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Pithoragarh News: पश्चिम एशिया की आंच पिथौरागढ़ तक पहुंची, झुलस रहा पर्यटन
संवाद न्यूज एजेंसी, पिथौरागढ़
Updated Mon, 16 Mar 2026 10:53 PM IST
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पिथौरागढ़। पश्चिम एशिया के युद्ध की आंच से अब सीमांत का पर्यटन व्यवसाय भी झुलसने लगा है। पहले से ही गैस संकट झेल रहे होटल कारोबारी गर्मियों का मौसम ठंडा रहने से सहमे हुए हैं। युद्ध गहराने की आशंका के बीच पर्यटक होटलों में बुकिंग भी कैंसिल करा रहे हैं। अंदाजा लगाया जा सकता है कि जिला मुख्यालय के साथ ही पर्यटन नगरी मुनस्यारी, धारचूला, चौकोड़ी में 120 से अधिक पर्यटकों ने पर्यटक आवास गृह, होटल और होम स्टे की बुकिंग कैंसिल कराई है। यह सूची हर दिन लंबी हो रही है इससे कारोबारी परेशान हैं।
पिछले तीन-चार वर्षों से सीमांत जिले में पर्यटन गतिविधियां बढ़ने से लाखों की तादाद में पर्यटक सीमांत की खूबसूरत वादियों में उमड़ने लगे हैं। आदि कैलाश, ओम पर्वत, पंचाचूली दर्शन के साथ ही अन्य जगहों पर भी पर्यटकों का जमावड़ा रहता है। अप्रैल से मानसून काल तक पर्यटकों की आवाजाही से होटल, होम स्टे, रेस्टोरेंट, टैक्सी संचालकों के चेहरे भी खिले रहते हैं।
कारोबारियों को आशंका है कि यदि शीघ्र युद्ध पर विराम नहीं लगा तो रसोई गैस के साथ ही पेट्रोल, डीजल समेत अन्य वस्तुओं का संकट भी गहरा सकता है। ऐसे में पर्यटक कहां से आएगा। गर्मियों के मौसम में मैदानी क्षेत्रों से पर्यटक पहले से ही केएमवीएन समेत अन्य होटलों में बुकिंग करा लेते थे लेकिन अभी वे आशंकित हैं। पहले से की गई बुकिंग भी पर्यटक कैंसिल करा रहे हैं।
पर्यटक आवास गृह चौकोड़ी के प्रबंधक दीप पंत ने बताया कि आठ पर्यटकों ने बुकिंग कैंसिल कराई है। उनका कहना है कि युद्ध का असर पर्यटन पर नकारात्मक पड़ सकता है।
पर्यटक आवास गृह मुनस्यारी के प्रबंधक केदार सिंह ने बताया कि अब तक छह बुकिंग कैंसिल हुई हैं। उन्होंने बताया कि व्यवस्थाओं को लेकर पर्यटक लगातार पूछताछ कर रहे हैं। बताया कि पर्यटकों के भोजन व्यवस्था के लिए 10-10 किलो के चार सिलिंडर लाए थे वह भी खत्म होने की स्थिति में हैं। यही हाल निजी होटलों का है।
होटल कारोबारियों ने बताया कि मुनस्यारी, धारचूला, चौकोड़ी में अब तक 110 से अधिक बुकिंग कैंसिल हुई हैं।
चौकोड़ी में चूल्हा बनाकर की वैकल्पिक व्यवस्था
पिथौरागढ़। बेड़ीनाग स्थित चौकोड़ी में पर्यटकों की आवाजाही लगी रहती है। टीआरसी प्रबंधक दीप पंत ने बताया कि सिलिंडरों की आपूर्ति चरमराने की दशा में पर्यटकों के भोजन के लिए वैकल्पिक रूप से चूल्हा तैयार किया गया है। संवाद
पिछले वर्ष 3.87 लाख पर्यटक पहुंचे पिथौरागढ़
पिथौरागढ़। पर्यटन विभाग के मुताबिक पिछले वर्ष 3.87 लाख पर्यटक सीमांत जिले की हसीन वादियों का आनंद लेने यहां पहुंचे जो अब तक का रिकार्ड है। जिला पर्यटन अधिकारी कीर्ति चंद्र आर्या ने बताया कि इसमें विदेशी पर्यटकों की संख्या 643 थी। अप्रैल से पर्यटक मौसम शुरू हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इस बार भी यहां पहुंचने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, ऐसी उम्मीद है।
- बोले होटल कारोबारी
पर्यटक बुकिंग कैंसिल करा रहे हैं। आगामी दिनों में स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो पर्यटन व्यवसाय पर बेहद नकारात्मक असर पड़ेगा। - राजेंद्र भट्ट, जिलाध्यक्ष, होटल एसोसिएशन, पिथौरागढ़
