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Gurugram News: एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर ठगी के आरोपी को अग्रिम जमानत नहीं
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अदालत से
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15 लाख रुपये में दाखिला दिलाने का दिया था आश्वासन
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपये की ठगी करने वाले गिरोहों को समाज के लिए बड़ा खतरा बताते हुए जिला अदालत ने आरोपी सैयद मुशर्रफ की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र एवं न्यायाधीश निशांत ने की अदालत ने दिया है।
जोगिंदर सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी बेटी जयपुर से एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही है। शिकायत के अनुसार बेटी का दाखिला कराने के नाम पर उन्होंने मुशर्रफ खान और अमरगामी 15 लाख रुपये दिए थे। रुपये लेने के बाद आरोपियों ने शिकायतकर्ता का फोन उठाना बंद कर दिया और रकम लौटाने से साफ इंकार कर दिया। जांच के दौरान पुलिस द्वारा नोटिस भेजे जाने के बावजूद आरोपी जांच में शामिल नहीं हुए। सुनवाई के दौरान शिकायतकर्ता के अधिवक्ता ने अदालत के समक्ष बैंक स्टेटमेंट और दोनों पक्षों के बीच हुई व्हाट्सएप चैट पेश की। अदालत ने पाया कि प्रथम दृष्टया व्हाट्सएप चैट से साफ होता है कि पैसों का लेनदेन हुआ था और उसमें एमबीबीएस दाखिले तथा पैसे वापस करने के आश्वासन का भी स्पष्ट जिक्र है।
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15 लाख रुपये में दाखिला दिलाने का दिया था आश्वासन
संवाद न्यूज एजेंसी
गुरुग्राम। एमबीबीएस में दाखिला दिलाने के नाम पर 10 लाख रुपये की ठगी करने वाले गिरोहों को समाज के लिए बड़ा खतरा बताते हुए जिला अदालत ने आरोपी सैयद मुशर्रफ की अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी है। यह आदेश अतिरिक्त सत्र एवं न्यायाधीश निशांत ने की अदालत ने दिया है।
जोगिंदर सिंह ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनकी बेटी जयपुर से एमबीबीएस की पढ़ाई कर रही है। शिकायत के अनुसार बेटी का दाखिला कराने के नाम पर उन्होंने मुशर्रफ खान और अमरगामी 15 लाख रुपये दिए थे। रुपये लेने के बाद आरोपियों ने शिकायतकर्ता का फोन उठाना बंद कर दिया और रकम लौटाने से साफ इंकार कर दिया। जांच के दौरान पुलिस द्वारा नोटिस भेजे जाने के बावजूद आरोपी जांच में शामिल नहीं हुए। सुनवाई के दौरान शिकायतकर्ता के अधिवक्ता ने अदालत के समक्ष बैंक स्टेटमेंट और दोनों पक्षों के बीच हुई व्हाट्सएप चैट पेश की। अदालत ने पाया कि प्रथम दृष्टया व्हाट्सएप चैट से साफ होता है कि पैसों का लेनदेन हुआ था और उसमें एमबीबीएस दाखिले तथा पैसे वापस करने के आश्वासन का भी स्पष्ट जिक्र है।
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