{"_id":"6a833156a6cce592320694a2","slug":"a-flyover-will-be-built-on-the-noida-greater-noida-expressway-for-sector-150-grnoida-news-c-1-noi1095-4620462-2026-08-17","type":"story","status":"publish","title_hn":"Noida News: सेक्टर-150 के लिए नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेस-वे पर बनेगा फ्लाईओवर","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Noida News: सेक्टर-150 के लिए नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेस-वे पर बनेगा फ्लाईओवर
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- अभी सेक्टर-148 के पुराने अंडरपास से आते-जाते हैं लोग, लगता है जाम, जलभराव से भी परेशानी
नंबर
50 ग्रुप हाउसिंग परियोजनाएं हैं प्रस्तावित सेक्टर 150 में
16 में पूरा हो चुका है निर्माण कार्य
40 हजार फ्लैट बनने हैं
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे किनारे बसे सेक्टर-150 को एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड से सीधी कनेक्टिविटी देने की तैयारी है। इसके लिए नोएडा प्राधिकरण फ्लाईओवर का निर्माण कराएगा। प्राधिकरण ने सलाहकार एजेंसी से फ्लाईओवर की ड्राइंग-डिजाइन व जगह के तीन विकल्प मांगे हैं। इनमें से एक का चयन कर डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराई जाएगी।
अभी सेक्टर-150 तक आने-जाने के लिए सफीपुर गांव के पास सेक्टर-148 के सामने एक्सप्रेसवे पर बने पुराने अंडरपास का इस्तेमाल किया जाता है। सेक्टर की आबादी बढ़ रही है। स्पोर्ट्स सिटी से रोक हटने के बाद अब फंसी परियोजनाओं में भी तेजी से काम होगा। ऐसे में आने वाले समय की जरूरत को देखते हुए फ्लाईओवर बनाने का निर्णय लिया गया है।
अधिकारियों के मुताबिक सेक्टर-150 में 50 ग्रुप हाउसिंग परियोजनाएं प्रस्तावित हैं। इनमें से 16 प्रोजेक्ट में फ्लैट बन चुके हैं। जहां बड़ी संख्या में लोग शिफ्ट हो चुके हैं। सभी सोसाइटियों में कुल मिलाकर 40 हजार फ्लैट बनने का अनुमान है। इसके अलावा यहां वाणिज्यिक निर्माण भी होगा। स्पोर्ट्स सिटी-1 में अंतरराष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट स्टेडियम भी बनना है। इसके पड़ोस के सेक्टर-149, 152, 151 हैं। इन सभी सेक्टर में नोएडा की तरफ से जाने वाले वाहन चालकों को एक्सप्रेसवे से पहले सर्विस रोड पर उतरना होता है। वाहन सर्विस रोड के सेक्टर-148 के सामने पुराने अंडरपास से वाहन दाहिने मुड़कर जाते हैं। अंडरपास के आगे तीव्र मोड़ भी है। इस वजह से सुबह-शाम अंडरपास से लेकर आगे तक ट्रैफिक फंसता है। बारिश के समय तो अंडरपास में जलभराव से भारी परेशानी होती है।
विज्ञापन
सेक्टर-148-153 के बीच हो सकता है निर्माण
प्राधिकरण ने सलाहकार एजेंसी से फ्लाईओवर निर्माण के लिए सेक्टर-148 व 153 के बीच संभावनाएं तलाशने के लिए कहा है। सेक्टर-148 की तरफ मौजूदा अंडरपास से पहले ही फ्लाईओवर का लूप होगा जिस पर नोएडा की तरफ से जाने वाले वाहन सर्विस रोड से बाएं मुड़कर चढ़ेंगे। सेक्टर-153 के छोर पर फ्लाईओवर का लूप सेक्टर-150 की ओर जाने वाली 45 मीटर रोड पर आगे ले जाकर उतारा जाएगा। वाहन सेक्टर-152, 149 के सामने से होते हुए सेक्टर-150 पहुंचेंगे। सेक्टर-150 की तरफ से आने वाले वाहनों को भी सेक्टर-153 की तरफ से लूप बनाकर फ्लाईओवर पर चढ़ाया जाएगा। फिर यह वाहन सेक्टर-148 की तरफ उतर कर आगे मेट्रो रूट के साथ सेक्टर-145, 146, 147, 148 व यमुना एक्सप्रेस-वे, ग्रेटर नोएडा की तरफ जा सकेंगे।
24 किमी के एक्सप्रेसवे पर हैं दो फ्लाईओवर
नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे करीब 24 किमी लंबा है। नोएडा प्राधिकरण क्षेत्र के 20 किमी के इलाके में दो फ्लाईओवर हैं। सेक्टर-37 से कालिंदीकुंज के बीच महामाया फ्लाईओवर 2009 में बनाकर खोला गया था। चार लूप वाले इस फ्लाईओवर से नोएडा-दिल्ली का आवागमन आसान हुआ। वहीं दूसरा फ्लाईओवर सेक्टर-93 ए और 128 के बीच बना है। यह फ्लाईओवर 2007 में वाहनों के लिए खोला गया था। प्राधिकरण ने दोनों तरफ के सेक्टरों को जोड़ने के लिए 2019 के बाद सेक्टर-96, कोंडली और एडवेंट तीन यह अंडरपास बनवाए हैं। झट्टा और सुल्तानपुर अंडरपास का निर्माण चल रहा है।
