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Delhi NCR News: पश्चिम एशिया तनाव का असर, दिल्ली एयरपोर्ट से 35 उड़ानें रद्द, 70 से अधिक देरी से
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पश्चिम की ओर जाने वाली अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर इसका ज्यादा प्रभाव देखा गया
हवाई क्षेत्र में प्रतिबंध और सुरक्षा कारणों से कई एयरलाइनों को अपने मार्ग में बदलाव करना पड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का असर पिछले कुछ दिनों से दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (आईजीआई) हवाई अड्डे के संचालन पर भी देखने को मिल रहा है। शनिवार को बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का शेड्यूल प्रभावित रहा। एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार दिनभर में कई उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जबकि बड़ी संख्या में विमान देरी से संचालित हुए। एयरपोर्ट से प्राप्त जानकारी के अनुसार कुल 35 उड़ानें रद्द की गईं, जिनमें प्रस्थान और आगमन दोनों प्रकार की उड़ानें शामिल हैं। इसके अलावा 70 से अधिक उड़ानें निर्धारित समय से काफी देरी से रवाना हुईं या अपने गंतव्य तक पहुंचने में विलंब हुआ।
विशेष रूप से पश्चिम की ओर जाने वाली अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर इसका ज्यादा प्रभाव देखा गया। हवाई क्षेत्र में प्रतिबंध और सुरक्षा कारणों से कई एयरलाइनों को अपने मार्ग में बदलाव करना पड़ा है। इसके कारण दिल्ली से यूरोप, ब्रिटेन और अमेरिका जाने वाली उड़ानों को वैकल्पिक और लंबा मार्ग अपनाना पड़ रहा है। नए रूट के चलते उड़ानों की अवधि बढ़ गई है और कुछ मामलों में विमान को बीच रास्ते में ईंधन भरने के लिए अतिरिक्त ठहराव भी करना पड़ रहा है। एयरलाइन अधिकारियों के अनुसार पश्चिमी देशों की ओर जाने वाली उड़ानों में औसतन तीन से चार घंटे तक की देरी देखी जा रही है। कई यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ा, जबकि कुछ को अपनी आगे की कनेक्टिंग फ्लाइट भी बदलनी पड़ी। एयरलाइंस यात्रियों को नई स्थिति के अनुसार अपडेट दे रही हैं और जहां संभव हो वहां सीमित स्तर पर संचालन जारी रखा गया है। इस बीच एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी जारी कर उन्हें उड़ान से पहले अपनी एयरलाइन से नवीनतम जानकारी लेने की सलाह दी है। अधिकारियों का कहना है कि पश्चिम दिशा की उड़ानों के कार्यक्रम में अचानक बदलाव हो सकते हैं, इसलिए यात्रियों को एयरपोर्ट आने से पहले अपनी उड़ान की स्थिति की जांच कर लेनी चाहिए।
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हवाई क्षेत्र में प्रतिबंध और सुरक्षा कारणों से कई एयरलाइनों को अपने मार्ग में बदलाव करना पड़ा
अमर उजाला ब्यूरो
नई दिल्ली।
पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का असर पिछले कुछ दिनों से दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय (आईजीआई) हवाई अड्डे के संचालन पर भी देखने को मिल रहा है। शनिवार को बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों का शेड्यूल प्रभावित रहा। एयरपोर्ट सूत्रों के अनुसार दिनभर में कई उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जबकि बड़ी संख्या में विमान देरी से संचालित हुए। एयरपोर्ट से प्राप्त जानकारी के अनुसार कुल 35 उड़ानें रद्द की गईं, जिनमें प्रस्थान और आगमन दोनों प्रकार की उड़ानें शामिल हैं। इसके अलावा 70 से अधिक उड़ानें निर्धारित समय से काफी देरी से रवाना हुईं या अपने गंतव्य तक पहुंचने में विलंब हुआ।
विशेष रूप से पश्चिम की ओर जाने वाली अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर इसका ज्यादा प्रभाव देखा गया। हवाई क्षेत्र में प्रतिबंध और सुरक्षा कारणों से कई एयरलाइनों को अपने मार्ग में बदलाव करना पड़ा है। इसके कारण दिल्ली से यूरोप, ब्रिटेन और अमेरिका जाने वाली उड़ानों को वैकल्पिक और लंबा मार्ग अपनाना पड़ रहा है। नए रूट के चलते उड़ानों की अवधि बढ़ गई है और कुछ मामलों में विमान को बीच रास्ते में ईंधन भरने के लिए अतिरिक्त ठहराव भी करना पड़ रहा है। एयरलाइन अधिकारियों के अनुसार पश्चिमी देशों की ओर जाने वाली उड़ानों में औसतन तीन से चार घंटे तक की देरी देखी जा रही है। कई यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ा, जबकि कुछ को अपनी आगे की कनेक्टिंग फ्लाइट भी बदलनी पड़ी। एयरलाइंस यात्रियों को नई स्थिति के अनुसार अपडेट दे रही हैं और जहां संभव हो वहां सीमित स्तर पर संचालन जारी रखा गया है। इस बीच एयरपोर्ट प्रशासन ने यात्रियों के लिए ट्रैवल एडवाइजरी जारी कर उन्हें उड़ान से पहले अपनी एयरलाइन से नवीनतम जानकारी लेने की सलाह दी है। अधिकारियों का कहना है कि पश्चिम दिशा की उड़ानों के कार्यक्रम में अचानक बदलाव हो सकते हैं, इसलिए यात्रियों को एयरपोर्ट आने से पहले अपनी उड़ान की स्थिति की जांच कर लेनी चाहिए।
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