Ambikapur News: ब्रह्माकुमारी संस्थान की नशे के खिलाफ मुहिम, युवाओं से नशे से दूर रहने का आह्वान
नशे के खिलाफ जनजागरण को गति देने के उद्देश्य से सरगुजा संभाग में ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय में नशामुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान का शुभारंभ हुआ। अभियान के तहत संभाग में एक लाख लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाने का लक्ष्य रखा गया है।
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सरगुजा जिले के अंबिकापुर स्थित प्रजापिता ब्रह्माकुमारी ईश्वरीय विश्वविद्यालय के नव विश्व भवन में रविवार शाम '10 करोड़ नशामुक्ति प्रतिज्ञा महाअभियान' के तहत सरगुजा संभाग स्तरीय नशामुक्त भारत अभियान का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन छत्तीसगढ़ शासन के कैबिनेट मंत्री राजेश अग्रवाल ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। इस अवसर पर ब्रह्माकुमारी विद्या दीदी, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लों, सहायक पुलिस अधीक्षक राकेश बघेल, समाजसेवी, विभिन्न सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि, विद्यार्थी और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे।
मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री राजेश अग्रवाल ने कहा कि विकसित भारत के निर्माण में युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका है लेकिन बढ़ती नशे की प्रवृत्ति समाज के लिए गंभीर चुनौती बनती जा रही है। उन्होंने कहा कि नशे की लत से ग्रसित लोगों को अपराधी नहीं, बल्कि उपचार और सहयोग की आवश्यकता वाले व्यक्ति के रूप में देखा जाना चाहिए। समाज के सामूहिक प्रयासों से ही नशामुक्त भारत का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।
ब्रह्माकुमारी अंबिकापुर सेवाकेंद्र की संचालिका राजयोगिनी विद्या दीदी ने बताया कि संस्था देशभर में 10 करोड़ लोगों को स्वयं नशा न करने और दूसरों को भी नशे से दूर रखने का संकल्प दिलाएगी। सरगुजा संभाग में एक लाख लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए विद्यालयों, महाविद्यालयों, ग्रामों, कार्यालयों और सामाजिक संस्थाओं में जागरूकता कार्यक्रम, नुक्कड़ नाटक, प्रेरक व्याख्यान और जनसंपर्क अभियान चलाए जाएंगे।
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उन्होंने कहा कि मानव शरीर भी एक मंदिर के समान है, इसलिए इसे किसी भी प्रकार के नशे से दूषित नहीं करना चाहिए। नियमित राजयोग मेडिटेशन के अभ्यास से मन को संयमित और शक्तिशाली बनाया जा सकता है, जिससे व्यक्ति नशे जैसी बुरी आदतों से दूर रह सकता है।
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अमोलक सिंह ढिल्लों ने कहा कि युवाओं में बढ़ती नशे की लत समाज और परिवार दोनों के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने लोगों से अपील की कि यदि आसपास कहीं भी नशे से जुड़ी गतिविधियां दिखाई दें तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें।
कार्यक्रम में आर्ट ऑफ लिविंग के संभाग प्रभारी अजय तिवारी ने भी ध्यान और भारतीय जीवन मूल्यों को नशामुक्त जीवन का प्रभावी माध्यम बताया। इस दौरान स्कूली विद्यार्थियों ने नशे के दुष्परिणामों पर आधारित नृत्य-नाटिका प्रस्तुत की। ब्रह्माकुमारी रेखा बहन ने प्रेरक गीत प्रस्तुत किया, जबकि साहित्यकार संतोष दास सरल ने युवाओं को समर्पित कविता सुनाई। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी लोगों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई और अभियान को सफल बनाने के लिए सक्रिय भागीदारी का आह्वान किया गया।