{"_id":"6acfd291e3eef4746805c838","slug":"road-in-shambles-funeral-procession-forced-to-move-along-railway-tracks-pratapgarh-news-c-262-1-ptp1003-180129-2026-10-15","type":"story","status":"publish","title_hn":"Pratapgarh News: रास्ता बदहाल... मजबूरी में रेलवे ट्रैक से निकली अर्थी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Pratapgarh News: रास्ता बदहाल... मजबूरी में रेलवे ट्रैक से निकली अर्थी
Thu, 15 Oct 2026 12:35 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, प्रतापगढ़
Updated Thu, 15 Oct 2026 12:35 AM IST
विज्ञापन
रानीगंज के दांदूपुर कोहरान बस्ती में रास्ता न होने पर शव लेकर ट्रैक पार कर जाते ग्रामीण। सोशल म
रास्ता बदहाल होने के कारण दुर्गागंज के लोगों का जनजीवन प्रभावित है। बुधवार को एक महिला की अर्थी को रेलवे ट्रैक पार कराकर ले जाना पड़ा। इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है।
रानीगंज के दरियापुर पावर हाउस से दादूपुर कोहरान बस्ती को जोड़ने वाला कच्चा मार्ग महीनों से क्षतिग्रस्त है। इस मार्ग पर जगह-जगह जलभराव है। बस्ती तक पहुंचने के लिए रेलवे ट्रैक एक बड़ी बाधा है। यहां कोई क्रॉसिंग या अंडरपास नहीं है।
मंगलवार सुबह दुर्गागंज की 55 वर्षीय सावित्री प्रजापति का निधन हो गया। गांव तक साधन न मिलने पर उनके बेटों और परिजनों ने शव को कंधा दिया। वे तीन किलोमीटर दूर लखनऊ-वाराणसी रेलवे ट्रैक पार कर राजमार्ग पर पहुंचे। वहां से बस से शव को प्रयागराज ले जाया गया।
विज्ञापन
कई बार धरने पर बैठे। एसडीएम से लेकर डीएम को शिकायती पत्र दिया लेकिन आज तक जमीनी स्तर पर कोई न्याय नहीं मिला। हर बार सिर्फ आश्वासन मिलता है।-अशोक कुमार, दरियापुर।
मालूम है कि रेलवे ट्रैक पार करना अपराध है। फिर भी मजबूरन अपराध करना पड़ रहा है। शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाने के लिए कोई रास्ता नहीं हैं। इसलिए रेलवे ट्रैक पार होना पड़ा।-सुभाष प्रजापति, कोहरान बस्ती, दरियापुर।
मामला संज्ञान में है। केंद्र सरकार से एनओसी लेकर अंडरपास निर्माण तैयार कराने का प्रयास जारी है।-अनुराग सिंह, एसडीएम रानीगंज।
विज्ञापन
रानीगंज के दरियापुर पावर हाउस से दादूपुर कोहरान बस्ती को जोड़ने वाला कच्चा मार्ग महीनों से क्षतिग्रस्त है। इस मार्ग पर जगह-जगह जलभराव है। बस्ती तक पहुंचने के लिए रेलवे ट्रैक एक बड़ी बाधा है। यहां कोई क्रॉसिंग या अंडरपास नहीं है।
विज्ञापन
मंगलवार सुबह दुर्गागंज की 55 वर्षीय सावित्री प्रजापति का निधन हो गया। गांव तक साधन न मिलने पर उनके बेटों और परिजनों ने शव को कंधा दिया। वे तीन किलोमीटर दूर लखनऊ-वाराणसी रेलवे ट्रैक पार कर राजमार्ग पर पहुंचे। वहां से बस से शव को प्रयागराज ले जाया गया।
विज्ञापन
कई बार धरने पर बैठे। एसडीएम से लेकर डीएम को शिकायती पत्र दिया लेकिन आज तक जमीनी स्तर पर कोई न्याय नहीं मिला। हर बार सिर्फ आश्वासन मिलता है।-अशोक कुमार, दरियापुर।
मालूम है कि रेलवे ट्रैक पार करना अपराध है। फिर भी मजबूरन अपराध करना पड़ रहा है। शव को अंतिम संस्कार के लिए ले जाने के लिए कोई रास्ता नहीं हैं। इसलिए रेलवे ट्रैक पार होना पड़ा।-सुभाष प्रजापति, कोहरान बस्ती, दरियापुर।
मामला संज्ञान में है। केंद्र सरकार से एनओसी लेकर अंडरपास निर्माण तैयार कराने का प्रयास जारी है।-अनुराग सिंह, एसडीएम रानीगंज।