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Tehri News: नई टिहरी की जाम नालियां बढ़ा रही मानसून में जलभराव का खतरा
संवाद न्यूज एजेंसी, टिहरी
Updated Tue, 23 Jun 2026 05:35 PM IST
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साढ़े आठ करोड़ से हो रहा सड़कों का डामरीकरण जल निकासी की व्यवस्था नही
नई टिहरी। मानसून से निपटने के लिए नगर पालिका नई टिहरी की तैयारियां फिलहाल कागजों तक ही सिमट कर रह गई है। एक ओर नगर क्षेत्र में करोड़ों की धनराशि खर्च कर इन दिनों नगर पालिका सड़कों का डामरीकरण करवा रही है वहीं दूसरी ओर सड़कों के किनारे बनी नालियां कूड़े-कचरे और मलबे से अटी पड़ी हैं। कई स्थानों पर नालियां पूरी तरह बंद हैं। ऐसी स्थिति में मानसून की पहली बारिश का पानी सड़क किनारे स्थित घरों व दुकानों में घुसने का खतरा बना हुआ है।
नगर पालिका इन दिनों करीब साढ़े आठ करोड़ रुपये की लागत से नगर क्षेत्र की 18 किलोमीटर सड़कों का डामरीकरण करा रही है लेकिन बारिश के पानी की निकासी के लिए नालियों की सफाई और मरम्मत पर ध्यान नहीं दे रही है। नगर क्षेत्र के मोलधार, आंचल डेयरी, जेल रोड, ऑल सेंट कॉन्वेंट स्कूल और जिला अस्पताल बौराड़ी के आसपास कई स्थानों पर नालियां लंबे समय से बंद पड़ी हैं। नालियों में जमा कूड़ा-कचरा और मलबा पानी की निकासी में बाधा बना हुआ है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात के दौरान नालियां ओवरफ्लो होने का खतरा बना रहता है। यदि समय रहते नालियों की सफाई नहीं हुई तो बारिश का पानी सड़कों पर बहने के साथ ही आसपास के मकानों और दुकानों के अंदर घुस सकता है। लोग नगर पालिका से नालियों की सफाई और मरम्मत की मांग करते आ रहे हैं लेकिन समस्या जस की तस बनी है। मानसून से पहले यदि नालियों की सफाई नहीं हुई तो सड़कों पर इन दिनों जो डामर बिछाया जा रहा है वह मलबे से उखड़ सकता है। सड़कें फिर से क्षतिग्रस्त हो सकती है।
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नगर क्षेत्र में नालियों की मरम्मत और उनमें जमा मलबा हटाने का कार्य किया जा रहा है। मानसून अवधि में तीन माह के लिए श्रमिकों की संख्या बढ़ाने और नालियों की सफाई के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
- वासुदेव डंगवाल, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका नई टिहरी
नई टिहरी। मानसून से निपटने के लिए नगर पालिका नई टिहरी की तैयारियां फिलहाल कागजों तक ही सिमट कर रह गई है। एक ओर नगर क्षेत्र में करोड़ों की धनराशि खर्च कर इन दिनों नगर पालिका सड़कों का डामरीकरण करवा रही है वहीं दूसरी ओर सड़कों के किनारे बनी नालियां कूड़े-कचरे और मलबे से अटी पड़ी हैं। कई स्थानों पर नालियां पूरी तरह बंद हैं। ऐसी स्थिति में मानसून की पहली बारिश का पानी सड़क किनारे स्थित घरों व दुकानों में घुसने का खतरा बना हुआ है।
नगर पालिका इन दिनों करीब साढ़े आठ करोड़ रुपये की लागत से नगर क्षेत्र की 18 किलोमीटर सड़कों का डामरीकरण करा रही है लेकिन बारिश के पानी की निकासी के लिए नालियों की सफाई और मरम्मत पर ध्यान नहीं दे रही है। नगर क्षेत्र के मोलधार, आंचल डेयरी, जेल रोड, ऑल सेंट कॉन्वेंट स्कूल और जिला अस्पताल बौराड़ी के आसपास कई स्थानों पर नालियां लंबे समय से बंद पड़ी हैं। नालियों में जमा कूड़ा-कचरा और मलबा पानी की निकासी में बाधा बना हुआ है।
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स्थानीय लोगों का कहना है कि बरसात के दौरान नालियां ओवरफ्लो होने का खतरा बना रहता है। यदि समय रहते नालियों की सफाई नहीं हुई तो बारिश का पानी सड़कों पर बहने के साथ ही आसपास के मकानों और दुकानों के अंदर घुस सकता है। लोग नगर पालिका से नालियों की सफाई और मरम्मत की मांग करते आ रहे हैं लेकिन समस्या जस की तस बनी है। मानसून से पहले यदि नालियों की सफाई नहीं हुई तो सड़कों पर इन दिनों जो डामर बिछाया जा रहा है वह मलबे से उखड़ सकता है। सड़कें फिर से क्षतिग्रस्त हो सकती है।
नगर क्षेत्र में नालियों की मरम्मत और उनमें जमा मलबा हटाने का कार्य किया जा रहा है। मानसून अवधि में तीन माह के लिए श्रमिकों की संख्या बढ़ाने और नालियों की सफाई के लिए टेंडर प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
- वासुदेव डंगवाल, अधिशासी अधिकारी नगर पालिका नई टिहरी