World Updates: ट्रंप की राह पर यूरोपीय संघ; श्रीलंकाई राष्ट्रपति ने मदद के लिए पीएम मोदी का जताया आभार
ट्रंप की नीतयों की जमकर सराहना
2015 में लगभग 10 लाख लोग शरण लेने के लिए यूरोपीय देशों में पहुंचे थे। वॉन डेर लेयेन ने कहा, हमने अतीत से सबक सीखा है। आज हम बेहतर ढंग से तैयार हैं। प्रवासन और शरण समझौते के रूप में जानी जाने वाली ये नई नीतियां 12 जून से प्रभावी होंगी। यूरोप में धुर दक्षिणपंथी दलों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की निर्वासन नीतियों की प्रशंसा की है।
श्रीलंका के राष्ट्रपति अनुरा कुमारा दिसानायके ने श्रीलंका में ईंधन आपूर्ति बाधाओं को दूर करने के लिए पीएम नरेंद्र मोदी को धन्यवाद दिया है। पश्चिम एशिया संकट के बीच भारत ने शनिवार को कोलंबो में 38,000 मीट्रिक टन ईंधन की खेप भेजी। दिसानायके ने सोशल मीडिया पर भारत की त्वरित सहायता की सराहना की और विदेश मंत्री एस जयशंकर के साथ बेहतर समन्वय के लिए भी उनका आभार व्यक्त किया।
चीन द्वारा लागू किए गए नए जातीय ढांचे ने तिब्बत में सांस्कृतिक और भाषाई अस्तित्व पर गंभीर संकट पैदा कर दिया है। केंद्रीय तिब्बती प्रशासन (सीटीए) के प्रतिनिधियों ने चेक गणराज्य में उच्च स्तरीय बैठकों के दौरान इस मुद्दे को उठाया। प्रतिनिधिमंडल ने चेतावनी दी कि यह कानून तिब्बती भाषा, धार्मिक प्रथाओं और पहचान को मिटाकर जबरन आत्मसात करने की कोशिश है। चेक गणराज्य के सांसदों और अमेरिकी दूतावास के अधिकारियों ने तिब्बत की जमीनी स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए अंतरराष्ट्रीय सहयोग और समर्थन का आश्वासन दिया है।
टॉप गन और बैक टू द फ्यूचर जैसी फिल्मों में यादगार भूमिकाएं निभाने वाले दिग्गज अभिनेता जेम्स टोल्कन का 94 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके एजेंट जॉन अल्कांतार ने शनिवार को बताया कि टोल्कन ने न्यूयॉर्क के लेक प्लेसिड स्थित अपने आवास पर अंतिम सांस ली। हालांकि मौत के कारणों का खुलासा नहीं किया गया है, लेकिन बैक टू द फ्यूचर की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के अनुसार उनका निधन प्राकृतिक तरीके से हुआ।
खैबर पख्तूनख्वा और पंजाब प्रांत में भारी बारिश का कहर
पाकिस्तान के खैबर पख्तूनख्वा और पंजाब प्रांत में भारी बारिश और तेज हवाओं ने कहर मचा दिया है। अलग-अलग हादसों में कम से कम नौ लोगों की मौत हो गई और कई लोग घायल हो गए। रेस्क्यू अधिकारियों के मुताबिक, सबसे ज्यादा नुकसान खैबर पख्तूनख्वा के बन्नू इलाके में हुआ, जहां तेज बारिश के कारण कई इमारतें गिर गईं। बन्नू के कोटका गुलाम कादिर इलाके में एक मस्जिद का बरामदा गिरने से तीन लोगों की मौत हो गई। ये लोग बारिश से बचने के लिए वहां रुके हुए थे। वहीं, एक अन्य घटना में जर्जर घर की छत गिरने से तीन बच्चों की जान चली गई और दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
पंजाब के लाहौर के बादामी बाग इलाके में भी एक घर की छत गिरने से दो लोगों की मौत हो गई और दो लोग घायल हो गए। इसके अलावा बहावलपुर में एक 70 साल के बुजुर्ग की फिसलकर गिरने से मौत हो गई। मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों तक तेज हवाएं, गरज-चमक और भारी बारिश जारी रह सकती है। इससे बाढ़ जैसे हालात बनने का खतरा भी बढ़ गया है, इसलिए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।