ई-रिक्शा के बाद अब मोबाइल एप से बंद हो रहे हैं ATM?: वायरल वीडियो ने बढ़ाई चिंता, जानिए क्या कहते हैं एक्सपर्ट
ATM Control By App: हाल ही में BAT-BMS जैसे मोबाइल एप के जरिए ई-रिक्शा को रिमोट से कंट्रोल किए जाने के मामले सामने आए थे, जिसके बाद सरकार ने ऐसे एप्स पर कार्रवाई करते हुए उन्हें प्रतिबंधित कर दिया था। अब एक नया वायरल वीडियो सामने आया है, जिसमें दावा किया जा रहा है कि मोबाइल एप की मदद से ATM मशीन को भी बंद और चालू किया जा सकता है। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या बैंक और ATM मशीनें वास्तव में इतनी असुरक्षित हैं कि कोई भी व्यक्ति उन्हें मोबाइल एप से हैक या कंट्रोल कर सके? आइए जानते हैं इस दावे पर साइबर सुरक्षा विशेषज्ञ क्या कहते हैं...
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विस्तार
वीडियो में किसी का चेहरा न दिखने की वजह से उनकी पहचान स्पष्ट नहीं हो पाई है, लेकिन इतना जरूर दिखाई देता है कि वह किसी एटीएम मशीन के सामने खड़े होकर उसे कंट्रोल करने का दावा कर रहे हैं। वीडियो में इस्तेमाल किए गए एप का इंटरफेस काफी हद तक उस BAT-BMS एप जैसा दिखाई देता है, जिसका इस्तेमाल पहले ई-रिक्शा को रिमोट से बंद करने के मामलों में सामने आया था।
BAT-BMS एप पहले क्यों चर्चा में आई थी?
अभी पिछले हफ्ते ही BAT-BMS और Lossigy जैसे चीनी मोबाइल एप्स के जरिए कई ई-रिक्शा को दूर से बंद किए जाने की घटनाएं सामने आई थीं।जांच के बाद भारत सरकार के इलेक्ट्रॉनिक्स और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय (MeitY) ने गूगल प्ले स्टोर और एपल प्ले स्टोर को ऐसे एप्स को हटाने का निर्देश दिया गया था। इसके बाद BAT-BMS सहित कई एप स्टोर्स से हटा दिए गए।
क्या ATM को भी ऐसे कंट्रोल किया जा सकता है?
- इस समय यह सवाल आम जनता की दिमाग में घूम रहा है। जो कि इस वायरल वीडियो के बाद से पूछा जा रहा है। हालांकि विशेषज्ञों का कहना है कि ATM मशीनों की सुरक्षा ई-रिक्शा जैसी नहीं होती।
- एटीएम सीधे बैंक के सुरक्षित नेटवर्क, वीपीएन कनेक्शन और मल्टी-लेयर फायरवॉल से जुड़े होते हैं।
- इनके सिस्टम में कई स्तर की सुरक्षा होती है, इसलिए किसी सामान्य मोबाइल एप या ब्लूटूथ के जरिए इन्हें कंट्रोल करना संभव नहीं माना जाता।
फिर वीडियो में ऐसा कैसे दिख रहा है?
साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों के अनुसार इसके पीछे कई संभावनाएं हो सकती हैं।
- ATM पहले से ही रीबूट होने की प्रक्रिया में रहा हो।
- वीडियो रिकॉर्ड करने वाले लोगों ने सही समय पर रिकॉर्डिंग कर ऐसा भ्रम पैदा किया हो।
- वीडियो को एडिट या टाइमिंग के जरिए ऐसा दिखाया गया हो।
- इसका उद्देश्य केवल सोशल मीडिया पर व्यूज और वायरलिटी हासिल करना भी हो सकता है।
- फिलहाल ऐसा कोई प्रमाण सामने नहीं आया है जिससे यह साबित हो कि कोई सामान्य मोबाइल एप एटीएम की मशीन को दूर से ऑन या ऑफ कर सकती है।
एटीएम की सुरक्षा क्यों अलग होती है?
- एटीएम मशीनें बैंकिंग नेटवर्क का हिस्सा होती हैं और इनमें कई सुरक्षा तकनीकों जैसे सुरक्षित वीपीएन नेटवर्क, मल्टी-लेयर सिक्योरिटी फायरवॉल,
- नियंत्रित एक्सेस सिस्टम और बैंक के अधिकृत सर्वर से कनेक्टिविटी का इस्तेमाल किया जाता है। इसी वजह से इन्हें किसी सामान्य मोबाइल एप्लिकेशन से नियंत्रित करना बेहद कठिन माना जाता है।
सरकार पहले भी उठा चुकी है कदम
ई-रिक्शा वाले मामलों के बाद सरकार पहले ही BAT-BMS जैसे एप्स के खिलाफ कार्रवाई कर चुकी है। MeitY के निर्देश पर गूगल प्ले स्टोर और एपल प्ले स्टोर से ऐसे कई एप्स हटाए गए थे, जिससे कोई उनका गलत इस्तेमाल न कर सके।