{"_id":"68d4b277a5bbee7f430c4ed3","slug":"bihar-news-commissioner-explanation-notice-madhepura-dm-over-misleading-report-transfer-posting-kosi-news-c-1-1-noi1373-3445272-2025-09-25","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bihar News : भ्रामक प्रतिवेदन पर कमिश्नर ने DM से मांगा स्पष्टीकरण, कर्मियों के ट्रांसफर पोस्टिंग से जुड़ा है","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bihar News : भ्रामक प्रतिवेदन पर कमिश्नर ने DM से मांगा स्पष्टीकरण, कर्मियों के ट्रांसफर पोस्टिंग से जुड़ा है
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मधेपुरा
Published by: कोसी ब्यूरो
Updated Thu, 25 Sep 2025 09:49 AM IST
विज्ञापन
सार
कोसी प्रमंडल के कमिश्नर राजेश कुमार ने मधेपुरा जिला पदाधिकारी को भ्रामक प्रतिवेदन देने पर चेतावनी दी है और तीन दिनों के भीतर विस्तृत विवरणी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है।
मधेपुरा समाहरणालय
- फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
विस्तार
कोसी प्रमंडल के कमिश्नर राजेश कुमार ने मधेपुरा जिला पदाधिकारी को भ्रामक प्रतिवेदन प्रस्तुत करने के मामले में चेतावनी दी है और तीन दिनों के भीतर विस्तृत विवरणी उपलब्ध कराने का निर्देश दिया है। आयुक्त ने अपने पत्रांक-1922 दिनांक 12 अप्रैल 2025 के संदर्भ में कहा कि पहले भी निर्देश दिया गया था कि विगत तीन वर्षों में जून माह से अलग किसी भी समय किए गए स्थानांतरण, पदस्थापन अथवा प्रतिनियुक्ति से संबंधित आदेशों की प्रति तालिका सहित उपलब्ध कराई जाए।
लेकिन लंबे समय बीत जाने के बावजूद जिला पदाधिकारी की ओर से प्रतिवेदन उपलब्ध नहीं कराया गया। आयुक्त ने कहा कि जिला स्थापना उप समाहर्ता द्वारा भेजा गया प्रतिवेदन वर्ष 2022-24 से संबंधित है, जो वर्तमान पदस्थापन अवधि से पूर्व का है। इसे प्रथमदृष्ट्या भ्रामक बताते हुए उन्होंने इसे अनुशासनहीनता और संदेहास्पद कार्यशैली का संकेत बताया।
आयुक्त ने यह भी उल्लेख किया कि इस संबंध में शिकायत प्राप्त हुई थी कि जिला पदाधिकारी स्तर से मनमाने ढंग से जून माह से अलग कर्मियों का स्थानांतरण, पदस्थापन और प्रतिनियुक्ति की जा रही है, जो सरकारी प्रावधानों का उल्लंघन है।
ये भी पढ़ें- CWC Meeting LIVE: 'बिहार में आया नीतीश गया नीतीश', खरगे के कसा तंज; राहुल गांधी ने बताया 'इंडिया' लक्ष्य
आयुक्त ने अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि डीएम अपने पदस्थापन काल में जून माह से भिन्न किए गए सभी स्थानांतरण, पदस्थापन और प्रतिनियुक्ति की पूरी विवरणी तीन दिनों के भीतर आदेशों की प्रति सहित उपलब्ध कराएं। साथ ही स्पष्ट करें कि यदि ऐसे आदेश दिए गए हैं तो अधोहस्ताक्षरी से अनुमोदन क्यों नहीं लिया गया। इस मामले की समीक्षा 27 सितंबर 2025 को प्रमंडलीय आयुक्त स्वयं करेंगे। समीक्षा बैठक में जिला स्थापना उप समाहर्ता एवं जिला स्थापना शाखा के प्रधान लिपिक सभी संगत अभिलेखों के साथ उपस्थित रहेंगे।
Trending Videos
लेकिन लंबे समय बीत जाने के बावजूद जिला पदाधिकारी की ओर से प्रतिवेदन उपलब्ध नहीं कराया गया। आयुक्त ने कहा कि जिला स्थापना उप समाहर्ता द्वारा भेजा गया प्रतिवेदन वर्ष 2022-24 से संबंधित है, जो वर्तमान पदस्थापन अवधि से पूर्व का है। इसे प्रथमदृष्ट्या भ्रामक बताते हुए उन्होंने इसे अनुशासनहीनता और संदेहास्पद कार्यशैली का संकेत बताया।
विज्ञापन
विज्ञापन
आयुक्त ने यह भी उल्लेख किया कि इस संबंध में शिकायत प्राप्त हुई थी कि जिला पदाधिकारी स्तर से मनमाने ढंग से जून माह से अलग कर्मियों का स्थानांतरण, पदस्थापन और प्रतिनियुक्ति की जा रही है, जो सरकारी प्रावधानों का उल्लंघन है।
ये भी पढ़ें- CWC Meeting LIVE: 'बिहार में आया नीतीश गया नीतीश', खरगे के कसा तंज; राहुल गांधी ने बताया 'इंडिया' लक्ष्य
आयुक्त ने अंतिम चेतावनी देते हुए कहा कि डीएम अपने पदस्थापन काल में जून माह से भिन्न किए गए सभी स्थानांतरण, पदस्थापन और प्रतिनियुक्ति की पूरी विवरणी तीन दिनों के भीतर आदेशों की प्रति सहित उपलब्ध कराएं। साथ ही स्पष्ट करें कि यदि ऐसे आदेश दिए गए हैं तो अधोहस्ताक्षरी से अनुमोदन क्यों नहीं लिया गया। इस मामले की समीक्षा 27 सितंबर 2025 को प्रमंडलीय आयुक्त स्वयं करेंगे। समीक्षा बैठक में जिला स्थापना उप समाहर्ता एवं जिला स्थापना शाखा के प्रधान लिपिक सभी संगत अभिलेखों के साथ उपस्थित रहेंगे।