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Pithoragarh News: गुंजी में फंसे कैलाश मानसरोवर यात्रियों को रेस्क्यू कर कूलागाड़ से बाहर निकाला, धारचूला लौटे
Thu, 20 Aug 2026 11:13 PM IST
हल्द्वानी ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Thu, 20 Aug 2026 11:13 PM IST
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धारचूला(पिथौरागढ़)। चीन सीमा के साथ ही दारमा, व्यास और चौंदास घाटी को जोड़ने वाली तवाघाट-धारचूला सड़क पर आवाजाही शुरू नहीं हो सकी। ऐसे में तीनों घाटियों का संपर्क भी बहाल नहीं हो पाया है। इससे वहां के लोग काफी परेशान हैं। गुंजी में फंसे कैलाश मानसरोवर यात्रियों को रेस्क्यू कर कुलागाड़ से बाहर निकाला गया तब जाकर वे धारचूला लौटने के बाद चौकोड़ी रवाना हो सके।
दरअसल, तवाघाट-धारचूला हाईवे पर बीते बुधवार तड़के कुलागाड़ के पास बेली व्रिज बोल्डर गिरने से टूट गया था। इससे आवाजाही ठप हो गई। पुल टूटने से चीन सीमा के साथ ही दारमा, व्यास और चौंदास घाटी का संपर्क कटा हुआ है। बृहस्पतिवार को बीआरओ ने कुलागाड़ में वैकल्पिक मार्ग बनाकर छोटे वाहनों की आवाजाही सुचारू करने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। पुल टूटने से मानसरोवर यात्रा से लौट रहे नौवें दल के यात्री भी गुंजी में फंस गए थे। दूसरे दिन एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और प्रशासन की टीम ने यात्रियों को रेस्क्यू कर उफनते कुलागाड़ से पार कराया।
तब जाकर यात्री धारचूला पहुंचे और उन्होंने राहत की सांस ली। यहां से यात्री चौकोड़ी के लिए रवाना हुए। हाईवे पर आवाजाही शुरू न होने से सेना की चौकियों के साथ ही तीनों घाटियों में सप्लाई रुक गई है। कुलागाड़ में लोग जान जोखिम में डालकर टूटे पुल के सहारे आवाजाही करने के लिए मजबूर हैं। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ के जवान सुरक्षित तरीके से नाले को पार करने में लोगों की मदद कर रहे हैं। वहीं जेसीबी से भी कई लोगों को नाला पार कराया गया। हालांकि बीआरओ और प्रशासन जल्द वैकल्पिक मार्ग तैयार कर छोटे वाहनों की आवाजाही शुरू कराने की बात कर रहा है।
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नाले के ऊपर बन रहा है वैकल्पिक मार्ग, बारिश ने डाला खलल
धारचूला। प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक, कुलागाड़ नाले के ऊपर वैकल्पिक मार्ग तैयार किया जा रहा है। कलवर्ट में डाले जाने वाले सीमेंट के पाइप डालकर नाले के पानी को इससे गुजारा जाएगा। पाइप के ऊपर वैकल्पिक सड़क तैयार कर वाहनों की आवाजाही शुरू कराई जाएगी। बीआरओ बृहस्पतिवार को वैकल्पिक मार्ग तैयार में जुटा रहा लेकिन बारिश ने इसमें खलल डाल दिया। दोपहर बाद धारचूला क्षेत्र में बारिश शुरू हुई तो फिर से कुलागाड़ उफान पर आ गई इससे काम रोकना पड़ा। बीआरओ के मुताबिक, देर रात तक वैकल्पिक मार्ग तैयार होने की संभावना है। संवाद
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बेली व्रिज जल्द होगा तैयार
पिथौरागढ़। अधिकारियों के मुताबिक, कुलागाड़ में वर्ष 2024 में भी बेली ब्रिज बोल्डर गिरने से टूट गया था। इस संवेदनशील जगह को देखते हुए पहले से ही वहां दूसरे बेली व्रिज की सामग्री रखी गई है। जल्द ही बेली व्रिज को जोड़कर नाले के ऊपर स्थापित किया जाएगा। संवाद
