Bihar: दरभंगा को जल्द मिलेगी औद्योगिक सौगात, अशोक पेपर मिल की 400 एकड़ जमीन पर लगेगा बड़ा उद्योग; संजय सरावगी
Bihar: दरभंगा में 33वें पुष्प प्रदर्शनी का उद्घाटन भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने किया। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शीघ्र अशोक पेपर मिल की 400 एकड़ भूमि पर बड़े उद्योग की घोषणा करेंगे।
विस्तार
नए साल की पूर्व संध्या पर उत्तरी बिहार उद्यान समिति की ओर से आयोजित 33वें वार्षिक पुष्प प्रदर्शनी का उद्घाटन भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने किया। इस अवसर पर डीआईजी स्वप्ना गौतम मेश्राम सहित कई गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
उद्घाटन के बाद मीडिया से बातचीत में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार शीघ्र ही दरभंगा को उद्योग के क्षेत्र में बड़ी सौगात देने वाले हैं। उन्होंने बताया कि बंद पड़े अशोक पेपर मिल की लगभग 400 एकड़ भूमि पर एक बड़े उद्योग की स्थापना की जाएगी, जिसकी घोषणा स्वयं मुख्यमंत्री करेंगे। इससे दरभंगा सहित पूरे मिथिलांचल के विकास को नई गति मिलेगी।
पुष्प प्रदर्शनी के दौरान प्लांटमैन ऑफ दरभंगा, प्रख्यात चिकित्सक एवं पुष्प प्रेमी डॉ. रामबाबू खेतान को लाइफटाइम अचीवमेंट अवार्ड से सम्मानित किया गया। वहीं, तालाब संरक्षण के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए मो. तसीम नवाब को भी समिति की ओर से सम्मान प्रदान किया गया।
पढे़ं; पूर्णिया में भाजपा जिलाध्यक्ष से ठगी, बिजली बिल अपडेट करने के नाम पर दो खातों से उड़ाए 85 हजार
उद्घाटन के बाद पुष्प प्रदर्शनी देखने के लिए आम लोगों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। उल्लेखनीय है कि दरभंगा के साथ-साथ मधुबनी और आसपास के जिलों से भी बड़ी संख्या में लोग हर वर्ष नए साल के अवसर पर इस पुष्प प्रदर्शनी को देखने पहुंचते हैं। प्रदर्शनी में करीब पांच हजार से अधिक फूलों के गमले लोगों के आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
उत्तरी बिहार उद्यान समिति की अध्यक्ष लता खेतान ने स्वागत संबोधन में कहा कि संस्था का उद्देश्य जनमानस में प्रकृति प्रेम, हरियाली, जल संरक्षण और भूमि की उर्वरता के प्रति जागरूकता फैलाना है। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजनों के माध्यम से समाज को पर्यावरण से जोड़ने का निरंतर प्रयास किया जा रहा है।
वहीं समिति के महासचिव राघवेंद्र कुमार ने कहा कि पुष्प प्रदर्शनी न केवल आंखों को सुकून देती है, बल्कि प्रकृति संरक्षण और संवर्धन का सशक्त माध्यम भी है। उन्होंने स्कूली बच्चों की सक्रिय भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि यही बच्चे भविष्य में पर्यावरण संरक्षण की मजबूत नींव बनेंगे।