{"_id":"67052e1cbd5586165f0ef658","slug":"shri-ram-temple-land-purchase-sale-case-congress-burns-effigy-of-bjp-leaders-accuses-them-of-selling-land-in-b-2024-10-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Bemetara: श्रीराम मंदिर भूमि खरीदी-बिक्री मामला, कांग्रेस ने भाजपा नेताओं का फूंका पुतला, भूमि बेचने का आरोप","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Bemetara: श्रीराम मंदिर भूमि खरीदी-बिक्री मामला, कांग्रेस ने भाजपा नेताओं का फूंका पुतला, भूमि बेचने का आरोप
Tue, 08 Oct 2024 07:02 PM IST
Digvijay Singh
अमर उजाला नेटवर्क, बेमेतरा
अमर उजाला नेटवर्क, बेमेतरा
Published by: Digvijay Singh
Updated Tue, 08 Oct 2024 07:02 PM IST
सार
बेमेतरा जिले के ग्राम मजगांव स्थित श्रीराम मंदिर भूमि खरीदी-बिक्री मामले को लेकर आज मंगलवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुतला दहन किया।
विज्ञापन
कांग्रेस ने भाजपा नेताओं का फूंका पुतला
- फोटो : अमर उजाला
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विस्तार
बेमेतरा जिले के ग्राम मजगांव स्थित श्रीराम मंदिर भूमि खरीदी-बिक्री मामले को लेकर आज मंगलवार को कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने पुतला दहन किया। बेमेतरा के पूर्व विधायक आशीष छाबड़ा ने बताया कि शहर कांग्रेस कमेटी व ब्लॉक कांग्रेस कमेटी द्वारा श्री रामचंद्र जी मूर्ति मंदिर ग्राम मजगांव की भूमि को भाजपा नेता व सांसद प्रतिनिधि द्वारा अवैध तरीके से किए गए नामांतरण के खिलाफ भाजपा नेताओं का पुतला दहन किया है।
विज्ञापन
इस मामले में शीर्ष व स्थानीय भाजपा नेताओं की चुप्पी साफ-साफ दर्शाती है कि अपराधियों को सत्ता संरक्षण प्राप्त है। अगर शीघ्र ही शासन प्रशासन द्वारा ठोस कार्रवाई नहीं हुई तो कांग्रेस पार्टी धर्म की रक्षा के आंदोलन के लिए बाध्य होगी। उन्होंने बताया कि ग्राम मजगांव स्थित श्रीराम मंदिर की भूमि खसरा नंबर 465रकबा 1.66 हेक्टेयर, जो राजस्व अभिलेख में मंदिर के नाम से दर्ज थी।
विज्ञापन
इसे वर्ष 2020 में षडयंत्र पूर्वक सर्वराकार दुलेश्वर साहू द्वारा भाजपा नेता व सांसद प्रतिनिधि की पत्नी के नाम से बेचा गया है। यह भूमि श्री रामचंद्र जी मूर्ति मंदिर सार्वजनिक न्यास (ट्रस्ट)अधिनियम 1951 के तहत पंजीकृत है। इस भूमि का रजिस्ट्री नहीं कर सकते है, इसके बाद भी राजनीतिक प्रभाव का उपयोग करते हुए खरीदी-बिक्री की गई है। भूमि को 11 लाख 62 हजार 500 रुपए में बेचा गया है। जबकि इसका वास्तविक मूल्य करोड़ों रुपए में है। इसके चलते ट्रस्ट को नुकसान हुआ है।
विज्ञापन