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कोट-कुलागाड़ में जल्द ही वैकल्पिक मार्ग तैयार कर छोटे वाहनों की आवाजाही शुरू करा दी जाएगी। जल्द ही बेली व्रिज भी स्थापित किया जाएगा। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ को लोगों की मदद के लिए तैनात किया गया है।
आशीष कुमार भटगाईं, डीएम, पिथौरागढ़
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दरअसल, तवाघाट-धारचूला हाईवे पर बीते बुधवार तड़के कुलागाड़ के पास बेली व्रिज बोल्डर गिरने से टूट गया था। इससे आवाजाही ठप हो गई। पुल टूटने से चीन सीमा के साथ ही दारमा, व्यास और चौंदास घाटी का संपर्क कटा हुआ है। बृहस्पतिवार को बीआरओ ने कुलागाड़ में वैकल्पिक मार्ग बनाकर छोटे वाहनों की आवाजाही सुचारू करने का प्रयास किया लेकिन सफलता नहीं मिली। पुल टूटने से मानसरोवर यात्रा से लौट रहे नौवें दल के यात्री भी गुंजी में फंस गए थे। दूसरे दिन एनडीआरएफ, एसडीआरएफ और प्रशासन की टीम ने यात्रियों को रेस्क्यू कर उफनते कुलागाड़ से पार कराया।
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तब जाकर यात्री धारचूला पहुंचे और उन्होंने राहत की सांस ली। यहां से यात्री चौकोड़ी के लिए रवाना हुए। हाईवे पर आवाजाही शुरू न होने से सेना की चौकियों के साथ ही तीनों घाटियों में सप्लाई रुक गई है। कुलागाड़ में लोग जान जोखिम में डालकर टूटे पुल के सहारे आवाजाही करने के लिए मजबूर हैं। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ के जवान सुरक्षित तरीके से नाले को पार करने में लोगों की मदद कर रहे हैं। वहीं जेसीबी से भी कई लोगों को नाला पार कराया गया। हालांकि बीआरओ और प्रशासन जल्द वैकल्पिक मार्ग तैयार कर छोटे वाहनों की आवाजाही शुरू कराने की बात कर रहा है।
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नाले के ऊपर बन रहा है वैकल्पिक मार्ग, बारिश ने डाला खलल
धारचूला। प्रशासनिक अधिकारियों के मुताबिक, कुलागाड़ नाले के ऊपर वैकल्पिक मार्ग तैयार किया जा रहा है। कलवर्ट में डाले जाने वाले सीमेंट के पाइप डालकर नाले के पानी को इससे गुजारा जाएगा। पाइप के ऊपर वैकल्पिक सड़क तैयार कर वाहनों की आवाजाही शुरू कराई जाएगी। बीआरओ बृहस्पतिवार को वैकल्पिक मार्ग तैयार में जुटा रहा लेकिन बारिश ने इसमें खलल डाल दिया। दोपहर बाद धारचूला क्षेत्र में बारिश शुरू हुई तो फिर से कुलागाड़ उफान पर आ गई इससे काम रोकना पड़ा। बीआरओ के मुताबिक, देर रात तक वैकल्पिक मार्ग तैयार होने की संभावना है। संवाद
बेली व्रिज जल्द होगा तैयार
पिथौरागढ़। अधिकारियों के मुताबिक, कुलागाड़ में वर्ष 2024 में भी बेली ब्रिज बोल्डर गिरने से टूट गया था। इस संवेदनशील जगह को देखते हुए पहले से ही वहां दूसरे बेली व्रिज की सामग्री रखी गई है। जल्द ही बेली व्रिज को जोड़कर नाले के ऊपर स्थापित किया जाएगा। संवाद
कोट-कुलागाड़ में जल्द ही वैकल्पिक मार्ग तैयार कर छोटे वाहनों की आवाजाही शुरू करा दी जाएगी। जल्द ही बेली व्रिज भी स्थापित किया जाएगा। एसडीआरएफ और एनडीआरएफ को लोगों की मदद के लिए तैनात किया गया है।
आशीष कुमार भटगाईं, डीएम, पिथौरागढ़