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कोरबा में पटवारी सस्पेंड: खसरा रकबे में बड़ी हेराफेरी, रिकॉर्ड से छेड़छाड़ पर कार्रवाई; प्रशासन सख्त

अमर उजाला नेटवर्क, कोरबा Published by: कोरबा ब्यूरो Updated Mon, 20 Apr 2026 10:18 PM IST
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सार

कोरबा में कलेक्टर ने राजस्व रिकॉर्ड में गड़बड़ी और लापरवाही के आरोप में पटवारी दीपक कुमार सिंह को निलंबित कर दिया। जांच में खसरा रकबे में बड़े स्तर पर हेराफेरी सामने आई। प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए पारदर्शिता बनाए रखने का संदेश दिया।

Patwari Deepak Kumar Singh suspended on charges of indifference and negligence in Korba
कोरबा में पटवारी सस्पेंड - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार

कोरबा में कलेक्टर कुणाल दुदावत ने शासकीय कार्यों में उदासीनता और घोर लापरवाही बरतने के आरोप में पटवारी दीपक कुमार सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया है। तहसीलदार भैंसमा द्वारा सौंपी गई जांच रिपोर्ट के आधार पर यह पाया गया कि पटवारी ने अपने पदीय दायित्वों के निर्वहन में गंभीर अनियमितताएं की हैं, जो छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 का उल्लंघन है।
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जांच में सामने आया कि ग्राम करूमौहा में राजस्व अभिलेखों के साथ बड़े पैमाने पर छेड़छाड़ की गई है। खसरा नंबर 176/1/ख/1 का वास्तविक रकबा 0.016 हेक्टेयर था, जिसे नियम विरुद्ध तरीके से बढ़ाकर 1.600 हेक्टेयर दर्ज कर दिया गया। इसी तरह खसरा नंबर 84/4 ख का रकबा 0.710 हेक्टेयर से बढ़ाकर सीधे 71.000 हेक्टेयर कर दिया गया और बिना किसी वैध आदेश के इसे ऑनलाइन भुइयां पोर्टल पर अपलोड कर दिया गया।
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इस तरह की हेराफेरी से न केवल सरकारी रिकॉर्ड में गड़बड़ी हुई, बल्कि भविष्य में भूमि विवाद और वित्तीय हानि की संभावना भी बढ़ गई थी। कलेक्टर ने इसे गंभीर प्रशासनिक चूक मानते हुए छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण एवं अपील) नियम 1966 के तहत पटवारी पर निलंबन की कार्रवाई की है।

निलंबन अवधि के दौरान पटवारी का मुख्यालय तहसील कार्यालय पसान निर्धारित किया गया है। इस दौरान उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता मिलेगा। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि राजस्व अभिलेखों में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

इस कार्रवाई के बाद जिले में राजस्व कर्मचारियों को सतर्क रहने का संदेश गया है। अधिकारियों का कहना है कि भू-अभिलेखों की शुद्धता और पारदर्शिता सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है, और किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर कठोर कदम उठाए जाएंगे।
 
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