Bihar News: पेपर लीक पर संसद में गरजे संजय कुमार झा, बोले- युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ अब नहीं चलेगा
राज्यसभा में लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा के दौरान जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और सांसद संजय कुमार झा ने कहा कि यह कानून केवल पेपर लीक रोकने के लिए नहीं, बल्कि करोड़ों युवाओं के भविष्य और उनकी मेहनत की रक्षा के लिए है।
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राज्यसभा में गुरुवार को लोक परीक्षा (अनुचित साधन निवारण) संशोधन विधेयक, 2026 पर चर्चा के दौरान जनता दल (यूनाइटेड) के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद संजय कुमार झा ने विधेयक का जोरदार समर्थन किया। उन्होंने कहा कि यह कानून केवल प्रश्नपत्र लीक रोकने के लिए नहीं, बल्कि देश के करोड़ों युवाओं की मेहनत, उनके सपनों और भविष्य की रक्षा के लिए लाया गया है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों से अपील की कि इस मुद्दे को राजनीति से ऊपर उठकर देखा जाए।
'पेपर लीक से केवल परीक्षा नहीं, व्यवस्था पर भरोसा भी टूटता है'
संजय कुमार झा ने कहा कि जब कोई छात्र परीक्षा देता है तो उसके पीछे वर्षों की मेहनत, माता-पिता का त्याग और बेहतर भविष्य का सपना जुड़ा होता है। ऐसे में जब प्रश्नपत्र लीक होता है तो सिर्फ परीक्षा की गोपनीयता भंग नहीं होती, बल्कि पूरी व्यवस्था पर लोगों का भरोसा भी कमजोर पड़ता है।
उन्होंने कहा कि किसी भी लोकतंत्र के लिए इससे बड़ी चिंता की बात नहीं हो सकती कि उसकी युवा पीढ़ी अपनी संस्थाओं पर विश्वास खोने लगे। इसलिए इस विषय को राजनीतिक लाभ-हानि के तराजू पर नहीं तौला जाना चाहिए।
'यह किसी एक सरकार की नहीं, पूरे देश की चुनौती'
जदयू सांसद ने कहा कि अलग-अलग राज्यों में, अलग-अलग समय पर और विभिन्न राजनीतिक दलों की सरकारों के दौरान पेपर लीक जैसी घटनाएं सामने आई हैं। इसकी सबसे बड़ी कीमत हमेशा छात्रों को चुकानी पड़ी है।
उन्होंने कहा कि यह किसी एक दल या सरकार की विफलता का सवाल नहीं, बल्कि एक राष्ट्रीय चुनौती है और इसका समाधान भी राष्ट्रीय सोच के साथ ही निकाला जाना चाहिए।
'परीक्षा माफिया के खिलाफ सख्त कानून जरूरी'
संजय कुमार झा ने कहा कि परीक्षा माफिया तकनीक, धनबल और संगठित नेटवर्क के जरिए युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ कर रहे हैं। ऐसे अपराधों के खिलाफ प्रभावी कानूनी व्यवस्था तैयार करना संसद की जिम्मेदारी है और यह संशोधन विधेयक उसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
शिक्षा क्षेत्र में सुधारों का किया जिक्र
चर्चा के दौरान उन्होंने कहा कि पिछले 12 वर्षों में देश में शिक्षा के क्षेत्र में बड़े बदलाव हुए हैं। ग्रॉस एनरोलमेंट रेशियो में लगातार वृद्धि हुई है। इसके साथ ही मेडिकल कॉलेजों और एमबीबीएस सीटों की संख्या वर्ष 2014 की तुलना में अब दोगुनी से भी अधिक हो गई है।
हाई-पावर्ड टास्क फोर्स का भी किया उल्लेख
संजय कुमार झा ने कहा कि केंद्र सरकार ने इस संशोधन विधेयक के साथ-साथ परीक्षा प्रणाली में तकनीक के बेहतर इस्तेमाल और व्यापक सुधारों के लिए नंदन निलेकणी की अध्यक्षता में एक हाई-पावर्ड टास्क फोर्स का गठन किया है।
उन्होंने बताया कि इस टास्क फोर्स में पूर्व इसरो अध्यक्ष एस. सोमनाथ सहित कई विशेषज्ञ शामिल हैं। उन्होंने कहा कि सरकार ने पूरी संवेदनशीलता के साथ यह पहल की है। अब सभी दलों की जिम्मेदारी है कि इस विधेयक को पारित कर देश के युवाओं को यह भरोसा दिलाएं कि उनकी मेहनत और भविष्य सुरक्षित है।
संजीव मुखिया को लेकर विपक्ष को दिया जवाब
राज्यसभा में चर्चा के दौरान नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान का जवाब देते हुए संजय कुमार झा ने कहा कि पेपर लीक के आरोपी संजीव मुखिया को छोड़ा नहीं गया है। उन्होंने कहा कि वह आज भी बक्सर सेंट्रल जेल में बंद है और उसके खिलाफ इतने मामले दर्ज हैं कि उसके बाहर आने की संभावना बेहद कम है।
दिल्ली आंदोलन पर भी उठाए सवाल
संजय कुमार झा ने कहा कि दिल्ली में छात्रों का आंदोलन पूरी तरह जायज था और उनकी भावनाओं का सम्मान किया जाना चाहिए। लेकिन उन्होंने एक न्यूज चैनल की रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि दुबई के 23 कारोबारियों को टिकट देकर प्रदर्शन में भेजे जाने की खबर सामने आई थी।
उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर नीट पेपर लीक से उन लोगों का क्या संबंध था। उन्होंने कहा कि इस बात की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए कि कहीं आंदोलन को बाहरी ताकतों ने प्रभावित करने की कोशिश तो नहीं की थी।