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Ambala News: ट्रेनों की देरी पर रेलवे ने शुरू की विशेष निगरानी
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ट्रेन नंबर 15012 चंडीगढ़-लखनऊ एक्सप्रेस। रेलवे
अंबाला। त्योहारी सीजन के बीच ट्रेनों के घंटों देरी से चलने के कारण यात्रियों की मुश्किलें लगातार बढ़ रही हैं। स्टेशनों पर यात्रियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। यात्रियों की लगातार मिल रही शिकायतों और बढ़ती नाराजगी को देखते हुए रेलवे बोर्ड और उत्तर रेलवे प्रशासन ने ट्रेनों के समय पर संचालन को सुनिश्चित करने के लिए विशेष निगरानी और समीक्षा शुरू कर दी गई है।
उत्तर रेलवे के मुख्य यात्री यातायात प्रबंधक कार्यालय से एक आधिकारिक संदेश जारी किया गया है। यह संदेश ट्रेनों के विलंब पर सख्ती बरतने के संबंध में है। इसके तहत वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक को निर्देश दिए गए हैं। उन्हें विशेष रूप से कई प्रमुख ट्रेनों की समयबद्धता पर नजर रखनी होगी।
रेलवे ने यह कदम ट्रेनों की लेटलतीफी के कारणों की गहराई से समीक्षा करने के लिए उठाया है। इसका एक मुख्य उद्देश्य ट्रेनों के सही समय पर संचालन के लिए ठोस सुझाव तैयार करना है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि यात्री अपनी यात्रा समय पर पूरी कर सकें। प्रशासन इस दिशा में गंभीरता से काम कर रहा है। इस पहल से यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
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निगरानी में प्रमुख ट्रेनें
रेलवे द्वारा जारी मॉनिटरिंग सूची में विभिन्न यात्रा तिथियों की कई महत्वपूर्ण मेल और एक्सप्रेस ट्रेनें शामिल हैं। इन ट्रेनों के संचालन पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। इसमें 19 अक्तूबर को देरी से चलने वाली ट्रेन संख्या 12217 और 20505 शामिल हैं। इसके अलावा 20 अक्तूबर की ट्रेन संख्या 12557, 12393, 20433, 13151, 22111, 14341, 15273, 14649, 15012 और 15725 भी रडार पर हैं। 21 अक्तूबर को संचालित ट्रेन संख्या 14030, 26406, 20401, 15303, 12411 और 20506 भी इस सूची में हैं।
यात्रियों का दबाव बढ़ता जा रहा
त्योहारों के इस सीजन में घर जाने और वापस लौटने वाले यात्रियों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। ऐसे में ट्रेनों के घंटों देरी से चलने से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। प्लेटफॉर्म्स पर यात्रियों का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। इस स्थिति में बच्चों और बुजुर्गों को विशेष रूप से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उनकी यात्रा असुविधाजनक हो रही है। उत्तर रेलवे प्रवक्ता हिमांशु शेखर उपाध्याय ने बताया कि ट्रेनों के समय में सुधार लाने के लिए हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। विलंब के कारणों को दूर करने पर जोर दिया जा रहा है।
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उत्तर रेलवे के मुख्य यात्री यातायात प्रबंधक कार्यालय से एक आधिकारिक संदेश जारी किया गया है। यह संदेश ट्रेनों के विलंब पर सख्ती बरतने के संबंध में है। इसके तहत वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक को निर्देश दिए गए हैं। उन्हें विशेष रूप से कई प्रमुख ट्रेनों की समयबद्धता पर नजर रखनी होगी।
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रेलवे ने यह कदम ट्रेनों की लेटलतीफी के कारणों की गहराई से समीक्षा करने के लिए उठाया है। इसका एक मुख्य उद्देश्य ट्रेनों के सही समय पर संचालन के लिए ठोस सुझाव तैयार करना है। यह सुनिश्चित किया जाएगा कि यात्री अपनी यात्रा समय पर पूरी कर सकें। प्रशासन इस दिशा में गंभीरता से काम कर रहा है। इस पहल से यात्रियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
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निगरानी में प्रमुख ट्रेनें
रेलवे द्वारा जारी मॉनिटरिंग सूची में विभिन्न यात्रा तिथियों की कई महत्वपूर्ण मेल और एक्सप्रेस ट्रेनें शामिल हैं। इन ट्रेनों के संचालन पर विशेष निगरानी रखी जा रही है। इसमें 19 अक्तूबर को देरी से चलने वाली ट्रेन संख्या 12217 और 20505 शामिल हैं। इसके अलावा 20 अक्तूबर की ट्रेन संख्या 12557, 12393, 20433, 13151, 22111, 14341, 15273, 14649, 15012 और 15725 भी रडार पर हैं। 21 अक्तूबर को संचालित ट्रेन संख्या 14030, 26406, 20401, 15303, 12411 और 20506 भी इस सूची में हैं।
यात्रियों का दबाव बढ़ता जा रहा
त्योहारों के इस सीजन में घर जाने और वापस लौटने वाले यात्रियों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। ऐसे में ट्रेनों के घंटों देरी से चलने से यात्रियों की परेशानी बढ़ गई है। प्लेटफॉर्म्स पर यात्रियों का दबाव लगातार बढ़ता जा रहा है। इस स्थिति में बच्चों और बुजुर्गों को विशेष रूप से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। उनकी यात्रा असुविधाजनक हो रही है। उत्तर रेलवे प्रवक्ता हिमांशु शेखर उपाध्याय ने बताया कि ट्रेनों के समय में सुधार लाने के लिए हरसंभव कदम उठाए जा रहे हैं। विलंब के कारणों को दूर करने पर जोर दिया जा रहा है।