सेक्टर-150 की सोसाइटियों की आबादी के सुगम आवागमन के लिए फ्लाईओवर निर्माण की योजना बनाई गई है। सलाहकार से ड्राइंग-डिजाइन बनवाई जा रही है, इसके बाद डीपीआर तैयार होगी और लागत का आकलन होगा।- एके अरोड़ा, जीएम, नोएडा प्राधिकरण।
विज्ञापन
नंबर
50 ग्रुप हाउसिंग परियोजनाएं हैं प्रस्तावित सेक्टर 150 में
16 में पूरा हो चुका है निर्माण कार्य
40 हजार फ्लैट बनने हैं
माई सिटी रिपोर्टर
नोएडा। नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे किनारे बसे सेक्टर-150 को एक्सप्रेसवे की सर्विस रोड से सीधी कनेक्टिविटी देने की तैयारी है। इसके लिए नोएडा प्राधिकरण फ्लाईओवर का निर्माण कराएगा। प्राधिकरण ने सलाहकार एजेंसी से फ्लाईओवर की ड्राइंग-डिजाइन व जगह के तीन विकल्प मांगे हैं। इनमें से एक का चयन कर डिटेल प्रोजेक्ट रिपोर्ट (डीपीआर) तैयार कराई जाएगी।
अभी सेक्टर-150 तक आने-जाने के लिए सफीपुर गांव के पास सेक्टर-148 के सामने एक्सप्रेसवे पर बने पुराने अंडरपास का इस्तेमाल किया जाता है। सेक्टर की आबादी बढ़ रही है। स्पोर्ट्स सिटी से रोक हटने के बाद अब फंसी परियोजनाओं में भी तेजी से काम होगा। ऐसे में आने वाले समय की जरूरत को देखते हुए फ्लाईओवर बनाने का निर्णय लिया गया है।
विज्ञापन
अधिकारियों के मुताबिक सेक्टर-150 में 50 ग्रुप हाउसिंग परियोजनाएं प्रस्तावित हैं। इनमें से 16 प्रोजेक्ट में फ्लैट बन चुके हैं। जहां बड़ी संख्या में लोग शिफ्ट हो चुके हैं। सभी सोसाइटियों में कुल मिलाकर 40 हजार फ्लैट बनने का अनुमान है। इसके अलावा यहां वाणिज्यिक निर्माण भी होगा। स्पोर्ट्स सिटी-1 में अंतरराष्ट्रीय स्तर का क्रिकेट स्टेडियम भी बनना है। इसके पड़ोस के सेक्टर-149, 152, 151 हैं। इन सभी सेक्टर में नोएडा की तरफ से जाने वाले वाहन चालकों को एक्सप्रेसवे से पहले सर्विस रोड पर उतरना होता है। वाहन सर्विस रोड के सेक्टर-148 के सामने पुराने अंडरपास से वाहन दाहिने मुड़कर जाते हैं। अंडरपास के आगे तीव्र मोड़ भी है। इस वजह से सुबह-शाम अंडरपास से लेकर आगे तक ट्रैफिक फंसता है। बारिश के समय तो अंडरपास में जलभराव से भारी परेशानी होती है।
विज्ञापन
सेक्टर-148-153 के बीच हो सकता है निर्माण
प्राधिकरण ने सलाहकार एजेंसी से फ्लाईओवर निर्माण के लिए सेक्टर-148 व 153 के बीच संभावनाएं तलाशने के लिए कहा है। सेक्टर-148 की तरफ मौजूदा अंडरपास से पहले ही फ्लाईओवर का लूप होगा जिस पर नोएडा की तरफ से जाने वाले वाहन सर्विस रोड से बाएं मुड़कर चढ़ेंगे। सेक्टर-153 के छोर पर फ्लाईओवर का लूप सेक्टर-150 की ओर जाने वाली 45 मीटर रोड पर आगे ले जाकर उतारा जाएगा। वाहन सेक्टर-152, 149 के सामने से होते हुए सेक्टर-150 पहुंचेंगे। सेक्टर-150 की तरफ से आने वाले वाहनों को भी सेक्टर-153 की तरफ से लूप बनाकर फ्लाईओवर पर चढ़ाया जाएगा। फिर यह वाहन सेक्टर-148 की तरफ उतर कर आगे मेट्रो रूट के साथ सेक्टर-145, 146, 147, 148 व यमुना एक्सप्रेस-वे, ग्रेटर नोएडा की तरफ जा सकेंगे।
24 किमी के एक्सप्रेसवे पर हैं दो फ्लाईओवर
नोएडा-ग्रेनो एक्सप्रेसवे करीब 24 किमी लंबा है। नोएडा प्राधिकरण क्षेत्र के 20 किमी के इलाके में दो फ्लाईओवर हैं। सेक्टर-37 से कालिंदीकुंज के बीच महामाया फ्लाईओवर 2009 में बनाकर खोला गया था। चार लूप वाले इस फ्लाईओवर से नोएडा-दिल्ली का आवागमन आसान हुआ। वहीं दूसरा फ्लाईओवर सेक्टर-93 ए और 128 के बीच बना है। यह फ्लाईओवर 2007 में वाहनों के लिए खोला गया था। प्राधिकरण ने दोनों तरफ के सेक्टरों को जोड़ने के लिए 2019 के बाद सेक्टर-96, कोंडली और एडवेंट तीन यह अंडरपास बनवाए हैं। झट्टा और सुल्तानपुर अंडरपास का निर्माण चल रहा है।
सेक्टर-150 की सोसाइटियों की आबादी के सुगम आवागमन के लिए फ्लाईओवर निर्माण की योजना बनाई गई है। सलाहकार से ड्राइंग-डिजाइन बनवाई जा रही है, इसके बाद डीपीआर तैयार होगी और लागत का आकलन होगा।- एके अरोड़ा, जीएम, नोएडा प्राधिकरण।