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Bhiwani News: शीतलहर में बढ़ गई सूखी खांसी, नजला, आंखों में जलन व नाक से पानी बहने की शिकायतें
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मेडिकल कॉलेज में दवाई के लिए लाइन में खड़े मरीज।
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भिवानी। जिले में पिछले कुछ दिनों से शीतलहर का प्रभाव लगातार बढ़ रहा है। मौसम विभाग के अनुसार शनिवार को शहर का अधिकतम तापमान 14 डिग्री व न्यूनतम पारा 4.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। ठिठुरन भरी ठंड और कोहरे के कारण लोगों का स्वास्थ्य प्रभावित हो रहा है। शीतलहर में सूखी खांसी, नजला, आंखों में जलन व नाक से पानी बहने जैसी शिकायतें बढ़ गई हैं। शहर के निजी व सरकारी अस्पतालों में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है।
पंडित नेकीराम शर्मा राजकीय मेडिकल कॉलेज की सामान्य रोग विशेषज्ञ ओपीडी में प्रतिदिन औसतन 350 से 400 मरीज आ रहे हैं, जिनमें अधिकतर मौसमी बीमारियों और खांसी से परेशान हैं। फिजिशियन डॉ. यतिन गुप्ता ने बताया कि ऐसे मौसम में घरों में उचित प्रबंध करने, खान-पान का ध्यान रखने की जरूरत है। सांस व अस्थमा के रोगियों को सुबह व शाम अधिक ठंड में सैर से बचना चाहिए। बीपी व शुगर के मरीज अधिक तैलीय भोजन का सेवन न करें। अगर खांसी दो-तीन दिन तक बनी रहे तो तुरंत नजदीकी चिकित्सक से परामर्श लें।
सूखी खांसी के कारण
वायरल संक्रमण
सामान्य सर्दी या फ्लू
शीतलहर की चपेट में आने से
सूखी खांसी के लक्षण
गले में संक्रमण
आवाज में बदलाव
गले में जलन और खुजली
मौसम में ठंड बढ़ रही है। ऐसे में शरीर की देखभाल आवश्यक है। खान-पान का विशेष ध्यान रखें। खांसी को दवा से ठीक किया जा सकता है। मौसम को देखते हुए अधिक ठंडी खाद्य सामग्री का प्रयोग न करें। अगर खांसी बनी रहे तो तुरंत अपने नजदीकी चिकित्सक से परामर्श करें। - डॉ. यतिन गुप्ता, फिजिशियन, पंडित नेकीराम शर्मा राजकीय मेडिकल कॉलेज, भिवानी
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पंडित नेकीराम शर्मा राजकीय मेडिकल कॉलेज की सामान्य रोग विशेषज्ञ ओपीडी में प्रतिदिन औसतन 350 से 400 मरीज आ रहे हैं, जिनमें अधिकतर मौसमी बीमारियों और खांसी से परेशान हैं। फिजिशियन डॉ. यतिन गुप्ता ने बताया कि ऐसे मौसम में घरों में उचित प्रबंध करने, खान-पान का ध्यान रखने की जरूरत है। सांस व अस्थमा के रोगियों को सुबह व शाम अधिक ठंड में सैर से बचना चाहिए। बीपी व शुगर के मरीज अधिक तैलीय भोजन का सेवन न करें। अगर खांसी दो-तीन दिन तक बनी रहे तो तुरंत नजदीकी चिकित्सक से परामर्श लें।
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सूखी खांसी के कारण
वायरल संक्रमण
सामान्य सर्दी या फ्लू
शीतलहर की चपेट में आने से
सूखी खांसी के लक्षण
गले में संक्रमण
आवाज में बदलाव
गले में जलन और खुजली
मौसम में ठंड बढ़ रही है। ऐसे में शरीर की देखभाल आवश्यक है। खान-पान का विशेष ध्यान रखें। खांसी को दवा से ठीक किया जा सकता है। मौसम को देखते हुए अधिक ठंडी खाद्य सामग्री का प्रयोग न करें। अगर खांसी बनी रहे तो तुरंत अपने नजदीकी चिकित्सक से परामर्श करें। - डॉ. यतिन गुप्ता, फिजिशियन, पंडित नेकीराम शर्मा राजकीय मेडिकल कॉलेज, भिवानी