- मुनस्यारी में मार्च से बुकिंग शुरू हो जाती है। इस बार भी बुकिंग हुईं। रसोई गैस और युद्ध के संकट के बीच पर्यटक बुकिंग कैंसिल करा रहे हैं। यदि हालात नहीं सुधरे तो इसका सीधा असर जिले के पर्यटन कारोबार पर पड़ेगा। - पूरन पांडे, अध्यक्ष, होटल एसोसिएशन, मुनस्यारी
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पिछले तीन-चार वर्षों से सीमांत जिले में पर्यटन गतिविधियां बढ़ने से लाखों की तादाद में पर्यटक सीमांत की खूबसूरत वादियों में उमड़ने लगे हैं। आदि कैलाश, ओम पर्वत, पंचाचूली दर्शन के साथ ही अन्य जगहों पर भी पर्यटकों का जमावड़ा रहता है। अप्रैल से मानसून काल तक पर्यटकों की आवाजाही से होटल, होम स्टे, रेस्टोरेंट, टैक्सी संचालकों के चेहरे भी खिले रहते हैं।
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कारोबारियों को आशंका है कि यदि शीघ्र युद्ध पर विराम नहीं लगा तो रसोई गैस के साथ ही पेट्रोल, डीजल समेत अन्य वस्तुओं का संकट भी गहरा सकता है। ऐसे में पर्यटक कहां से आएगा। गर्मियों के मौसम में मैदानी क्षेत्रों से पर्यटक पहले से ही केएमवीएन समेत अन्य होटलों में बुकिंग करा लेते थे लेकिन अभी वे आशंकित हैं। पहले से की गई बुकिंग भी पर्यटक कैंसिल करा रहे हैं।
पर्यटक आवास गृह चौकोड़ी के प्रबंधक दीप पंत ने बताया कि आठ पर्यटकों ने बुकिंग कैंसिल कराई है। उनका कहना है कि युद्ध का असर पर्यटन पर नकारात्मक पड़ सकता है।
पर्यटक आवास गृह मुनस्यारी के प्रबंधक केदार सिंह ने बताया कि अब तक छह बुकिंग कैंसिल हुई हैं। उन्होंने बताया कि व्यवस्थाओं को लेकर पर्यटक लगातार पूछताछ कर रहे हैं। बताया कि पर्यटकों के भोजन व्यवस्था के लिए 10-10 किलो के चार सिलिंडर लाए थे वह भी खत्म होने की स्थिति में हैं। यही हाल निजी होटलों का है।
होटल कारोबारियों ने बताया कि मुनस्यारी, धारचूला, चौकोड़ी में अब तक 110 से अधिक बुकिंग कैंसिल हुई हैं।
चौकोड़ी में चूल्हा बनाकर की वैकल्पिक व्यवस्था
पिथौरागढ़। बेड़ीनाग स्थित चौकोड़ी में पर्यटकों की आवाजाही लगी रहती है। टीआरसी प्रबंधक दीप पंत ने बताया कि सिलिंडरों की आपूर्ति चरमराने की दशा में पर्यटकों के भोजन के लिए वैकल्पिक रूप से चूल्हा तैयार किया गया है। संवाद
पिछले वर्ष 3.87 लाख पर्यटक पहुंचे पिथौरागढ़
पिथौरागढ़। पर्यटन विभाग के मुताबिक पिछले वर्ष 3.87 लाख पर्यटक सीमांत जिले की हसीन वादियों का आनंद लेने यहां पहुंचे जो अब तक का रिकार्ड है। जिला पर्यटन अधिकारी कीर्ति चंद्र आर्या ने बताया कि इसमें विदेशी पर्यटकों की संख्या 643 थी। अप्रैल से पर्यटक मौसम शुरू हो जाएगा। उन्होंने कहा कि इस बार भी यहां पहुंचने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़ेगी, ऐसी उम्मीद है।
- बोले होटल कारोबारी
पर्यटक बुकिंग कैंसिल करा रहे हैं। आगामी दिनों में स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो पर्यटन व्यवसाय पर बेहद नकारात्मक असर पड़ेगा। - राजेंद्र भट्ट, जिलाध्यक्ष, होटल एसोसिएशन, पिथौरागढ़
- मुनस्यारी में मार्च से बुकिंग शुरू हो जाती है। इस बार भी बुकिंग हुईं। रसोई गैस और युद्ध के संकट के बीच पर्यटक बुकिंग कैंसिल करा रहे हैं। यदि हालात नहीं सुधरे तो इसका सीधा असर जिले के पर्यटन कारोबार पर पड़ेगा। - पूरन पांडे, अध्यक्ष, होटल एसोसिएशन, मुनस्यारी