{"_id":"6a4581db5f88ef60000297eb","slug":"the-mother-kept-running-with-her-injured-child-dehradun-news-c-5-1-drn1088-1008295-2026-07-02","type":"story","status":"publish","title_hn":"Dehradun News: घायल बच्चे को लेकर दौड़ी रही मां","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Dehradun News: घायल बच्चे को लेकर दौड़ी रही मां
Thu, 02 Jul 2026 02:38 AM IST
देहरादून ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देहरादून
संवाद न्यूज एजेंसी, देहरादून
Updated Thu, 02 Jul 2026 02:38 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
दून अस्पताल में घायल बच्चे को लेकर आई मां को स्वास्थ्यकर्मियों ने टरका दिया। जानकारी के मुताबिक इमरजेंसी के सुरक्षाकर्मियों ने घायल को ओपीडी ले जाने के लिए कहा। वहां पर भी उसे काफी इंतजार करना पड़ा।
दून के वीरपुर निवासी अर्चना के मुताबिक वह 12 बजे अपने बच्चे को लेकर अस्पताल की इमरजेंसी में गई थी। उनके बच्चे को गिरने के बाद जबड़े में गंभीर चोंट लगी थी। दांत आर-पार हो गए थे। वह बच्चे को इमरजेंसी लेकर गई। वहां पहुंचीं तो सुरक्षाकर्मियों ने ओपीडी में ले जाने की बात कही। जानकारी न होने की वजह वह बच्चे को इमरजेंसी से ओपीडी लेकर चली गई। इलाज के लिए उन्हें करीब दो घंटे इधर-उधर भटकना पड़ा।
आरोप है कि चिकित्सक ने बच्चे के जबड़े का एक्स-रे करवाने के लिए कहा था। लेकिन जब वह एक्स-रे के लिए गई तो स्वास्थ्यकर्मियों ने समय पूरा हो जाने की बात कहकर एक्स-रे से इंकार कर दिया और कल आने के लिए कहा। इसके अलावा टिटनेस के टीके को लेकर भी गफलत हो गई। मां का आरोप है कि स्वास्थ्यकर्मियों ने बच्चे को टिटनेस का इंजेक्शन भी नहीं लगाया। इस पर दून अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रविंद्र सिंह बिष्ट का कहना है कि मामले में संबंधित कर्मचारियों से जवाब-तलब किया गया है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
विज्ञापन
दून के वीरपुर निवासी अर्चना के मुताबिक वह 12 बजे अपने बच्चे को लेकर अस्पताल की इमरजेंसी में गई थी। उनके बच्चे को गिरने के बाद जबड़े में गंभीर चोंट लगी थी। दांत आर-पार हो गए थे। वह बच्चे को इमरजेंसी लेकर गई। वहां पहुंचीं तो सुरक्षाकर्मियों ने ओपीडी में ले जाने की बात कही। जानकारी न होने की वजह वह बच्चे को इमरजेंसी से ओपीडी लेकर चली गई। इलाज के लिए उन्हें करीब दो घंटे इधर-उधर भटकना पड़ा।
विज्ञापन
आरोप है कि चिकित्सक ने बच्चे के जबड़े का एक्स-रे करवाने के लिए कहा था। लेकिन जब वह एक्स-रे के लिए गई तो स्वास्थ्यकर्मियों ने समय पूरा हो जाने की बात कहकर एक्स-रे से इंकार कर दिया और कल आने के लिए कहा। इसके अलावा टिटनेस के टीके को लेकर भी गफलत हो गई। मां का आरोप है कि स्वास्थ्यकर्मियों ने बच्चे को टिटनेस का इंजेक्शन भी नहीं लगाया। इस पर दून अस्पताल के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. रविंद्र सिंह बिष्ट का कहना है कि मामले में संबंधित कर्मचारियों से जवाब-तलब किया गया है। मामले की जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन