक भी दुर्घटना का कारण बन सकती है।
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'खर्च बचाने के लिए नहीं हटाए गए खंभे'
स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिजली के खंभों को हटाने में आने वाले खर्च से बचने के लिए उन्हें वहीं छोड़ दिया गया और उनके आसपास सड़क का निर्माण कर दिया गया। उनका कहना है कि निर्माण कार्य के दौरान कई बार इस समस्या की ओर संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया गया, लेकिन किसी ने इसे गंभीरता से नहीं लिया।
ये भी पढ़ें- कोटा में फूटा किसानों का गुस्सा: 'सूख रही धान की फसल, तुरंत छोड़ो नहरों का पानी'; प्रशासन को अल्टीमेटम
प्रशासन और विभागीय समन्वय पर उठे सवाल
क्षेत्र के लोगों ने सवाल उठाया कि जब सड़क निर्माण की योजना बनाई गई थी, तब बिजली विभाग और निर्माण एजेंसी के बीच समन्वय क्यों नहीं किया गया। उनका कहना है कि विकास कार्यों पर लाखों-करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं, लेकिन यदि योजनाएं सही ढंग से लागू नहीं हों तो जनता को सुविधा के बजाय असुविधा झेलनी पड़ती है।
खंभे हटाने की मांग
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से सड़क के बीच खड़े बिजली के खंभों को जल्द से जल्द हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि यह केवल आवागमन की सुविधा का नहीं, बल्कि आम लोगों की सुरक्षा का भी मामला है। यदि समय रहते समाधान नहीं किया गया तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क निर्माण के दौरान वर्षों पुराने बिजली के खंभों को दूसरी जगह स्थानांतरित करने के बजाय उनके चारों ओर सड़क बना दी गई। अब सड़क के बीच खड़े ये खंभे न केवल निर्माण कार्य की गुणवत्ता पर सवाल खड़े कर रहे हैं, बल्कि लोगों की सुरक्षा के लिए भी खतरा बन गए हैं।
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दोपहिया चालकों और बुजुर्गों के लिए बढ़ी परेशानी
क्षेत्रवासियों के अनुसार, गली पहले से ही काफी संकरी है। ऐसे में सड़क के बीच खड़े बिजली के खंभों के कारण दोपहिया वाहन निकालना मुश्किल हो गया है। बुजुर्गों और पैदल चलने वालों को भी हर समय सावधानी बरतनी पड़ती है। रात के समय स्थिति और अधिक जोखिमपूर्ण हो जाती है, क्योंकि मामूली चूक भी दुर्घटना का कारण बन सकती है।
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'खर्च बचाने के लिए नहीं हटाए गए खंभे'
स्थानीय लोगों का आरोप है कि बिजली के खंभों को हटाने में आने वाले खर्च से बचने के लिए उन्हें वहीं छोड़ दिया गया और उनके आसपास सड़क का निर्माण कर दिया गया। उनका कहना है कि निर्माण कार्य के दौरान कई बार इस समस्या की ओर संबंधित अधिकारियों का ध्यान आकर्षित किया गया, लेकिन किसी ने इसे गंभीरता से नहीं लिया।
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प्रशासन और विभागीय समन्वय पर उठे सवाल
क्षेत्र के लोगों ने सवाल उठाया कि जब सड़क निर्माण की योजना बनाई गई थी, तब बिजली विभाग और निर्माण एजेंसी के बीच समन्वय क्यों नहीं किया गया। उनका कहना है कि विकास कार्यों पर लाखों-करोड़ों रुपये खर्च किए जाते हैं, लेकिन यदि योजनाएं सही ढंग से लागू नहीं हों तो जनता को सुविधा के बजाय असुविधा झेलनी पड़ती है।
खंभे हटाने की मांग
स्थानीय नागरिकों ने प्रशासन से सड़क के बीच खड़े बिजली के खंभों को जल्द से जल्द हटाने की मांग की है। उनका कहना है कि यह केवल आवागमन की सुविधा का नहीं, बल्कि आम लोगों की सुरक्षा का भी मामला है। यदि समय रहते समाधान नहीं किया गया तो कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है।