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Uttarkashi News: लकड़ी के पुल से जान जोखिम में डालकर आरपार हो रहे स्कूली बच्चे

Mon, 03 Aug 2026 06:08 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी
संवाद न्यूज एजेंसी, उत्तर काशी Updated Mon, 03 Aug 2026 06:08 PM IST
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School children risking their lives to cross a wooden bridge.
सिरी गांव के ढुंग तोक में आपदा में बही पुलिया का नहीं हो पाया निर्माण
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उत्तरकाशी। डुंडा ब्लॉक के सिरी गांव के ढुंग तोक में आपदा में बही पुलिया का निर्माण दो साल बाद भी नहीं हो पाया है। इससे ग्रामीणों और स्कूली बच्चों को रोजाना जान जोखिम में डालकर लकड़ी की अस्थायी पुलिया से आवाजाही करनी पड़ रही है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि जल्द स्थायी पुल का निर्माण नहीं हुआ तो आंदोलन किया जाएगा।
ग्राम प्रधान तेजपाल राणा, नितिन नौटियाल, फूल सिंह रावत, मालचंद राणा और दिनेश राणा ने बताया कि बीते दो साल पहले आपदा में ढुंग तोक के पास सिरी गाड पर बनी पुलिया बह गई थी। इसके बाद ग्रामीणों ने अपने स्तर पर लकड़ी की अस्थायी पुलिया बनाकर आवागमन शुरू किया लेकिन अब उसकी लकड़ियां भी सड़ने लगी हैं। ऐसे में पुलिया कभी भी टूट सकती है।
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उन्होंने कहा कि सबसे अधिक परेशानी स्कूली बच्चों को उठानी पड़ रही है। अभिभावकों को हर दिन बच्चों की सुरक्षा की चिंता सताती रहती है। बरसात में गाड का जलस्तर बढ़ने और तेज बहाव के कारण जोखिम कई गुना बढ़ जाता है। कहा कि पुल निर्माण की मांग को लेकर कई बार शासन और प्रशासन को ज्ञापन सौंपे गए लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। उन्होंने प्रशासन से जल्द पक्की पुलिया का निर्माण कराने की मांग की। साथ ही मांग पूरी नहीं होने पर आंदोलन की चेतावनी दी।
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