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Dehradun News: मुनाफे के झांसे में लुटा दी पूरी जमा पूंजी

Mon, 06 Jul 2026 02:38 AM IST
Dehradun Bureau देहरादून ब्यूरो
Updated Mon, 06 Jul 2026 02:38 AM IST
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Lost entire life savings, lured by the promise of profits
राजपुर रोड निवासी प्रेम वंदना लिम्बू ऑनलाइन ट्रेडिंग में मोटे मुनाफे के लालच आकर 25 लाख रुपये की साइबर ठगी का शिकार हो गईं। पीड़िता की शिकायत पर साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन ने सवेक्सा (savexa.com) प्लेटफॉर्म के संचालकों और विदेशी मोबाइल नंबरों से संपर्क करने वाले अज्ञात साइबर ठगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है।
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पुलिस को दी तहरीर के अनुसार जनवरी 2026 में प्रेम वंदना लिम्बू ने फेसबुक पर एक विज्ञापन देखा, जिसमें मात्र 25 हजार रुपये निवेश कर घर बैठे एक से ढाई लाख रुपये तक कमाने का दावा किया गया था। विज्ञापन से प्रभावित होकर उन्होंने सवेक्सा नाम के ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म पर अपना खाता बनाया। इसके बाद +44 कंट्री कोड वाले कई नंबरों से लगातार कॉल आने लगे और उन्हें टेलीग्राम पर कथित अकाउंट मैनेजरों से जोड़ा गया।
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सबसे पहले खुद को फैजल बताने वाले व्यक्ति ने उनसे दो बार 25-25 हजार रुपये निवेश कराए। भरोसा जीतने के लिए 20 अमेरिकी डॉलर की निकासी भी उनके बैंक खाते में कराई गई। इसके बाद जैन नाम के व्यक्ति ने बड़े मुनाफे का लालच देकर लाखों रुपये निवेश करा दिए। जब पीड़िता ने रकम निकालनी चाही तो उन्हें बताया गया कि उनके खाते पर स्वाइप चार्जेज लग रहे हैं और इससे बचने के लिए और पैसा जमा करना होगा। झांसे में आकर उन्होंने लगातार रकम जमा करनी जारी रखी।
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कुछ समय बाद तैमूर नाम के व्यक्ति ने अकाउंट संभालते हुए भरोसा दिलाया कि उनकी पूरी धनराशि वापस दिला दी जाएगी। इसी भरोसे में पीड़िता करीब 17 लाख रुपये तक निवेश कर चुकी थीं। इसके बाद सेटलमेन्ट एग्रीमेंट के नाम पर उनसे दस्तावेजों पर हस्ताक्षर कराए गए और उनके ट्रेडिंग खाते में 5,000 अमेरिकी डॉलर दिखाए गए, लेकिन निकासी फिर भी नहीं हो सकी।
बाद में हसीब नाम के व्यक्ति ने खुद को सेटलमेंट अधिकारी बताते हुए कहा कि पूरी राशि रिलीज कराने के लिए 8,000 अमेरिकी डॉलर के बराबर अतिरिक्त धन जमा करना होगा। लगातार फोन, ई-मेल और आश्वासनों के दबाव में आकर पीड़िता ने 26 जून को आरटीजीएस के जरिए 8 लाख रुपये और भेज दिए। बैंक से सत्यापन कॉल आने के बाद भी उनके खाते में कोई रकम नहीं पहुंची।

इसके बाद एक महिला ने गोल्डन अकाउंट अपग्रेड के नाम पर करीब 15,000 अमेरिकी डॉलर और जमा करने की मांग की। तब पीड़िता को एहसास हुआ कि उनके साथ सुनियोजित तरीके से ऑनलाइन ट्रेडिंग के नाम पर ठगी की गई है।

एसएसपी एसटीएफ अजय सिंह ने बताया कि पीड़िता की शिकायत पर साइबर क्राइम पुलिस ने सवेक्सा प्लेटफॉर्म के संचालकों, विदेशी मोबाइल नंबरों का इस्तेमाल करने वाले अज्ञात आरोपियों तथा धनराशि प्राप्त करने वाले बैंक खाताधारकों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। पुलिस बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, डिजिटल ट्रांजेक्शन और अन्य इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की तलाश में जुटी है।
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