बिन पानी सब सून: जल संकट से जूझ रहे धमतरी के कई गांव, लोगों को जागरुक करने के लिए प्रशासन ने चलाया ये अभियान
धमतरी जिला बीते साल हुई कम बारिश के चलते जल संकट से जूझ रहा है। जिले के अधिकांश गांवो में पेयजल की बड़ी समस्या बनी हुई है। इसके साथ ही जिले के गंगरेल बांध सहित चारों बांधों की हालत खराब है।
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धमतरी जिला बीते साल हुई कम बारिश के चलते जल संकट से जूझ रहा है। जिले के अधिकांश गांवो में पेयजल की बड़ी समस्या बनी हुई है। इसके साथ ही जिले के गंगरेल बांध सहित चारों बांधों की हालत खराब है। ऐसे में वर्षा जल को संचय करने के लिए जिला प्रशासन द्वारा जल जगार अभियान चलाया जा रहा है। जिसके तहत लोगों को जिले में होने वाली वर्षा के जल को संचय करने के तरीके बताए जा रहे हैं।
दरअसल लोग तेजी से पेड़ पौधों को काट रहे हैं, साथ ही साल दर साल जंगलों का दायरा भी सिमटता जा रहा है। जिसका असर मानसून पर पड रहा है। दूसरी ओर लोग भूमिगत जल का अंधाधुंध उपयोग कर रहे हैं, जिससे ग्राउंड वाटर लेबल भी तेजी से नीचे जा रहा है।
ऐसे में धमतरी के अधिकांश गांवों के लोग पीने के पानी के लिए काफी मशक्कत कर रहे हैं जिसको देखते हुए धमतरी जिला प्रशासन ने जल को संरक्षित करने और वर्षा के स्वच्छ पानी को जल संरक्षण के विभिन्न उपायों को अपनाकर जल स्तर में वृद्धि करने के उद्देश्य से जल जगार उत्सव का आयोजन किया जा रहा है। जिसके माध्यम से गांवों में कार्यक्रम आयोजित कर ग्रामीणों को वर्षा जल का संचय करने के तरीकों को बता रहे है।जिससे आने वाले दिनों में पानी की कोई दिक्कत ना हो,साथ ही आने वाले पीढी के लिए भी भूमिगत को बचाया जा सके।