Productivity: काम सिर्फ पूरा करना ही काफी नहीं, उसमें अपनी छाप छोड़ना भी सीखें; यादगार बनाना ही है असली कला
Personal Growth: काम सिर्फ पूरा करना ही काफी नहीं है। कोशिश करें कि हर काम में अपनी अलग छाप और गुणवत्ता दिखाई दे। सोचें कि इसे थोड़ा बेहतर और स्मार्ट तरीके से कैसे किया जा सकता
विस्तार
Productivity: क्या आप चाहते हैं कि लोग आपको आगे भी याद रखें? तो इसकी शुरुआत आज से करें। कार्यस्थल पर कुछ लोग सिर्फ अपना काम करते हैं, जबकि कुछ लोग साथियों की मदद करते हैं, नई चीजें सीखते हैं और हर काम को बेहतर बनाने की कोशिश करते हैं। ऐसे लोग बॉस और सहकर्मियों से अच्छे रिश्ते बनाते हैं और अच्छे पेशेवर के रूप में पहचाने जाते हैं। इसलिए अगर आप भी सबसे अलग पहचान बनाना चाहते हैं, तो सिर्फ अपनी नौकरी तक सीमित न रहें। हमेशा कुछ नया सीखने के लिए तैयार रहें। यही आदतें आपको यादगार बनाती हैं।
थोड़ा रुकें और अपने बारे में सोचें
अगर आप जिंदगी में कुछ खास और बड़ा करना चाहते हैं, तो इसकी शुरुआत खुद को समझने से होती है। सबसे पहले थोड़ा रुककर अपने बारे में सोचें। खुद से ईमानदारी से पूछें कि मैं वास्तव में अपने जीवन में क्या पाना चाहता हूं? इस सवाल का जवाब मन में ही न रखें, बल्कि समय निकालकर इसे कागज पर लिखें। फिर एक सूची बनाएं और उसमें उन सभी लक्ष्यों को साफ-साफ लिखें, जिन्हें आप हासिल करना चाहते हैं। जब आप अपने सपनों को शब्दों में उतारते हैं, तो वे ज्यादा स्पष्ट हो जाते हैं और उन्हें पूरा करने की दिशा भी दिखने लगती है।
दूसरों के अनुभव सुनें
अगर आप सच में आगे बढ़ना और सफल होना चाहते हैं, तो यह समझना जरूरी है कि कार्यस्थल पर लोग आपको कैसे देखते हैं। इसके लिए अपने कुछ भरोसेमंद सहकर्मियों या अपने मैनेजर से ईमानदार राय लें। आप उनसे आमने-सामने या ई-मेल के जरिये पूछ सकते हैं कि मेरे काम और व्यवहार से लोगों पर कैसा प्रभाव पड़ता है और किन बातों में मुझे सुधार करने की जरूरत है। उनके अनुभव सुनने से आपको अपनी खूबियों और कमियों दोनों को समझने में मदद मिलेगी।
टीम को साथ लेकर चलें
सिर्फ अपनी खूबियों और कौशल पर ध्यान देना ही काफी नहीं होता। साथ ही यह भी जरूरी है कि आप अपने सहकर्मियों के प्रयासों को समझें और उनकी कद्र करें। एक अच्छा लीडर वही होता है, जो केवल खुद को बेहतर न बनाए, बल्कि अपनी टीम के लोगों की बात भी सुने और उनके विचारों को महत्व दे। इसलिए अपने साथियों का साथ दें, जरूरत पड़ने पर उनकी मदद करें और उनके अच्छे काम की खुलकर सराहना करें। इससे टीम मजबूत होती है और आप भी एक बेहतर नेतृत्वकर्ता बनते हैं।
भरोसेमंद छवि बनाएं
भविष्य में लोग आपको किस रूप में याद करेंगे, यह आपके रोज के व्यवहार पर निर्भर करता है। दूसरों के दिल में जगह बनाने के लिए बड़े काम नहीं, बल्कि छोटे-छोटे सच्चे प्रयास काफी होते हैं। लोगों का भरोसा जीतने की कोशिश करें, उनकी बात ध्यान से सुनें और उनकी राय को महत्व दें। यही आदतें आपको एक अच्छी और भरोसेमंद छवि देती हैं।