Balodabazar Bhatapara: विधायक इंद्र साव ने पंचायत सचिवों के धरने का किया समर्थन, सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप
बलौदाबाजार भाटापारा में पंचायत सचिवों के शासकीयकरण की मांग को लेकर जारी अनिश्चितकालीन हड़ताल को समर्थन देने विधायक इंद्र साव धरना स्थल पहुंचे।
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बलौदाबाजार भाटापारा में पंचायत सचिवों के शासकीयकरण की मांग को लेकर जारी अनिश्चितकालीन हड़ताल को समर्थन देने विधायक इंद्र साव धरना स्थल पहुंचे। उन्होंने पंचायत सचिवों की मांग को जायज ठहराते हुए राज्य सरकार पर वादाखिलाफी का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने चुनाव के दौरान पंचायत सचिवों को शासकीय कर्मचारी बनाने का वादा किया था और इसे अपने घोषणा पत्र में भी शामिल किया था। लेकिन अब सरकार इस वादे से पीछे हट रही है, जिससे पंचायत सचिवों को धरना देने के लिए मजबूर होना पड़ा है।
गांवों में रुका विकास कार्य
विधायक साव ने कहा कि पंचायत सचिव ग्रामीण विकास की रीढ़ होते हैं, लेकिन उनकी हड़ताल के चलते गांवों में मूलभूत कार्य पूरी तरह ठप हो गए हैं। उन्होंने कहा कि पेंशन भुगतान, जाति-निवास प्रमाण पत्र, निर्माण कार्य और खासकर गर्मी के मौसम में पेयजल संकट से ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
समिति बनी लेकिन रिपोर्ट नहीं आई
विधायक साव ने बताया कि 7 जुलाई को रायपुर के इंडोर स्टेडियम में पंचायत सचिवों का राज्य स्तरीय सम्मेलन हुआ था, जिसमें मुख्यमंत्री की उपस्थिति में उनकी मांगों को पूरा करने के लिए एक समिति के गठन की घोषणा की गई थी। लेकिन नौ महीने बीत जाने के बावजूद न तो समिति की रिपोर्ट आई और न ही सरकार ने कोई ठोस कदम उठाया।
राज्य सरकार पर लगाया वादाखिलाफी का आरोप
विधायक साव ने राज्य सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता को बड़े-बड़े वादे कर सत्ता में आई भाजपा सरकार अब अपने किए गए वादों से मुकर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार की कथनी और करनी में अंतर साफ दिख रहा है, जिससे किसान, मजदूर और कर्मचारी आक्रोशित हैं। उन्होंने राज्य सरकार से मांग की कि पंचायत सचिवों की जायज और बहुप्रतीक्षित मांग को जल्द से जल्द पूरा किया जाए ताकि ग्रामीण विकास कार्य फिर से शुरू हो सकें।