फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Technology ›   Tech Diary ›   google play store investment fraud hyderabad cyber crime google response

हैदराबाद साइबर फ्रॉड: निवेश के नाम पर लाखों की ठगी, गूगल प्लेस्टोर से डाउनलोड किया था एप, कंपनी ने दी सफाई

Wed, 22 Jul 2026 11:35 PM IST
नीतीश कुमार टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
टेक डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नीतीश कुमार Updated Wed, 22 Jul 2026 11:35 PM IST
सार

क्या Google Play Store से डाउनलोड किया गया हर एप सुरक्षित होता है? हैदराबाद में सामने आए करोड़ों रुपये के साइबर फ्रॉड मामलों के बाद Google पर सवाल उठे हैं। अब कंपनी ने जांच के बाद अपनी सफाई दी है।

विज्ञापन
google play store investment fraud hyderabad cyber crime google response
फर्जी फाइनेंस एप से हुआ फ्रॉड - फोटो : FREEPIK

विस्तार

हैदराबाद में निवेश के नाम पर हुई साइबर ठगी के तीन मामलों में Google India के प्रमुख का नाम सह-आरोपी बनाए जाने के बाद Google ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। कंपनी का कहना है कि शिकायत मिलने के तुरंत बाद जांच शुरू की गई और जांच में पाया गया कि जिन एप्स का जिक्र किया गया, उनमें से सिर्फ एक एप Google Play Store पर उपलब्ध था और वह कंपनी की फाइनेंशियल सर्विसेज पॉलिसी के अनुरूप पाया गया।
विज्ञापन


Google के प्रवक्ता ने कहा कि Google Play पर किसी भी तरह की धोखाधड़ी या भ्रामक गतिविधि की अनुमति नहीं है। यदि कानूनी प्रक्रिया के तहत किसी एप को हटाने का वैध अनुरोध मिलता है, तो स्थानीय कानूनों के अनुसार उस पर कार्रवाई की जाती है।
विज्ञापन


क्या है पूरा मामला?
  • हैदराबाद साइबर क्राइम पुलिस ने तीन अलग-अलग शिकायतों के आधार पर आईटी एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में केस दर्ज किया है। 
  • विज्ञापन
    विज्ञापन
  • शिकायतकर्ताओं का आरोप है कि उन्हें ज्यादा रिटर्न का लालच देकर फर्जी निवेश और ट्रेडिंग एप डाउनलोड करवाए गए, जो Google Play Store पर उपलब्ध थे। 
  • इसी भरोसे में उन्होंने लाखों रुपये निवेश कर दिए, लेकिन बाद में न तो पैसा वापस मिला और न ही निवेश निकाला जा सका।
  • एक पीड़ित ने 24.37 लाख रुपये, दूसरे ने 17 लाख रुपये, जबकि 71 वर्षीय रिटायर्ड सरकारी कर्मचारी ने 7.42 लाख रुपये गंवाने का दावा किया है।

गूगल पर क्यों उठे सवाल?
  • शिकायतकर्ताओं का सीधा आरोप है कि एड वेरिफिकेशन और एप रिव्यू सिस्टम होने के बावजूद, गूगल अपने प्लेटफॉर्म पर ऐप्स की सही से जांच नहीं करता। इसी लापरवाही के कारण फर्जी एप्स प्ले स्टोर पर पहुंच जाते हैं।
  • पुलिस ने इन तीन शिकायतों के आधार पर जालसाजों और गूगल इंडिया हेड के खिलाफ आईटी एक्ट (IT Act) और बीएनएस (BNS) की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस जल्द ही गूगल इंडिया को नोटिस भेजकर जानकारी मांगने की तैयारी में है।

गूगल ने दी अपनी सफाई
  • इस गंभीर मामले पर गूगल ने तुरंत जांच शुरू की। बुधवार को कंपनी के एक प्रवक्ता ने स्पष्ट किया कि जिन एप्स पर धोखाधड़ी का आरोप है, उनमें से सिर्फ एक ही एप प्ले स्टोर पर मौजूद था। गूगल की आंतरिक समीक्षा में यह पाया गया कि वह इकलौता एप भी उनकी 'वित्तीय सेवा नीति' का पूरी तरह से पालन करता है।
  • प्रवक्ता ने आगे कहा, "गूगल प्ले किसी भी प्रकार के धोखे को सख्त वर्जित करता है। जब भी हमें सही कानूनी प्रक्रिया के तहत शिकायत मिलती है, तो हम उसकी समीक्षा करते हैं और स्थानीय कानूनों के तहत उचित कार्रवाई करते हुए ऐप्स को हटाते या प्रतिबंधित करते हैं।"
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News App अपने मोबाइल पे|
Get all Tech News in Hindi related to live news update of latest mobile reviews apps, tablets etc. Stay updated with us for all breaking news from Tech and more Hindi News.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed