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Ambala News: दिल्ली नहीं, लालकुर्ती बाजार में बनाया था नकली विजिलेंस अधिकारी ने अपना ठिकाना
Sat, 01 Aug 2026 03:24 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
संवाद न्यूज एजेंसी, अंबाला
Updated Sat, 01 Aug 2026 03:24 AM IST
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अंबाला छावनी के जीआरपी थाने में वॉकी-टॉकी का इस्तेमाल करता आरोपी। जीआरपी
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अंबाला। आरपीएफ और जीआरपी की गिरफ्त में आए नकली विजिलेंस अधिकारी सुधीर कुमार को लेकर चौंकने वाला खुलासा हुआ है। जीआरपी जिस शातिर ठग के दिल्ली स्थित ठिकानों की तलाश में खाक छान रही थी, असल में वह पिछले एक साल से अंबाला छावनी के लालकुर्ती बाजार में छिपकर अपना अड्डा चला रहा था। शुक्रवार को उसके इसी गुप्त ठिकाने पर दी गई दबिश के बाद कई दस्तावेज जब्त किए गए हैं।
लालकुर्ती बाजार से ऑपरेट होता था वसूली का खेल
जांच में सामने आया है कि आरोपी सुधीर कुमार ने लालकुर्ती बाजार में 5,000 रुपये मासिक किराए पर कमरा ले रखा था और इसका किराया एग्रीमेंट भी तैयार करवा रखा था। वह इसी ठिकाने से ट्रेनों में चढ़ता और उतरता था। अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन के इर्द-गिर्द रहकर वह ट्रेनों में औचक निरीक्षण का नाटक करता और टीटीई तथा पैंट्री कार के कर्मचारियों को डरा-धमकाकर अवैध वसूली को अंजाम देता था।
जीआरपी द्वारा आरोपी के ठिकाने की गई तलाशी के दौरान वहां से दो अन्य संदिग्ध पहचान पत्र, बैंक पासबुक और चेकबुक, बच्चों को रेलवे में नौकरी/भर्ती करवाने से जुड़े दस्तावेज व फॉर्म बरामद किए गए हैं।
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दिल्ली तक हाथ-पांव मारने के बाद भी हाथ खाली
गिरफ्तारी के बाद जीआरपी ने आरोपी के कथित दिल्ली ठिकानों पर भी दबिश दी थी, लेकिन जीआरपी को वह शख्स हाथ नहीं लगा, जिसने आरोपी को फर्जी पहचान पत्र (आई-कार्ड) और वॉकी-टॉकी उपलब्ध करवाया था। इस हाई-प्रोफाइल फर्जीवाड़े की जड़ें कहां तक फैली हैं, यह पता लगाने के लिए अब जीआरपी ने उत्तर रेलवे मुख्यालय (बड़ोदा हाउस, नई दिल्ली) को आधिकारिक पत्र भेज दिया है। पुलिस यह खंगालने में जुटी है कि इस गोरखधंधे में कहीं किसी विभागीय रेलवे कर्मचारी की भी संलिप्तता तो नहीं है।
भगोड़ा घोषित है आरोपी, आज होगी कोर्ट में पेशी
गौरतलब है कि आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने 28 जुलाई को ट्रेन नंबर 18238 (छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस) से सुधीर कुमार को दबोचा था। पूछताछ और रिमांड के दौरान यह बात भी सामने आई कि आरोपी के खिलाफ हरियाणा के पानीपत, समालखा सहित अन्य थानों में रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये ठगने के कई मुकदमे दर्ज हैं। इनमें से एक ठगी के मामले में अदालत उसे पहले ही भगोड़ा घोषित कर चुकी है। संवाद
शनिवार को रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी को स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा। आरोपी का रिमांड मांगा जाएगा ताकि अन्य कार्रवाई पूरी हो सके। वहीं नकली पहचान पत्र व बैंक के दस्तावेजों की जांच शुरु कर दी गई है।
हरीश कुमार, प्रभारी, जीआरपी,अंबाला।
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लालकुर्ती बाजार से ऑपरेट होता था वसूली का खेल
जांच में सामने आया है कि आरोपी सुधीर कुमार ने लालकुर्ती बाजार में 5,000 रुपये मासिक किराए पर कमरा ले रखा था और इसका किराया एग्रीमेंट भी तैयार करवा रखा था। वह इसी ठिकाने से ट्रेनों में चढ़ता और उतरता था। अंबाला छावनी रेलवे स्टेशन के इर्द-गिर्द रहकर वह ट्रेनों में औचक निरीक्षण का नाटक करता और टीटीई तथा पैंट्री कार के कर्मचारियों को डरा-धमकाकर अवैध वसूली को अंजाम देता था।
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जीआरपी द्वारा आरोपी के ठिकाने की गई तलाशी के दौरान वहां से दो अन्य संदिग्ध पहचान पत्र, बैंक पासबुक और चेकबुक, बच्चों को रेलवे में नौकरी/भर्ती करवाने से जुड़े दस्तावेज व फॉर्म बरामद किए गए हैं।
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दिल्ली तक हाथ-पांव मारने के बाद भी हाथ खाली
गिरफ्तारी के बाद जीआरपी ने आरोपी के कथित दिल्ली ठिकानों पर भी दबिश दी थी, लेकिन जीआरपी को वह शख्स हाथ नहीं लगा, जिसने आरोपी को फर्जी पहचान पत्र (आई-कार्ड) और वॉकी-टॉकी उपलब्ध करवाया था। इस हाई-प्रोफाइल फर्जीवाड़े की जड़ें कहां तक फैली हैं, यह पता लगाने के लिए अब जीआरपी ने उत्तर रेलवे मुख्यालय (बड़ोदा हाउस, नई दिल्ली) को आधिकारिक पत्र भेज दिया है। पुलिस यह खंगालने में जुटी है कि इस गोरखधंधे में कहीं किसी विभागीय रेलवे कर्मचारी की भी संलिप्तता तो नहीं है।
भगोड़ा घोषित है आरोपी, आज होगी कोर्ट में पेशी
गौरतलब है कि आरपीएफ और जीआरपी की संयुक्त टीम ने 28 जुलाई को ट्रेन नंबर 18238 (छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस) से सुधीर कुमार को दबोचा था। पूछताछ और रिमांड के दौरान यह बात भी सामने आई कि आरोपी के खिलाफ हरियाणा के पानीपत, समालखा सहित अन्य थानों में रेलवे में नौकरी लगवाने के नाम पर लोगों से लाखों रुपये ठगने के कई मुकदमे दर्ज हैं। इनमें से एक ठगी के मामले में अदालत उसे पहले ही भगोड़ा घोषित कर चुकी है। संवाद
शनिवार को रिमांड अवधि पूरी होने के बाद आरोपी को स्थानीय अदालत में पेश किया जाएगा। आरोपी का रिमांड मांगा जाएगा ताकि अन्य कार्रवाई पूरी हो सके। वहीं नकली पहचान पत्र व बैंक के दस्तावेजों की जांच शुरु कर दी गई है।
हरीश कुमार, प्रभारी, जीआरपी,अंबाला।

अंबाला छावनी के जीआरपी थाने में वॉकी-टॉकी का इस्तेमाल करता आरोपी। जीआरपी

अंबाला छावनी के जीआरपी थाने में वॉकी-टॉकी का इस्तेमाल करता आरोपी। जीआरपी

अंबाला छावनी के जीआरपी थाने में वॉकी-टॉकी का इस्तेमाल करता आरोपी। जीआरपी